बिहार के पटना में “बिहार नर्सरी और ग्रीन-टेक कॉन्क्लेव 2026” की शुरुआत हुई. इस मौके पर राज्य के कृषि मंत्री राम कृपाल यादव ने कहा कि यह कॉन्क्लेव बिहार की खेती को एक नई दिशा देने वाला है. उन्होंने बताया कि पहले खेती पारंपरिक तरीके से होती थी, लेकिन अब समय बदल गया है और खेती में तकनीक का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है.
Maharashtra के अंबाजो-गाई शहर के पास रहने वाले एक छोटे Farmer ने अपनी मेहनत और सटीक योजना से सफलता की नई इबारत लिख दी. बालासाहेब चोपणे नाम के इस किसान ने अपनी मात्र 4 गुंठा यानी करीब 4,000 वर्ग फुट जमीन में पुदीने (Mint) की ऐसी खेती की कि पिछले 5 सालों में 5 लाख रुपये से अधिक की कमाई की है.
Bihar के मुख्यमंत्री Nitish Kumar, समृद्धि यात्रा के दौरान गया जिला के फतेपुर प्रखंड के मायापुर गांव पहुंचे थे. यहां उन्होंने एक जनसभा को संबोधित किया. इस सभा में भारी संख्या में महिला और पुरुष पहुंचे थे. मगर जैसे ही बिहार के मुख्यमंत्री सभास्थल से बाहर निकले, वैसे ही वहां मौजूद सारी भीड़ सभा स्थल के बगल के खेत में घुस गई.
साल 2026 के बजट को हर वर्ग की जरूरतों और अपेक्षाओं के अनुसार तैयार करने के लिए दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने हाल ही में दिल्ली सचिवालय में गिग वर्कर्स, किसानों, ग्रामीणों के साथ बैठक की. इस दौरान दिल्ली देहात से भी कई किसान मीटिंग में मौजूद रहे.
मुजफ्फरपुर जिले में शुक्रवार से हो रही लगातार बारिश, तेज आंधी और ओलावृष्टि ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है. इस बेमौसम बारिश में गेहूं, आलू और लीची की फसल को भारी नुकसान हुआ है.
पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध का असर अब कपड़ा उद्योग पर भी साफ दिखने लगा है. कच्चे तेल के महंगा होने के कुछ ही दिनों में पॉलिएस्टर फाइबर की कीमतों में 10 से 25 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है. इसका सीधा फायदा कपास किसानों को मिल सकता है.
देश के कई राज्यों में बुधवार को मौसम में अचानक बदलाव हुआ और तेज हवा, बारिश, ओलावृष्टि देखने को मिली. इस अचानक बदले बेमौसम और ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है. हरियाणा के रेवाड़ी में जमकर हुई बरसात के कारण किसानों की चिंताएं बढ़ गई हैं.
Pulses Price: देशभर में 1 से 19 मार्च के बीच बड़ी संख्या में मंडियों में चना, तुअर, मूंग और अन्य दालों के दाम MSP से नीचे दर्ज किए गए. कुछ चुनिंदा बाजारों को छोड़ दें तो किसानों को घोषित समर्थन मूल्य का लाभ नहीं मिल पाया, जिससे उनकी आय पर सीधा असर पड़ रहा है.
19 मार्च को Ramlila Maidan में किसान महापंचायत आयोजित हुई, जिसमें देशभर के किसान MSP गारंटी कानून की मांग को लेकर एकजुट हुए. किसानों ने United States के साथ हुए व्यापार समझौते से कृषि को बाहर रखने की मांग की.
यूपी के बागवानी मंत्री ने बताया कि अमोनिया गैस की सप्लाई रुकने से कोल्ड स्टोरेज में रखा आलू संकट में आ गया था. केंद्र सरकार के हस्तक्षेप के बाद गैस आपूर्ति बहाल कर दी गई है, जिससे किसानों और स्टोरेज संचालकों को राहत मिली है.
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आज अपने कार्यकाल का चौथा बजट पेश किया है. इसमें कृषि, ग्रामीण विकास और महिलाओं पर विशेष जोर दिया गया है. सरकार ने कई नई योजनाओं की घोषणा के साथ पहले से चल रही योजनाओं को भी विस्तार देने का ऐलान किया है.
उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए ढैंचा बीज का समय पर न मिलना एक बड़ी समस्या बन गया है. रायबरेली से सहारनपुर से लेकर बलिया तक के किसानों का कहना है कि धान की रोपाई जून-जुलाई में शुरू होती है, लेकिन ढैंचा का बीज मई के अंत या जून में मिलता है. ढैंचा को हरी खाद के रूप में तैयार होने के लिए 50-60 दिन चाहिए, इसलिए देरी से बीज मिलने पर किसान इसका लाभ नहीं ले पाते.
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के एक गांव में करीब एक एकड़ ज़मीन पर अफीम की अवैध खेती का मामला सामने आया है. उन्होंने बताया कि एक गुप्त सूचना पर कार्रवाई करते हुए पुलिस की एक टीम मौके पर पहुंची.
उत्तर प्रदेश में प्रदूषण कम करने के लिए केंद्र, राज्य सरकार और वर्ल्ड बैंक के बीच बड़ा समझौता हुआ है, जिसमें खेती, ट्रांसपोर्ट और उद्योग में बदलाव की तैयारी है. योजना के तहत किसानों को खाद के सही उपयोग, साफ ईंधन और नई तकनीकों पर जोर दिया जाएगा.
CM मान ने कहा कि खेती से होने वाली आमदनी घट रही है और फसलों की पैदावार एक ठहराव पर पहुंच गई है, इसलिए पैदावार बढ़ाने और प्राकृतिक संसाधनों पर दबाव कम करने के लिए AI-आधारित तकनीकों को अपनाना जरूरी है.
मराठवाड़ा में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से हालात बिगड़ गए हैं, जहां 533 गांवों में बड़े पैमाने पर फसल नुकसान दर्ज किया गया है. 11,572 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित हुआ है और हजारों किसान आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं.
सागर जिले में अचानक बदले मौसम ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है. स्थानीय किसानों का कहना है कि इस बेमौसम बारिश ने उनकी सालभर की मेहनत बर्बाद कर दी है. कई किसान अब प्रशासन से फसल सर्वे और उचित मुआवजे की मांग कर रहे हैं.
सहारनपुर में तेज हवा और लगातार बारिश ने गेहूं की खड़ी फसल को गिरा दिया है. कई जगहों पर तैयार फसल जमीन पर बिछ गई है, जिससे उत्पादन और गुणवत्ता पर असर पड़ने की आशंका है. किसानों का कहना है कि गिरने से पैदावार आधी रह सकती है और आर्थिक नुकसान बढ़ेगा.
Milk Supply जब बिजली व्यवस्था और ट्रांसपोर्टशन प्रभावित होता है तो शहरों में जरूरत की रोजमर्रा वाली चीजों की सबसे पहले सप्लाई बाधित होने लगती है. लेकिन ऐसे हालात यानि इमरजेंसी से निपटने के लिए सभी कारोबारी सेक्टर के पास अपना इमरजेंसी प्लान होता है. अगर विश्व के मौजूदा हालात के चलते तेल-गैस की सप्लाई पर असर पड़ता है तो हालात यानि इमरजेंसी से निपटने के लिए डेयरी सेक्टर के पास अपना इमरजेंसी प्लान होता है.
Gujarat Crop Damage: तेज आंधी और बारिश ने गुजरात के कई इलाकों में खेती को प्रभावित किया है. आम के बागों में बड़ी मात्रा में फल गिर गए हैं और खेतों में पड़ी रबी फसलें भी बर्बाद हुई हैं. उत्पादन घटने और आर्थिक नुकसान से किसान चिंतित हैं.
उत्तरी भारत के लोगों को आज से शुरू होने वाले अगले तीन दिनों में भीषण गर्मी से राहत मिलने की संभावना है. मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण आसमान में बादल छाए रहेंगे. इसके परिणामस्वरूप, दिल्ली-NCR, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित कई राज्यों में 20-22 मार्च तक हल्की से मध्यम बारिश के साथ-साथ गरज, धूल भरी आंधी और बिजली गिरने की घटनाएं हो सकती हैं. बादलों और हवाओं की मौजूदगी के कारण दिन और रात, दोनों के तापमान में गिरावट आएगी, जिससे गर्मी का एहसास कम होगा.
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