
Gorakhpur News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर (Gorakhpur) के रहने वाले युवा किसान अविनाश कुमार यादव ने सफेद चंदन (White Chandan) की खेती में कमाल कर दिया है. इस किसान की चर्चा पूरे इलाके में हो रही है. पादरी बाजार के रहने वाले अविनाश ने सबसे पहले 2016 में वो कर्नाटक से 50 पौधे लेकर गोरखपुर में सफेद चंदन की खेती की नींव रखी थी. एक पौधे की कीमत 200 रुपये थी. किसान तक से बातचीत में अविनाश ने बताया कि आज मेरे चंदन के पेड़ 13 से 14 फीट के हो गए है. उन्होंने बताया कि आज एक चंदन के पेड़ की कीमत 30 से 35 हजार के करीब है. क्योंकि 1200 रुपये प्रति किलो के रेट से चंदन की फुटकर बिक्री होती है. चंदन की खेती करने वाले अविनाश बताते हैं कि मेरे पास वर्तमान में 20 पेड़ मौजूद है. उनका मानना है कि आने वाले 10 सालों के बाद इससे उन्हें लाखों रुपये की इनकम होगी. वहीं सफेद चंदन की खेती कम समय में ज्यादा मुनाफा देने वाली फसल है.
अविनाश कहते हैं कि सफेद चंदन के पौधों को अधिक देखभाल की जरूरत नहीं है. शुरू के एक साल में खास देखभाल की जरूरत होती है. बंजर जमीन पर भी इसकी की खेती की जा सकती है. इसको कम पानी की जरूरत होती है. सफेद चंदन के पेड़ है की ऊंचाई 15 से 20 फीट होती है. इसे तैयार होने में 15-20 साल लगते हैं. सफेद चंदन को बढ़ने के लिए किसी सहायक पौधे की जरूरत होती है. सफेद चंदन के लिए सहायक पौधा अरहर है, जो कि पौधा के विकास में सहायक होता है. अरहर की फसल से चंदन को नाइट्रोजन तो मिलता ही है साथ ही इसके तने और जड़ों की लकड़ी में सुगंधित तेल का अंश बढ़ता जाता है.
गोरखपुर के सफल किसान अविनाश ने बताया कि सफेद चंदन का इस्तेमाल औषधीय बनाने, साबुन, अगरबती, कंठी माला, फर्नीचर, लकड़ी के खिलौने, परफ्यूम, हवन सामग्री और विदेशों में फूड में होता है. अविनाश के मुताबिक, एक एकड़ जमीन पर सफेद चंदन के 410 पौधे लगाए जा सकते हैं. पौधों के बीच कम से कम 10 फीट की दूरी होना जरूरी है. एक एकड़ में सफेद चंदन के पौधे लगाने में करीब 1 लाख रुपये तक की लागत आती है. उन्होंने बताया कि सफेद चंदन की खेती करने का आइडिया उनकी पत्नी किरण यादव ने दिया था.
चंदन की खेती करने के लिए आपको खास मौसम का इंतजार नहीं करना होता. आप चंदन के पौधे को किसी भी महीने लगा सकते हैं. लेकिन आपको इस बात का ध्यान रखना जरूरी है. आप जो चंदन का पौधा लगा रहे हैं उसकी उम्र 2 साल से ऊपर की होनी चाहिए. चंदन का पौधा लगाने के बाद आपको उसकी साफ सफाई का ध्यान देना होता है. और आपको यह बात सुनिश्चित करनी होती है कि चंदन के पौधे जहां लगे हुए हैं. उस जगह जल भराव ना हो.
आपको बता दें कि साल 1998 में पुलिस सर्विस में आने के बाद अविनाश ने वर्ष 2005 में खेती के लिए पुलिस की नौकरी से इस्तीफा दे दिया. सिर्फ 50 पौधे से चंदन की खेती की शुरुआत करने वाले अविनाश की पहचान एक सफल चंदन किसान के रूप में हो रही हैं. बस अब वह चंद वर्षों का इंतजार कर रहे हैं. उनको उम्मीद है कि 10 साल पूरा होते ही करोड़ों की इनकम होगी.