अहम पुनर्गठन प्रक्रिया के तहत केंद्रीय कृषि मंत्रालय की तरफ से फ्लैगशिप प्रधानमंत्री-राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (PM-RKVY) के साथ तीन अलग-अलग चल रही स्कीमों को एक साथ मिलाने का प्रस्ताव दिया गया है. सूत्रों की मानें तो इस पर अगले पांच सालों में 1.75 लाख करोड़ रुपये का खर्च आएगा. मंत्रालय का मानना है कि ऐसा करने से राज्य स्तर पर सुधारों को बढ़ावा मिल सकेगा.
उत्तर भारत में सर्दियों की दस्तक के साथ मौसम पूरी तरह बदल चुका है और ठंड का असर साफ नजर आने लगा है. पहाड़ों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बढ़ती शीतलहर के बीच जनजीवन और खेती-किसानी की गतिविधियों पर असर पड़ रहा है. वहीं दक्षिण भारत में लगातार बारिश का दौर बना हुआ है. इस लाइव और लगातार अपडेट होते सेक्शन में आपको खाद-बीज से जुड़ी जानकारी, खेती और गार्डनिंग के उपयोगी टिप्स, किसानों के लिए जरूरी सरकारी योजनाएं और कृषि जगत से जुड़े बड़े राष्ट्रीय घटनाक्रम एक ही जगह मिलते रहेंगे. साथ ही बात करेंगे उन्नत क़िस्मों की बीजों के बारे में जिसका लाभ उठाकर किसान अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं. आज किसान कारवां का सातंवा पड़ाव एटा पहुंचेगा.
Potato Farming Tips: उन्होंने कहा कि केंद्रीय एवं पश्चिमी उत्तर प्रदेश में किसानों की आलू एक मुख्य फसल है. जिसका समय रहते हुए देखभाल न किया जाए तो नुकसान हो सकता है. दरअसल, आलू की फसल में झुलसा रोग बहुत गंभीर बीमारी है, जो सर्दी और कोहरे में तेजी से फैलती है. वहीं तापमान में गिरावट के कारण इस रोग के प्रकोप की आशंका ज्यादा बढ़ जाती है.
UP News: एक वैज्ञानिक आंकलन के अनुसार यूपी में एक लाख गायों के गोबर से मीथेन का दोहन कर पेट्रोलियम उत्पादों में लगभग 500 करोड़ रुपये तक की बचत की संभावना बन सकती है. इससे अन्य देशों से आयात होने वाले कच्चे तेल और एलपीजी पर निर्भरता भी घटेगी.
उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे का असर बढ़ गया है. राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तराखंड और बिहार में शीतलहर, कोल्ड डे और कोहरे को लेकर मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है.
बिहार के कोसी क्षेत्र में शानदार उपज के बावजूद मक्का किसानों को MSP नहीं मिल रहा है. मक्का आधारित उद्योग और सरकारी खरीद व्यवस्था के अभाव में किसान घाटे में हैं, जबकि बिचौलिए मुनाफा कमा रहे हैं. किसानों की मांग है कि कोसी में मक्का प्रोसेसिंग उद्योग लगाकर MSP और बेहतर दाम सुनिश्चित किए जाएं.
हरियाणा के किसानों के लिए करनाल में आलू की प्रदर्शनी लगाई गई. आलू की खेती करने वाले किसानों ने इस एक्सपो में शिरकत की. वहीं, कई अन्य राज्यों से भी किसान यहां पहुंचे थे. किसानों ने कहा इस तरह के आयोजनों से किसानों को काफी फायदा मिलेगा.
देश में रबी सीजन के दौरान बुवाई में जोरदार बढ़ोतरी दर्ज की गई है. कृषि मंत्रालय के मुताबिक कुल रबी फसलों का रकबा 17.65 लाख हेक्टेयर बढ़कर 644.29 लाख हेक्टेयर हो गया है. दलहन और तिलहन की खेती में आई तेजी सरकार की आयात निर्भरता घटाने की रणनीति के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है.
खबर यूपी के संभल से है. यहां श्मशान की जमीन पर खेती किए जाने का मामला सामने आया था. इसके बाद प्रशासन ने कार्यवाही की और श्मशान की 20 बीघा जमीन पर ट्रैक्टर चलवाकर अवैध कब्जा हटवाया गया. बता दें संभल में ऐसे मामले लगातार सामने आ रहे हैं और इसे लेकर कब्रिस्तान और सरकारी जमीनों को कब्जामुक्त करने के लिए प्रशासन का एक्शन भी लगातार चल रहा है.
मारवाड़ की रेतीली मिट्टी और शुष्क जलवायु ने एक बार फिर साबित कर दिया कि प्रकृति की कठोरता में भी अनमोल खजाने छिपे होते हैं. केंद्र सरकार ने हाल ही में राजस्थान के नागौर जिले की प्रसिद्ध 'नागौरी अश्वगंधा' को भौगोलिक संकेतक (GI टैग) मिला है, जो राजस्थान के कृषि क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि है.
गन्ना किसानों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है. दरअसल, गन्ने की एक नई और उन्नत किस्म कर्ण-18 (सीओ-18022) विकसित की गई है, जो देश के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र के लिए बेस्ट है. आइए जानते हैं इस किस्म की खासियत.
Copyright©2026 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today