रबी सीजन में चना किसानों की प्रमुख नकदी फसल है, लेकिन अगर समय पर कीट नियंत्रण न किया जाए, तो मेहनत बेकार हो सकती है. खासकर फली बनने के समय कीटों का हमला पूरी फसल को नुकसान पहुंचा सकता है.
केंद्रीय ग्रामीण विकास और कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेतृत्व पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी द्वारा जारी चिट्ठी झूठ और फरेब से भरी हुई है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी झूठा प्रचार और भ्रम फैलाकर देश को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि सच्चाई यह है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में लाई गई नई ‘विकसित भारत जी-राम-जी (G-RAM-G)’ योजना गरीबों, मजदूरों और गांवों के विकास के लिए एक मजबूत कदम है.
महाराष्ट्र के Jalna जिले से किसानों की बदहाली की एक दर्दनाक तस्वीर सामने आई है. इस वीडियो में आप देखेंगे कैसे एक किसान ने खुद अपने मौसंबी के खेत में JCB चलाकर करीब चार एकड़ में लगे बाग को नष्ट कर दिया. सही बाजार भाव न मिलने से दुखी किसान का कहना है कि मौसंबी की क्वालिटी बेहतरीन होने के बावजूद उसे उचित दाम नहीं मिला. बढ़ती लागत, खाद-दवा और मजदूरी के खर्च के कारण लागत तक नहीं निकल पा रही थी, जिससे वह पूरी तरह टूट गया.
ये वीडियो भारत में Ford ट्रैक्टर की पूरी कहानी बताता है – एक ऐसा ब्रांड जो कभी पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के खेतों में सबसे ज्यादा लोकप्रिय था. Ford 3600 और Ford 5000 जैसे नीले ट्रैक्टर मजबूती, भरोसे और कम में ज्यादा काम करने के लिए मशहूर थे. किसान उन्हें "किसान की मशीन" कहते थे. लेकिन अचानक यह ब्रांड बाजार से गायब हो गया. क्यों? इस वीडियो में जानें.
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा से पहले बिहार का राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग एक्शन मोड में है. सिवान, मुजफ्फरपुर और वैशाली में भूमि से जुड़े मामलों के त्वरित निपटारे के लिए 15 वरिष्ठ अधिकारियों की तैनाती की गई है. लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं.
बिहार सरकार किसानों को आधुनिक और प्राकृतिक खेती से जोड़ने के लिए अंतरराज्यीय प्रशिक्षण एवं परिभ्रमण कार्यक्रम चला रही है. ICAR हजारीबाग और लखनऊ स्थित संस्थानों में किसानों को प्राकृतिक खेती और पुराने फलों के बागों के वैज्ञानिक जीर्णोद्धार की तकनीक सिखाई जा रही है.
फर्रुखाबाद के पुठरी गांव में किसान कारवां का 12वां पड़ाव आयोजित हुआ. कार्यक्रम में किसानों को आलू और मक्का की उन्नत किस्मों, बीज चयन, मिट्टी संरक्षण, प्राकृतिक खेती, नैनो यूरिया और आधुनिक खेती के तरीके बताए गए.
बिहार का मखाना आज ग्लोबल पहचान बना चुका है, लेकिन लाखों किसानों का मक्का MSP से नीचे बिक रहा है. इथेनॉल फैक्ट्रियां बंदी की कगार पर हैं और प्रोसेसिंग यूनिट्स का अभाव है. किसान सवाल पूछ रहे हैं—जब फूड प्रोसेसिंग मंत्रालय बिहार के पास है, तो मक्का अब तक लोकल क्यों है?
फर्रुखाबाद का पुठरी गांव किसान कारवां का 12वां पड़ाव बना. इस कार्यक्रम में किसानों को आलू और मक्का की उन्नत खेती, बीज चयन, मृदा संरक्षण, प्राकृतिक खेती, नैनो यूरिया और आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी दी गई. यह अभियान प्रदेश में आधुनिक और लाभकारी खेती को बढ़ावा दे रहा है.
Cow Care in Disease थिलेरियोसिस एक खतरनाक बीमारी है, अगर वक्त रहते ध्यान नहीं दिया और गाय का इलाज नहीं कराया तो 15-20 दिन में गाय की मौत भी हो सकती है. और ज्यादा परेशान करने वाली बात ये है कि इस बीमारी का गाय के दूध उत्पादन और उसकी ग्रोथ दोनों पर ही असर पड़ता है. लेकिन पशुपालक अगर गाय में दिखने वाले सात लक्षणों पर नजर रखता है तो थिलेरियोसिस का इलाज वक्त रहते शुरू कर काबू पाया जा सकता है.
मीट का एक्सपोर्ट ज्यादातर विकासशील देशों में होता है. FICCI जैसा संगठन भी मीट एक्सपोर्ट के साथ ट्रेसबिलिटी सिस्टम को जोड़ने की सिफारिश कर चुका है. ऐसा करने से मीट एक्सपोर्ट का आंकड़ा और बढ़ जाएगा. भारत में पोल्ट्री समेत मीट का प्रोडक्शन एक करोड़ टन से ज्यादा है. देश में भैंसों की संख्या भी 11 करोड़ से ज्यादा है.
