पूसा कृषि विज्ञान मेले में केंद्रीय कृषि मंत्री ने साफ कहा कि अब किसान का पैसा रोकने की आदत नहीं चलेगी. एमएसपी, केसीसी, केवीके और खाद सब्सिडी तक हर व्यवस्था में समयबद्धता और जवाबदेही तय होगी. किसान केंद्र में होगा और सिस्टम को उसी हिसाब से बदला जाएगा.
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने संकेत दिए हैं कि खाद सब्सिडी सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजने की दिशा में सरकार जल्द बड़ा कदम उठा सकती है. IARI किसान मेले में उन्होंने बताया कि वर्तमान में 1.70 लाख करोड़ रुपये से अधिक की सब्सिडी कंपनियों को दी जाती है, जिसे किसानों को डायरेक्ट बेनिफिट के रूप में देने की संभावना पर काम चल रहा है. मंत्री ने अधिकारियों को इस बदलाव के लिए सिस्टम तैयार करने के निर्देश भी दिए.
कर्नाटक सरकार ने 2025-26 सीजन के लिए गन्ना किसानों को 300 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता जारी की है. इस योजना के तहत किसानों के बैंक खातों में 50 रुपये प्रति टन सीधे जमा किए जाएंगे. यह राशि FRP के अलावा मिलने वाले 100 रुपये प्रति टन अतिरिक्त भुगतान का हिस्सा है, जिसमें 50 रुपये सरकार और 50 रुपये चीनी मिलें देंगी. राज्य में अब तक 521 लाख मीट्रिक टन गन्ने की पेराई हो चुकी है और सीजन के अंत तक 600 लाख मीट्रिक टन पेराई होने का अनुमान है.
हरदोई के संडीला ब्लॉक के सरवा गांव में ‘किसान कारवां’ के 30वें पड़ाव पर किसानों की बड़ी भागीदारी देखने को मिली. कार्यक्रम में खेती, पशुपालन, प्राकृतिक कृषि, नैनो उर्वरक और सरकारी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा हुई. अधिकारियों और वैज्ञानिकों से संवाद के दौरान किसानों ने अपनी समस्याएं रखीं, जिनके समाधान भी बताए गए. लकी ड्रॉ और सम्मान समारोह ने आयोजन को खास बना दिया.
CM Yogi In Japan: मिंडा कारपोरेशन, जो स्पार्क मिंडा समूह का हिस्सा है, ऑटोमोटिव कंपोनेंट निर्माण में अग्रणी भारतीय कंपनी है. यह मैक्ट्रॉनिक्स, वायरिंग हार्नेस, प्लास्टिक इंटीरियर, सेंसर और ईवी समाधान उपलब्ध कराती है. जापान एविएशन इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री जिसे (JAE) के नाम से जाना जाता है.
गर्मी की शुरुआत के साथ लीची के पेड़ों पर मंजर आने लगे हैं, लेकिन इस समय स्टिंक बग का खतरा तेजी से बढ़ जाता है. मौसम में अचानक बदलाव के कारण ये कीट फूलों पर हमला कर देते हैं, जिससे मंजर झड़ने और फल उत्पादन में भारी कमी आ सकती है. इसलिए विशेषज्ञों ने किसानों को लीची के बागानों की विशेष देखभाल और नियमित निगरानी की सलाह दी है.
मौसम में अचानक बदलाव, तापमान में उतार-चढ़ाव और बढ़ी हुई नमी के बीच कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को गेहूं और सरसों की फसलों पर कड़ी निगरानी रखने की सलाह दी है. विशेषज्ञों के अनुसार इस मौसम में फंगल और वायरल बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. गेहूं में पीला रतुआ, लीफ ब्लाइट और पाउडरी मिल्ड्यू के लक्षणों को पहचानकर समय पर उपचार करना बेहद जरूरी है.
महाराष्ट्र के हिंगोली जिले में बेमौसम बारिश और तेज तूफान से सैकड़ों हेक्टेयर में खड़ी गेहूं की फसल जमीन पर गिर गई. कई किसानों की 80 से 90 प्रतिशत फसल नष्ट हो गई है. पहले ही सोयाबीन की फसल खराब हो चुकी थी, ऐसे में अब गेहूं की बर्बादी ने किसानों के सामने परिवार के गुजर–बसर का गंभीर संकट खड़ा कर दिया है.
नई दिल्ली के पूसा परिसर में 25 से 27 फरवरी 2026 तक पूसा कृषि मेला आयोजित किया जा रहा है, जिसका उद्घाटन केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया. इस मेले में किसानों, कृषि वैज्ञानिकों और एग्री-उद्यमियों ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया. कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने बताया कि पिछले 10 वर्षों में देश में खाद्यान्न उत्पादन में 34% की बढ़ोतरी हुई है.
Buffalo Care in Summer एनिमल एक्सपर्ट की मानें तो कई बार ऐसा होता है कि पशुओं के शरीर से गर्मी नहीं निकलती है और पशु को प्रसव में परेशानी होने लगती है. जब भैंस के शरीर में गर्मी अधिक बढ़ जाती है, तो इसकी वजह से एस्ट्रोजन हार्मोन में कमी आ जाती है. जिसके कारण पशुओं के हीट में आने के लक्षणों का पता नहीं चल पाता और पशु के शरीर में गर्मी अधिक बढ़ने की वजह से गर्भ भी नहीं ठहरता.
