अंडा प्रोटीन और कई जरूरी पोषक तत्वों का अच्छा स्रोत है. इसी के महत्व के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए हर साल अक्टूबर के दूसरे शुक्रवार को विश्व अंडा दिवस मनाया जाता है. आइए जानते हैं इसका महत्व और इतिहास.
पंजाब के फिरोजपुर में फूड सेफ्टी इंस्पेक्टर अभिनव खोसला के निलंबन के विरोध में किसान संगठनों और पब्लिक एनजीओ ने फिरोजपुर-लुधियाना हाईवे जाम कर दिया. प्रदर्शनकारियों ने निलंबन रद्द कर उन्हें दोबारा फिरोजपुर में तैनात करने की मांग की.
दक्षिण-पश्चिम मानसून अगले 2-3 दिनों में महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, तेलंगाना और उत्तर आंतरिक कर्नाटक के कुछ और हिस्सों से विदा हो सकता है. मौसम विभाग के अनुसार, 9 अक्टूबर को उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल और सिक्किम और 9-10 अक्टूबर के दौरान केरल, माहे, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में भारी बारिश हो सकती है.
9 अक्टूबर को उत्तर से दक्षिण तक कई राज्यों में बारिश का दौर जारी रहेगा. IMD ने उत्तराखंड और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. केरल, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में भी भारी बारिश की संभावना है. जानिए देशभर के मौसम का ताजा अपडेट...
कर्नाटक सरकार ने सूखा प्रभावित किसानों के लिए 1,250 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी की है. पात्र किसानों को 2,500 रुपये की इनपुट सब्सिडी सीधे बैंक खाते में दी जाएगी.
महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले में सूखे जैसे हालात के बीच खरीफ फसलों की वास्तविक पैदावार का आकलन तेज कर दिया गया है. नांदेड़ तहसील में अब तक 25 फीसदी फसल कटाई प्रयोग पूरे हो चुके हैं. इन आंकड़ों के आधार पर किसानों के फसल बीमा दावों और बीमा लाभ की पात्रता तय की जाएगी.
महाराष्ट्र के ढोंडलगांव में कभी मॉनसून के बाद पानी के टैंकर मंगाने पड़ते थे. नाना पाटेकर और मकरंद अनासपुरे की नाम फाउंडेशन की जल संरक्षण पहल से 12 बैराजों की गाद हटाई गई और करीब 20 करोड़ लीटर पानी जमा करने की क्षमता तैयार हुई.
गाजर घास यानी चटक चांदनी, कांग्रेस घास या मैक्सिकन घास आज किसानों के लिए बड़ी चुनौती बन चुकी है. 1950 के दशक में मेक्सिको से भारत आई यह खरपतवार अब देश में करीब 35 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में फैल चुकी है. ज्वार की फसल में इससे 80 से 90 फीसदी तक उत्पादन नुकसान होने का दावा किया जाता है, जबकि धान में नुकसान 30 से 40 फीसदी तक पहुंच सकता है.
महाराष्ट्र के बीड की राजश्री परदेशी के परिवार पर करीब 10 साल पहले संकट आया तो नाना पाटेकर की नाम फाउंडेशन से मिली सिलाई मशीन उनका सहारा बनी. आज वह सिलाई कर हर महीने करीब 10 हजार रुपये कमा रही हैं.
महाराष्ट्र में इस वक्त हालात बेहद मुश्किल हैं. कई इलाकों में पानी की कमी से किसान परेशान हैं, तो खेतों में पानी और चारे की दिक्कत से पशुओं के लिए भी संकट बढ़ रहा है..ऐसे समय में नाना पाटेकर की किसानों को लेकर कही गई वो बातें याद आती हैं, जिसमें उन्होंने किसान की मजबूरी और उसके दर्द को खुलकर बयां किया था.
WMO की 2025 की रिपोर्ट ने दुनिया में बढ़ते जल संकट को लेकर चेतावनी दी है. कई नदियों में पानी का बहाव सामान्य से कम रहा, जबकि ग्लेशियर तेजी से पिघल रहे हैं और भूजल घट रहा है. भारत समेत एशिया में बाढ़, सूखा और पानी की कमी का खतरा बढ़ रहा है. ऐसे में जल संरक्षण जरूरी है.
