मुजफ्फरपुर के बरियारपुर थाना क्षेत्र के सुतिहरपुर गांव में पुलिस ने अवैध खाद बनाने वाली मिनी फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है. छापेमारी में 208 बोरी खाद, दो पिकअप वाहन सहित अन्य सामान जब्त किए गए हैं.
बिहार में गैर-सब्सिडी वाले उर्वरकों की बिक्री पर लगी रोक हटाने की मांग उठी है. फर्टिलाइजर एसोसिएशन ऑफ इंडिया (FAI) ने राज्य सरकार से फैसले पर पुनर्विचार करने को कहा है.
बिहार में खाद की बिक्री व्यवस्था अब डिजिटल होने जा रही है. 1 सितंबर से 19 जिलों में QR Code आधारित उर्वरक बिक्री सिस्टम लागू होगा. सरकार का लक्ष्य खाद की कालाबाजारी, जमाखोरी और अधिक कीमत वसूलने जैसी समस्याओं पर रोक लगाना है.
बिहार के सहरसा जिले की 21 ग्राम पंचायतों ने कचरा प्रबंधन की अनोखी मिसाल पेश की है. यहां जैविक कचरे से वर्मी कंपोस्ट तैयार कर नर्सरी विकसित की जा रही है और पौधों की बिक्री से पंचायतों को सालाना 30 से 40 हजार रुपये तक की आय हो रही है.
खरीफ सीजन के चलते अगस्त में यूरिया की मांग बढ़ने की संभावना है. हालांकि सरकार ने किसानों को भरोसा दिलाया है कि यूरिया की कोई कमी नहीं है. अधिकारियों के अनुसार, कई जिलों में जरूरत से अधिक यूरिया का स्टॉक उपलब्ध है.
बिहार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि राज्य में खाद की कोई कमी नहीं है और सभी जिलों में पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है. किसानों से उर्वरक खरीदते समय रसीद लेने और अधिक कीमत, कालाबाजारी या अनियमितता मिलने पर हेल्पलाइन 0612-2233555 या व्हाट्सएप 7766085888 पर शिकायत करने की अपील की गई है.
बिहार में उर्वरक के साथ जबरन बंडलिंग पर सरकार ने सख्ती दिखाई है. किसानों की शिकायतों के बाद कृषि विभाग ने बड़ा आदेश जारी किया है. उर्वरक कंपनियों और विक्रेताओं पर कार्रवाई के सख्त निर्देश जारी किए गए हैं.
पूर्वी चंपारण जिले में उर्वरकों की कालाबाजारी एवं अवैध भंडारण को लेकर कृषि विभाग ने छापेमारी की. करीब 1900 के आसपास उर्वरक बैग को कृषि विभाग ने जब्त किया. विभाग के प्रधान सचिव ने कहा राज्य में उर्वरकों की कमी नहीं है.
बिहार सरकार ने रबी 2025-26 में खाद की कमी के आरोपों को खारिज किया है. कृषि विभाग के अनुसार राज्य में यूरिया, डीएपी समेत सभी उर्वरक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं. कालाबाजारी और तस्करी पर जीरो टॉलरेंस नीति के तहत 86 प्रतिष्ठानों पर FIR दर्ज की गई है, जबकि खाद को लेकर सियासत तेज हो गई है.
बिहार के किसानों के लिए बिस्कोमान खाद के अधिक केंद्र खोलने का एलान किया गया है. बिस्कोमान मात्र 250 रुपए में किसानों को खाद उपलब्ध कराती है. इसके अध्यक्ष ने ऐलान किया कि आने वाले समय में 300 से अधिक सस्ते दरों पर खाद बेचने के लिए केंद्र खोले जाएंगे.
खेती के मौसम में किसानों पर दबाव डालने वालों पर सरकार सख्त, अब उर्वरकों के साथ जबरन टैगिंग पर पूरी तरह रोक. उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा-‘जीरो टॉलरेंस नीति’ के तहत जबरन बिक्री करने वालों पर होगी कार्रवाई.
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