
दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने अब रफ्तार पकड़नी शुरू कर दी है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, 6 जून को मॉनसून महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों, आंध्र प्रदेश के कुछ क्षेत्रों, पूरे गोवा, कर्नाटक के अधिक हिस्सों, तमिलनाडु के अधिकांश इलाकों और पूर्वोत्तर भारत के कुछ भागों तक आगे बढ़ गया है. इसके साथ ही अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसमी परिस्थितियां आगे बढ़ने के लिए अनुकूल बनी हुई हैं. मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो से पांच दिनों में मॉनसून मध्य भारत, तेलंगाना, छत्तीसगढ़, ओडिशा और पूर्वोत्तर के और हिस्सों में तेजी से आगे बढ़ सकता है.
आईएमडी ने बताया कि शुक्रवार सुबह 8:30 बजे से शनिवार सुबह 8:30 के बीच देश के कई हिस्सों में बारिश और तेज हवाओं का असर देखने को मिला. अंडमान-निकोबार और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल-सिक्किम में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश दर्ज की गई. वहीं, मेघालय, ओडिशा और बिहार के कुछ इलाकों में भारी बारिश हुई. मध्य महाराष्ट्र, पूर्वी उत्तर प्रदेश, झारखंड और पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में तेज आंधी और झोंकेदार हवाएं चलीं. वहीं, हरियाणा के रोहतक में अधिकतम तापमान 43.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो देश में सबसे अधिक रहा.
मौसम विभाग ने कहा है कि आने वाले दिनों में केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु और पूर्वोत्तर राज्यों में बारिश की गतिविधियां तेज बनी रहने की संभावना है. मौसम विभाग ने केरल, तटीय कर्नाटक, तमिलनाडु, लक्षद्वीप और पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों में कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान जताया है. अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी अगले हफ्ते तक लगातार बारिश का दौर बना रह सकता है. कुछ इलाकों में गरज-चमक और तेज हवा की भी चेतावनी जारी की गई है.
IMD के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत में फिलहाल तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी के संकेत हैं. 11 जून तक कई इलाकों में अधिकतम तापमान 4 से 6 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है. हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, पश्चिम राजस्थान, पश्चिम उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में अगले कुछ दिनों के दौरान लू चलने की संभावना जताई गई है. हालांकि, बीच-बीच में आंधी और हल्की बारिश राहत भी दे सकती है.
दिल्ली-एनसीआर में पिछले 24 घंटों के दौरान तापमान में गिरावट दर्ज की गई और अधिकतम तापमान सामान्य से नीचे रहा. 6 जून को आंशिक बादल, हल्की बारिश, गरज-चमक और 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक तेज हवाओं की संभावना जताई गई है. हालांकि, 8 और 9 जून से तापमान फिर 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच सकता है और गर्मी दोबारा असर दिखा सकती है.