Vacant Post: FCI में खाली पड़े 10 हजार पदों को लेकर हुई ये बड़ी डिमांड

Vacant Post: FCI में खाली पड़े 10 हजार पदों को लेकर हुई ये बड़ी डिमांड

Vacant Post फूड कॉरपोरेशन ऑड इंडिया (FCI) में दो खास कैटेगिरी में करीब 10 हजार पद खाली चल रहे हैं. एफसीआई कर्मचारी संघ लगातार पदों पर भर्ती की मांग कर रहा है. वहीं सीपीआई (एम) के सांसद ने भी केन्द्रीय मंत्री को पत्र लिखकर जल्द से जल्द पदों को भरने की बात को उठाया है. आरोप है कि पदों के खाली रहने से अनाज स्टोरेज और ट्रांसपोर्ट का काम प्रभावित हो रहा है. 

Advertisement
Vacant Post: FCI में खाली पड़े 10 हजार पदों को लेकर हुई ये बड़ी डिमांडपंजाब सरकार ने चावल की डिलीवरी को लेकर FCI को लिखा पत्र. (सांकेत‍िक तस्‍वीर)

फूड कॉरपोरेशन ऑड इंडिया (FCI) बड़े पैमाने पर अनाज का रखरखाव करता है. देशभर में उसके हजारों गोदाम हैं. इन गोदामों में ही फसल के हिसाब से खरीदी कर उन्हें रखा जाता है. जैसे अभी गेहूं की खरीद चल रही है. किसान से खरीदे गए गेहूं को एफसीआई के गोदामों में रखा जा रहा है. पूरे साल इस तरह की कार्रवाई चलती रहती है. इन्हीं गोदामों से फिर जरूरत के मुताबिक राज्यों में गेहूं-चावल भेजे जाते हैं. कहीं ट्रक से तो कहीं ट्रेन से अनाज की ढुलाई होती है. इस काम के लिए बड़ी संख्या में एफसीआई के कर्मचारी काम करते हैं. लेकिन मौजूदा वक्त में एफसीआई का अनाज ढुलाई का काम प्रभावित हो रहा है.

ये आरोप हैं पूर्व सांसद और एफसीआई कर्मचारी संघ के प्रेसिडेंट डॉ. ए संपत ने. साथ ही इस मामले में उन्होंने एफसीआई के चेयरमैन और एमडी को भी पत्र लिखा है. वहीं सीपीआई (एम) केरल के सांसद के राधाकष्णन ने उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रह्लाद जोशी को एक पत्र लिखा है. पत्र में मांग की गई है कि एफसीआई में खाली चल रहे 10 हजार पदों को भरकर स्टोरेज और ट्रांसपोर्ट के काम को असान किया जाए. 

खाली पदों पर क्या बोला कर्मचारी संघ 

प्रेसिडेंट ए संपत ने किसान तक को बताया कि FCI कर्मचारी संघ ने खाली पड़े 10 हजार पदों पर तत्काल भर्ती की मांग को लेकर अपनी कोशि‍शें तेज कर दी हैं. इसके लिए संघ एफसीआई के C&MD को एक पत्र पहले ही लिख चुका है. साथ ही केरल से सांसद के. राधाकृष्णन से भी मांग की गई कि वो सरकार से इस मामले में बात करें.

जिसके बाद सांसद ने केन्द्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को पत्र लिखा है. पत्र में बताया गया है कि तीसरे वर्ग के 4300 और चौथी केटेगिरी में 5500 से पद खाली चल रहे हैं. जिसकी वजह एफसीआई में किसानों से अनाज की खरीदारी, खरीदे गए अनाज को गोदामों में रखने और फिर डिमांड के साथ से ट्रांसपोर्ट करने में परेशानी आ रही है. कई बात काम लेट भी हो रहा है. 

पुराने रिटायर हो रहे, लेकिन नए नहीं आ रहे 

प्रेसिडेंट का कहना है कि दोनों ही वर्ग में पिछली बार 2017 और 2022 में भर्तियां हुईं थी. लेकिन उसके बाद कोई नई भर्ती नहीं की गई है. जबकि हर साल बड़ी संख्या में कर्मचारी रिटायर हो रहे हैं. कर्मचारी रिटायर हो जाते हैं, लेकिन उनकी जगह पर कोई नया कर्मचारी नहीं आ रहा है. जबकि डिमांड के हिसाब से एफसीआई में काम भी बढ़ गया है. ऐसे में हमे उम्मीद है कि सांसद की ओर से लिखे गए पत्र का गंभीरता के साथ संज्ञान लिया जाएगा.

जिसके बाद केंद्र सरकार और एफसीआई प्रबंधन जल्द से जल्द भर्ती प्रक्रिया पूरी करने के लिए तत्काल कदम उठाएंगे. संघ ने यह भी कहा कि समय पर भर्ती होने से न सिर्फ एफसीआई का कामकाज मजबूत होगा, बल्कि देशभर में एफसीआई की भर्ती प्रक्रिदया का इंतजार कर रहे लाखों युवा उम्मीदवारों को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे.

ये भी पढ़ें- केंद्र के आंकड़ों में 'जीरो' है मध्य प्रदेश की गेहूं खरीद, पढ़ें बाकी राज्यों का हाल

ये भी पढ़ें- पशुपालकों और पर्यावरण तक के लिए ऐसे फायदेमंद है वाइट रेवोलुशन-2

POST A COMMENT