WMO ने अक्टूबर-दिसंबर 2026 के दौरान अल नीनो के और मजबूत होने का अनुमान जताया है. भारत में सामान्य से कम बारिश के संकेत हैं, जबकि दिसंबर के आसपास अल नीनो चरम पर पहुंच सकता है.
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में आंधी और तेज बारिश ने किसानों की पकी धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है. कई खेतों में धान की फसल पानी में डूब गई है, जिसके बाद किसान पानी में उतरकर किसी तरह फसल बचाने में जुटे हैं.
महाराष्ट्र के जालना में सूखे और जल संकट की स्थिति गंभीर हो गई है. धामणा बांध में महज 2 फीसदी जलसाठा (स्टॉक) बचने के बाद पानी की चोरी और अवैध निकासी रोकने के लिए पुलिस और राजस्व विभाग की टीम दिन-रात गश्त कर रही है. वहीं गल्हाटी मध्यम प्रकल्प पूरी तरह सूख चुका है.
उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर की किच्छा अनाज मंडी में अचानक हुई बारिश से खुले में रखा किसानों का हजारों क्विंटल धान भीग गया. किसान पहले ही खेती की बढ़ती लागत और कर्ज के दबाव से परेशान हैं. अब बारिश से फसल खराब होने के खतरे ने उनकी चिंता और बढ़ा दी है.
महाराष्ट्र में गंभीर सूखे के बीच मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर विशेष केंद्रीय आर्थिक सहायता की मांग की. फडणवीस के अनुसार, राज्य के 32 जिलों में सूखे का असर है और 358 में से 265 तालुका प्रभावित हैं. केंद्र की टीम 8 से 11 अक्टूबर तक स्थिति का जमीनी आकलन करेगी.
महाराष्ट्र के नांदेड़ में सूखे के कारण चारे की संभावित कमी को देखते हुए प्रशासन ने पशुओं के काम आने वाले फसल अवशेषों (पराली) की बड़े पैमाने पर खरीद, ढुलाई और गैर-जरूरी औद्योगिक इस्तेमाल पर रोक लगा दी है. साथ ही उपलब्ध पानी के सही इस्तेमाल और पेयजल को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं.
HTBt कपास की व्यावसायिक खेती को मंजूरी देने की मांग तेज हो गई है. FSII और NSAI के मुताबिक, खरीफ 2025-26 में 65-72 लाख एकड़ में अनधिकृत HTBt कपास उगाई गई. संगठनों ने 1,500 करोड़ रुपये के अनौपचारिक बीज बाजार का दावा किया है. उनका कहना है कि नई तकनीक से कपास उत्पादन और किसानों की आय बढ़ाने में मदद मिल सकती है.
वैश्विक खाद्य बाजार में बढ़ती अनिश्चितता के बीच भारत के पास गेहूं और चावल का मजबूत भंडार है. 1 जुलाई 2026 तक सेंट्रल पूल में 925.85 लाख मीट्रिक टन अनाज था, जो निर्धारित स्टॉकिंग नॉर्म 411.20 लाख मीट्रिक टन से दो गुना से भी ज्यादा है.
दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन से बॉलीवुड और मराठी सिनेमा में शोक की लहर है. दमदार एक्टिंग के लिए मशहूर नाना पाटेकर का किसानों से भी गहरा जुड़ाव था. वह खुद खेती करते थे और अपनी फसल से होने वाली कमाई जरूरतमंद किसानों की मदद में लगा देते थे.
नाना पाटेकर ने सिनेमा के साथ सामाजिक क्षेत्र में भी अपनी अलग पहचान बनाई. 2015 में मकरंद अनासपुरे के साथ शुरू किए ‘नाम फाउंडेशन’ ने महाराष्ट्र के सूखा प्रभावित इलाकों में जल संरक्षण, किसान परिवारों की मदद, बच्चों की शिक्षा और ग्रामीण विकास पर काम किया.
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