ISMA ने 2025–26 शुगर सीजन का तीसरा अनुमान जारी करते हुए बताया कि देश का ग्रॉस चीनी उत्पादन 324 लाख टन और नेट उत्पादन 293 लाख टन हो सकता है, जो पिछले साल से 12% अधिक है. यूपी में वैरायटी बदलाव के कारण पैदावार कम बताई गई है, जबकि महाराष्ट्र और कर्नाटक में शुरुआती पैदावार उम्मीद से कम रहने के पीछे मौसम और गन्ने में जल्दी फूल आने को कारण माना गया है.
नागपुर में पेशी से जुड़े समन अचानक रद्द होने के बाद भी यात्रा खर्च न मिलने से तमिलनाडु के किसानों का गुस्सा फूट पड़ा. तिरुचिरापल्ली रेलवे जंक्शन पर किसानों ने धरना देकर प्रशासन पर लापरवाही और बार-बार अपमानित करने का आरोप लगाया.
महाराष्ट्र के मलाड में दो फल विक्रेता फलों पर चूहे मारने की जहरीली दवा लगाते हुए पकड़े गए. शिकायत के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया और दुकान सील कर दी. डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि ऐसी जहरीली दवा धोने के बाद भी फल के अंदर पहुंच सकती है, जो गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकती है और बच्चों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है.
हरदोई के सरवा गांव में ‘किसान तक’ का 30वां पड़ाव संपन्न हुआ. किसानों ने आधुनिक खेती, नैनो यूरिया, प्राकृतिक खेती, फसल विविधीकरण और पशुपालन से आय बढ़ाने की जानकारियां हासिल कीं. कृषि विभाग, पशुपालन विभाग और प्रगतिशील किसानों ने सक्रिय भागीदारी निभाई. लकी ड्रॉ में किसानों को पुरस्कार भी प्रदान किए गए. यह कारवां किसानों को आय बढ़ाने और सुरक्षित खेती से जोड़ता है.
Animal Care in Summer पैरासाइट पशुओं के खून में चिचड़ियों के माध्यम से प्रवेश करते हैं और रक्त में जाकर लाल रक्त कोशिकाओं में अपनी संख्या बढ़ाने लगते है. इसी वजह से शरीर का हीमोग्लोबिन पेशाब के साथ बाहर निकलने लगता है. एक्सपर्ट के मुताबिक पालतू पशुओं के स्वास्थ्य को प्रभावित करने वाले मुख्य ब्लड पैरासाइट बबेसियोसिस और चिलेरियोसिस होते हैं.
सरकार ने स्पष्ट किया है कि RoDTEP स्कीम में कम रेट का नियम कृषि और प्रोसेस्ड फूड उत्पादों पर लागू नहीं होगा. DGFT द्वारा प्याज के निर्यात कंसेशन में 50% कटौती के बाद उठे विरोध के चलते सरकार ने प्याज समेत सभी कृषि उत्पादों को इस कटौती से बाहर रखा है. अब प्याज का निर्यात पहले की तरह ही सब्सिडी और रियायतों के साथ जारी रहेगा.
महाराष्ट्र के पूर्वी विदर्भ में बेमौसम बारिश से प्रभावित धान किसानों को प्रति हेक्टेयर 20,000 रुपये की सब्सिडी देने का प्रस्ताव जल्द कैबिनेट में रखा जाएगा. सरकार ने आश्वासन दिया है कि प्रक्रिया पूरी होने के बाद राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजी जाएगी. इससे हजारों किसानों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है.
मराठवाड़ा में अचानक बदले मौसम ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है. बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से सैकड़ों गांव प्रभावित हुए हैं. हजारों किसान नुकसान की मार झेल रहे हैं, वहीं आकाशीय बिजली गिरने से जान-माल का भी नुकसान हुआ है. प्रशासन ने प्राथमिक रिपोर्ट तैयार कर ली है.
Seafood Export केन्द्र सरकार ने मछुआरों को स्पेशल इकोनॉमिक जोन (एसईजेड) और गहरे समुद्र में मछली पकड़ने की सुविधा देने के लिए राष्ट्रीय पास की आनलाइन सुविधा शुरू की है. राष्ट्रीय पास पूरी तरह से फ्री बनेगा. हाल ही में केन्द्रीय मत्स्य और पशुपालन मंत्री राजीव रंजन ने मुम्बई में हुए एक कार्यक्रम के दौरान इसकी शुरआत की है.
गेहूं के निर्यात को लेकर केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. DGFT के अनुसार, निर्यात पर लगी रोक बरकरार रहेगी, लेकिन 25 लाख टन गेहूं विदेश भेजने की अनुमति दी गई है. हालांकि, व्यापारी निर्यात के लिए पूरी तरह मुक्त रूप से फैसला नहीं ले सकेंगे.
राजस्थान सरकार ने तारबंदी के नियमों में ढील देकर किसानों का खर्च कम करने का बड़ा फैसला लिया है. अब 10 फीट की जगह 15 फीट पर पोल लगाने, 6 की जगह 5 तार मान्य करने, सपोर्ट पोल और फाउंडेशन की अनिवार्यता में छूट जैसी बदलाव किए गए हैं. इन संशोधनों से किसानों की तारबंदी लागत में कमी आएगी और राज्य की फसल सुरक्षा योजना अधिक प्रभावी होगी.
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