क्या इतिहास खुद को दोहराने वाला है? 140 साल बाद दुनिया पर एक बार फिर सबसे भीषण 'सुपर अल-नीनो' (Super El-Nino) का खतरा मंडरा रहा है. साल 1877 में इसी मौसम चक्र ने पृथ्वी की 4 फीसदी आबादी को खत्म कर दिया था, और अब वैज्ञानिकों ने 2026-27 के लिए वैसी ही चेतावनी जारी की है.
हरियाणा में गेहूं खरीद के दौरान किसानों की परेशानियों को लेकर सियासत तेज हो गई है. INLD अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने विशेष सत्र पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को विपक्ष नहीं, बल्कि किसानों की समस्याओं पर चर्चा करनी चाहिए थी. मंडियों में नई शर्तों से किसानों की मुश्किलें बढ़ने का आरोप लगाया गया है.
मध्य प्रदेश के सागर जिले में एक किसान ने आरोप लगाया है कि उसकी 34 एकड़ गेहूं और चना की फसल रातों-रात काटकर चोरी कर ली गई. मामले में पड़ोसी पर शक जताया गया है और प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है.
गाजर घास किसानों की फसल का दुश्मन है. जहां इंसानों की भी पहुंच नहीं है वहां तक इसकी पहुंच हो चुकी है. अब इसके खात्मे में के लिए जबलपुर स्थित खरपतवार अनुसंधान निदेशालय ने एक कीट की खोज की है जिससे इसका नियंत्रण आसानी से होगा.
भारत में इथेनॉल उत्पादन बढ़ने से मक्के की घरेलू मांग तेज हो गई है, जिसके कारण निर्यात घट रहा है. इस बदलाव से बांग्लादेश जैसे देशों पर असर पड़ा है और ब्राजील नया बड़ा सप्लायर बनकर उभरा है.
गार्डनिंग और सब्जियों की खेती की बढ़ती हुई डिमांड को देखते हुए राष्ट्रीय बीज निगम किसानों की सुविधा के लिए ऑनलाइन 'कैलिफोर्निया वंडर' शिमला मिर्च के बीज बेच रहा है. इस बीच को आप ओएनडीसी के ऑनलाइन स्टोर से खरीद सकते हैं.
जालना जिले में शॉर्ट सर्किट और बिजली के तारों में स्पार्किंग के कारण खेतों में आग लगने की दो बड़ी घटनाएं सामने आई हैं. इन हादसों में किसानों की फसल जलकर राख हो गई, जिसके बाद किसानों ने प्रशासन से पंचनामा कर आर्थिक मदद की मांग की है.
कृषि क्षेत्र में डेयरी सेक्टर का योगदान 24 फीसद है, जिसकी वैल्यू करीब 10 लाख करोड़ रुपये है. और दुनिया के दूसरे देशों के मुकाबले ये सबसे ज्यादा है. अच्छी बात ये है कि देश के वेटरिनेरियन प्रति पशु दूध उत्पादन बढ़ाने पर लगातार काम कर रहे हैं. उत्पादन पर असर डालने वाली बीमारियों को कंट्रोल करने के लिए पशुपालकों को जागरुक करने का काम भी कर रहे हैं.
24 अप्रैल के मौसम को लेकर IMD ने बड़ा अलर्ट जारी किया है. देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी का असर देखने को मिलेगा, वहीं कुछ जगहों पर ओलावृष्टि, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई गई है. साथ ही उमस भरे मौसम से लोगों को परेशानी हो सकती है.
गुजरात के जूनागढ़ जिले में आम के सीजन ने अब जोर पकड़ ली है.फल बाजारों में आम की आवक लगातार बढ़ रही है,जिससे मंडियों में रौनक देखने को मिल रही है. बतादें कि Junagadh Marketing Yard में रोजाना करीब 7 से 10 हजार बॉक्स आम पहुंच रहे हैं.
24 अप्रैल के मौसम को लेकर IMD ने बड़ा अलर्ट जारी किया है. देश के कई हिस्सों में भीषण गर्मी का असर देखने को मिलेगा, वहीं कुछ जगहों पर ओलावृष्टि, गरज-चमक और बारिश की संभावना जताई गई है. साथ ही उमस भरे मौसम से लोगों को परेशानी हो सकती है.
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