
उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में एक दर्दनाक हादसे में दो किसानों की करंट लगने से मौत हो गई. दोनों किसान धान की फसल में पानी लगाने के लिए खेत पर गए थे, लेकिन देर शाम तक घर नहीं लौटे. जब परिजन उन्हें खोजते हुए खेत पहुंचे तो दोनों बेहोशी की हालत में पड़े मिले. उनके हाथों में बिजली के तार लिपटे हुए थे. आशंका है कि दोनों ने एक-दूसरे को बचाने की कोशिश की, लेकिन इस दौरान दोनों ही करंट की चपेट में आ गए और उनकी जान चली गई. यह घटना झांसी जिले के चिरगांव थाना क्षेत्र के जरयाई गांव की है. मृतकों की पहचान 52 वर्षीय कल्लू पाल और 25 वर्षीय बृजेश दांगी के रूप में हुई है. दोनों चिरगांव थाना क्षेत्र के बिराठ गांव के रहने वाले थे और साझेदारी में खेती करते थे.
परिजनों के मुताबिक, दोनों किसानों ने अपने गांव से करीब 15 किलोमीटर दूर जरयाई गांव में लगभग 14 बीघा खेत बटाई पर लिया था. इसी खेत में उन्होंने धान की रोपाई की थी. बुधवार सुबह दोनों खेत में फसल की सिंचाई करने के लिए घर से निकले थे. शाम तक जब दोनों वापस नहीं लौटे तो परिजनों को चिंता हुई. उन्होंने कई बार मोबाइल फोन पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन किसी ने फोन नहीं उठाया. इसके बाद परिवार के लोग जरयाई गांव पहुंचे और ग्रामीणों से जानकारी ली. ग्रामीणों ने बताया कि खेत के पास दोनों की मोटरसाइकिल खड़ी है.
यह सुनकर परिजन तुरंत खेत पहुंचे. वहां का दृश्य देखकर सभी के होश उड़ गए. दोनों किसान खेत में बेहोश पड़े थे और उनके हाथों में बिजली के तार लिपटे हुए थे. परिजनों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और दोनों को चिरगांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया. मृतक कल्लू पाल के भतीजे राम मिलन पाल ने बताया कि उनके चाचा और बृजेश मिलकर खेती करते थे. दोनों सुबह खेत में पानी लगाने गए थे. देर शाम तक घर नहीं लौटने पर परिवार के लोग उन्हें तलाशने निकले. खेत में पहुंचने पर दोनों जमीन पर पड़े मिले. उनके हाथों में बिजली के तार लिपटे हुए थे.
परिवार का अनुमान है कि खेत के पास कोई बिजली का तार टूटकर गिर गया होगा और दोनों उसकी चपेट में आ गए. संभव है कि पहले एक किसान करंट की चपेट में आया और दूसरे ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन वह भी करंट की चपेट में आ गया. हालांकि, पुलिस का कहना है कि हादसे की असली वजह जांच के बाद ही स्पष्ट होगी.
इस हादसे से दोनों परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. कल्लू पाल के तीन बच्चे हैं और सभी की शादी हो चुकी है. वहीं, बृजेश दांगी की शादी करीब डेढ़ साल पहले हुई थी और उनका पांच महीने का एक बेटा है. परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य खोने से घर में मातम का माहौल है.
चिरगांव थाना प्रभारी राहुल राठौर ने बताया कि सूचना मिलने के बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची. दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. उन्होंने कहा कि यह जांच की जा रही है कि हादसा कैसे हुआ और पहले कौन करंट की चपेट में आया. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही घटना की पूरी तस्वीर साफ हो सकेगी. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है. वहीं, इस दर्दनाक हादसे के बाद इलाके के किसानों में भी चिंता का माहौल है. ग्रामीणों ने खेतों के आसपास बिजली के तारों की नियमित जांच कराने और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके. (प्रमोद कुमार गौतम की रिपोर्ट)