
बिहार में मॉनसून सामान्य से कमजोर है. राज्य के किसान अच्छी बारिश के इंतजार में आसमान की ओर नजरें लगाए हुए हैं. हालात ये हैं कि करीब एक महीने से अधिक समय मॉनसून बीतने के बावजूद भी बारिश सामान्य से करीब 37 से 40 प्रतिशत तक कम हुई है. मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले 2 दिनों तक राज्य के अधिकांश जिलों में भारी बारिश होने का पूर्वानुमान है. वहीं, अगस्त के शुरुआती सप्ताह में मौसम शुष्क रहने का अनुमान लगाया गया है. हालांकि, सावन महीने के शुरू होने के करीब 24 घंटे पहले जिस तरह की हवा की दिशा है, उसको लेकर घाघ की कहावतें बारिश को लेकर एक अलग ही अनुमान लगा रही हैं.
मौसम विज्ञान केंद्र, पटना द्वारा जारी दैनिक मौसम रिपोर्ट में बताया गया है कि 30 से 31 जुलाई के बीच राज्य के अधिकांश जिलों में भारी बारिश होने का अनुमान है. वहीं, विभाग की ओर से इन दोनों दिनों के दौरान 30 जुलाई को राज्य के उत्तर-पूर्व, दक्षिण-मध्य और दक्षिण-पूर्व भाग के जिलों में वज्रपात के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने का अनुमान जारी किया गया है. साथ ही, बारिश को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. जबकि 31 जुलाई को राज्य के उत्तर-पश्चिम और दक्षिण-पश्चिम जिलों में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है. वहीं, इस दौरान हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे रहने का अनुमान है.
वैसे तो सावन महीने की शुरुआत होने में खबर लिखे जाने तक कुछ घंटे ही शेष बचे हैं, लेकिन अभी जिस तरह की हवा की दिशा है, ऐसी ही स्थिति यदि सावन के महीने में भी जारी रहती है तो बारिश को लेकर घाघ की कहावत किसानों की चिंता और बढ़ा सकती है. फिलहाल राजधानी पटना समेत कई जिलों में पूर्वी हवा बह रही है. वहीं, यह हवा अगर सावन महीने में भी जारी रहती है तो बारिश को लेकर घाघ अपनी कहावत के जरिए बताते हैं कि "सावन मास बहै पुरवाई, बरधा बेचि बेसाहो गाई". यानी अगर सावन के महीने में पूर्वी हवा चल रही हो तो किसान को बैल बेचकर गाय खरीद लेनी चाहिए, क्योंकि इस दौरान बारिश होने की संभावना बहुत कम होती है.
हाल के दिनों में तेज धूप और उमस बढ़ी है. वहीं, मौसम के बदलते मिजाज के बीच बिहार के 13 जिलों में बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है, जबकि मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा कटिहार और पूर्णिया जिलों में भारी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया गया है. इसके साथ ही राज्य के अधिकांश जिलों में वज्रपात के साथ 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने का पूर्वानुमान है.