न्यूजीलैंड से सेब आयात पर ड्यूटी 50% से घटाकर 25% किए जाने के विरोध में हिमाचल किसान मंच और सेब बागवानों ने शिमला में राज्य सचिवालय का घेराव किया. किसानों ने FRA लागू करने समेत 14 सूत्रीय मांगों के साथ चक्का जाम कर केंद्र और राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया.
भारत के गांवों और शहरों में अधिकतर पशु खुले में चरते हैं. इस दौरान सबसे बड़ी समस्या यह आती है कि वे अनजाने में घास के साथ लोहे की कीलें, तार या नुकीली चीजें निगल लेते हैं, जिससे उनके पेट में जख्म हो जाते हैं और उनकी मौत तक हो जाती है. साथ ही, खुले मैदानों में जहरीले सांपों का डर और पशुओं के खो जाने की चिंता हमेशा बनी रहती है. इन गंभीर समस्याओं को देखते हुए तमिलनाडु के एक किसान ने मात्र 78 रुपये में 'मैग्नेटिक बेल कॉलर' बनाया है.
उदयपुरा विधानसभा क्षेत्र की उटिया कला पंचायत में एक बड़ा घोटाला सामने आया है. कागजों पर छह तालाब बनाने का दावा किया गया था, लेकिन ज़मीन पर कोई तालाब नहीं है. पंचायत दर्पण पोर्टल पर लाखों रुपये निकालने की जानकारी दिख रही है, जबकि असलियत यह है कि कुछ भी नहीं बनाया गया. किसानों ने भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है और जांच की मांग की है.
कॉटन कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (CCI) ने मौजूदा सीजन के कपास की बिक्री शुरू कर दी है, जिसके साथ ही कीमतें 56,000 रुपये प्रति कैंडी के पार पहुंच गईं. बाजार उम्मीद से ऊंचे दाम, बढ़ा फसल अनुमान और रिकॉर्ड इंपोर्ट पर ट्रेड की नजर बनी हुई है.
पंजाब और हरियाणा में मंगलवार को ठंडी सर्दी का असर जारी रहा. अमृतसर सबसे ठंडा शहर रहा, जहां न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. चंडीगढ़ में 6 डिग्री सेल्सियस रहा. पठानकोट, लुधियाना, पटियाला, भिवानी और हिसार जैसे शहरों में भी ठंड महसूस की गई. मौसम विभाग ने लोगों को सुबह और रात में गर्म कपड़े पहनने की सलाह दी है.
Goat Lamb Care बकरी पालन में बच्चों की देखभाल से जुड़े एक्सपर्ट टिप्स का पालन किया जाए तो बच्चों की मृत्यु दर को कम किया जा सकता है. अगर एनिमल एक्सपर्ट के बताए उपायों पर ध्यान देकर बकरी के बच्चों की देखभाल की गई तो आप बकरी के बाड़े में ना सिर्फ मृत्यु दर को कम कर लेंगे बल्कि पूरी तरह से रोक भी सकते हैं.
ISMA के मुताबिक 15 जनवरी 2026 तक देश में चीनी उत्पादन 159.09 लाख टन पहुंच गया, जो सालाना आधार पर 22% ज्यादा है. गन्ने की कीमतों में बढ़ोतरी और गिरती एक्स-मिल कीमतों के चलते मिलों पर दबाव बढ़ा, ISMA ने चीनी MSP बढ़ाने की मांग की.
आम के बागों में जनवरी-फरवरी का समय बेहद नाजुक होता है और यदि इस दौरान सही प्रबंधन न किया जाए, तो पूरे साल की मेहनत बेकार हो सकती है. इस समय की सबसे बड़ी लापरवाही संतुलित पोषण और कीट नियंत्रण की कमी है. आप समय पर दवाओं का छिड़काव नहीं करते, तो कोहरे और नमी के कारण 'पाउडरी मिल्ड्यू' जैसी बीमारियां और 'भुनगा' जैसे कीट पूरे मंजर को काला कर सुखा देते हैं.
तुलसी के पत्तों में अद्भुत औषधीय शक्ति होती है. रोज सुबह 4–5 तुलसी के पत्ते खाने से इम्यूनिटी बढ़ती है, पेट स्वस्थ रहता है, ब्लड शुगर कंट्रोल रहता है, तनाव कम होता है और नींद अच्छी आती है. 14 दिनों के नियमित सेवन से शरीर अंदर से मजबूत बनता है और कई पुरानी बीमारियों से राहत मिलती है.
Dairy Biosecurity पशुओं की सेहत और दूध की शुद्धता को बनाए रखने के लिए गौशाला में कचरे का निपटारा करना हुत जरूरी होता है. सफाई होने से कूड़ा-करकट बीमारी की वजह भी नहीं बनता है. इतना ही नहीं फार्म से निकलने वाले गोबर को एक अच्छी खाद के रूप में चारे और दूसरे फसलों के लिए स्टोर किया जा सकता है. वहीं गोबर की खाद से किसान बायो गैस के रूप में एक्सट्रा कमाई भी कर सकते हैं.
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