Biogas Plant वाराणसी दुग्ध संघ का प्लांट रोजाना 50 पैसे किलो गोबर खरीद रहा है. हर महीने ढाई से तीन करोड़ रुपये का गोबर खरीदा जा रहा है. गोबर गैस प्लांट थर्मल और इलेक्ट्रिक दोनों ही जरूरतों को पूरा कर रहा है. प्लांट की एनर्जी जरूरत को गोबर से पूरा करने पर प्लांट को एक लीटर मिल्क प्रोसेसिंग पर 50 पैसे की बचत हो रही है.
सोनभद्र जिले में आयोजित किसान कारवां कार्यक्रम में केवल कृषि वैज्ञानिक और अधिकारी ही शामिल नहीं रहे, बल्कि उर्वरक क्षेत्र में देशभर में अपनी पहचान रखने वाली इफको एमसी के प्रतिनिधियों ने भी किसानों को उर्वरकों के सही उपयोग के साथ अपने विभिन्न उत्पादों की जानकारी दी.
भोपाल में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार का मुख्य उद्देश्य देश की खाद्य सुरक्षा मजबूत करना, किसानों की आय बढ़ाना और लोगों को संतुलित और पोषणयुक्त भोजन उपलब्ध कराना है.
बीजेपी ने पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए संकल्प पत्र जारी कर महिलाओं और बेरोजगारों को 3000 रुपये मासिक सहायता, किसानों को 9000 रुपये सालाना देने और घुसपैठ के खिलाफ सख्त नीति अपनाने का वादा किया है.
देश के कई राज्यों में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से गेहूं की फसल को भारी नुकसान हुआ है, जिससे नमी और क्वालिटी को लेकर सरकारी खरीद पर संकट खड़ा हो गया है. किसान केंद्र सरकार से नियमों में छूट की उम्मीद कर रहे हैं, जैसा 2022 और 2023 में दिया गया था.
Green Fodder silage यूपी सरकार की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में 61 हजार हेक्टेयर से ज्यादा गोचर और चारागाह की जमीन है. कुछ दिन पहले ही सात हजार हेक्टेयर से ज्यादा जमीन कब्जा मुक्त कराई गई है. सरकार की योजना है कि करीब 35 हजार हेक्टेयर जमीन पर हरे चारे की फसल लगाई जाएगी.
यूरिया के बढ़ते डायवर्जन को रोकने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. फर्टिलाइजर व्यवस्था पर सरकार ने कहा कि कच्चे माल की अंतरराष्ट्रीय कीमतें बढ़ने के बावजूद ये फैसला किया गया है कि यूरिया की बोरी 266 रुपये और डीएपी की बोरी 1350 रुपये में ही किसानों को मिलेगी.
फतेहाबाद की मंडी में गेहूं खरीद के दौरान बायोमेट्रिक सिस्टम फेल होने और जगह की कमी से किसानों ने सड़क जाम कर विरोध किया. प्रशासन के आश्वासन के बाद करीब तीन घंटे में स्थिति सामान्य हुई.
किसान नकदी फसलों की खेती की ओर तेजी से रुख कर रहे हैं. इससे किसानों की बंपर कमाई भी हो रही है. इसलिए किसान बड़े स्तर पर इसकी खेती कर रहे हैं. ऐसे में किसानों की सुविधा के लिए राष्ट्रीय बीज निगम ऑनलाइन तोरई की काशी रक्षिता किस्म का बीज बेच रहा है.
देश के कई राज्यों में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से करीब 2.49 लाख हेक्टेयर फसल को नुकसान पहुंचा है. गेहूं, दलहन और सब्जियों की फसलें सबसे ज्यादा प्रभावित हुई हैं. केंद्रीय कृषि मंत्री Shivraj Singh Chouhan ने राज्यों को नुकसान का आकलन कर जानकारी सार्वजनिक करने के निर्देश दिए हैं, जबकि किसान सरकार से राहत की मांग कर रहे हैं.
तेलंगाना के आम किसानों को इस साल भारी नुकसान का सामना करना पड़ सकता है, क्योंकि पैदावार सिर्फ 10-20% रहने का अनुमान है. बेमौसम बारिश, कोहरे और कीटों के हमले के कारण फसल प्रभावित हुई है. कम सप्लाई के बावजूद किसानों को पिछले साल की तुलना में कम कीमत मिल रही है, जिससे उनकी चिंता और बढ़ गई है.
Copyright©2026 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today