
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने मंगलवार को सेलम जिले के मेट्टूर स्थित स्टेनली जलाशय के स्लुइस गेट खोलकर कावेरी डेल्टा के सिंचाई क्षेत्रों के लिए पानी छोड़ा. मुख्यमंत्री ने अपने मंत्रिमंडल के सहयोगियों की मौजूदगी में बटन दबाकर जल प्रवाह शुरू किया. कावेरी का पानी छोड़े जाने के मौके पर मुख्यमंत्री विजय ने बहते पानी में फूल और अनाज के दाने अर्पित किए. मुख्यमंत्री बनने के बाद यह पहला अवसर है, जब विजय ने डेल्टा क्षेत्र के किसानों के लिए महत्वपूर्ण माने जाने वाले ऐतिहासिक मेट्टूर बांध से पानी छोड़ा.
बांध परिसर में मुख्यमंत्री विजय किसानों के साथ नजर आए और उनसे बातचीत भी की. इस दौरान उन्होंने हरे रंग का शॉल पहन रखा था, जिसे किसानों और कृषि के प्रतीक के रूप में देखा जाता है. मेट्टूर बांध से छोड़ा गया पानी करीब 12 जिलों तक पहुंचेगा. इसमें तंजावुर के किसान प्रमुख लाभार्थियों में शामिल हैं, क्योंकि इस जिले को तमिलनाडु के प्रमुख धान उत्पादक क्षेत्रों में गिना जाता है.
राज्य सरकार के अनुसार, मेट्टूर बांध से 1 सितंबर से 45 दिनों तक पानी छोड़ा जाएगा. हालांकि पानी की वास्तविक मात्रा और आगे का प्रवाह जलाशय में उपलब्ध भंडारण और आने वाले पानी की स्थिति पर निर्भर करेगा. सरकार ने कहा कि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के दौरान कावेरी बेसिन में पर्याप्त बारिश नहीं हुई. इसके बावजूद किसानों और आम लोगों की मांग और पेयजल और सिंचाई की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए बांध से पानी छोड़ने का निर्णय लिया गया.
किसानों से उपलब्ध पानी का किफायती और व्यवस्थित तरीके से इस्तेमाल करने की अपील की गई है. सरकार ने अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि पानी अंतिम छोर तक स्थित खेतों और इलाकों में पहुंचे और उपलब्ध हर बूंद से अधिकतम सिंचाई लाभ मिल सके.
1 सितंबर को मेट्टूर बांध का जलस्तर 120 फीट की पूर्ण क्षमता के मुकाबले 91.56 फीट दर्ज किया गया. आमतौर पर सिंचाई के लिए बांध के गेट 12 जून को खोले जाते हैं, लेकिन इस बार कमजोर मॉनसून और कम जल भंडारण के कारण पानी छोड़ने का फैसला टाल दिया गया था.
मुख्यमंत्री विजय विशेष विमान से चेन्नई से यहां पहुंचे और इसके बाद सड़क मार्ग से मेट्टूर गए. रास्ते में उन्होंने रोड शो किया और सड़क के दोनों ओर खड़े लोगों का अभिवादन स्वीकार किया. इस दौरान टीवीके कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री का जोरदार स्वागत किया. सड़क किनारे पार्टी के झंडे लगाए गए और प्रमुख स्थानों पर स्वागत बैनर और सजावट की गई. कई जगह लोगों ने मुख्यमंत्री पर फूल भी बरसाए. मेट्टूर जलाशय परिसर में मुख्यमंत्री ने मेट्टूर बांध और कावेरी नदी की यात्रा से जुड़ी फोटो प्रदर्शनी का भी निरीक्षण किया. (पीटीआई)