
हिमाचल प्रदेश में सेब सीजन शुरू होने से पहले राज्य सरकार ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं. बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने शुक्रवार को कहा कि इस बार सरकार छोटे सेब उत्पादकों और प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित बागवानों को राहत देने के लिए कई विशेष योजनाएं लेकर आई है. सरकार का लक्ष्य है कि किसानों को अपनी फसल बेचने में किसी तरह की परेशानी न हो और उन्हें समय पर सभी सुविधाएं मिलें.
मंत्री जगत सिंह नेगी ने बताया कि सेब सीजन की तैयारियों को लेकर कई दौर की बैठकें हो चुकी हैं. साथ ही सेब उत्पादकों की सुविधा के लिए एक विशेष मोबाइल ऐप शुरू किया गया है. उन्होंने सभी किसानों से अपील की कि वे इस ऐप पर अपना रजिस्ट्रेसन जरूर कराएं. इस ऐप के जरिए बाजार हस्तक्षेप योजना (MIS) के तहत सेब खरीद से जुड़ी पूरी जानकारी किसानों को आसानी से मिल सकेगी.
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हिमाचल प्रदेश बागवानी उत्पाद विपणन और प्रसंस्करण निगम (HPMC) की दो अहम बैठकें भी आयोजित की गई हैं. इन बैठकों में यह तय किया गया कि इस बार सेब उत्पादकों को बेहतर खरीद व्यवस्था, परिवहन और खरीद की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं. जगत सिंह नेगी ने बताया कि सरकार ने प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT) योजना भी शुरू कर दी है. इसके तहत अब तक किसानों और बागवानों को कृषि और बागवानी से जुड़े इनपुट के लिए करीब 14 करोड़ रुपये की सहायता दी जा चुकी है. इससे किसानों को समय पर जरूरी संसाधन उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी.
सेब खरीद को लेकर फैल रही कुछ अफवाहों पर भी मंत्री ने सफाई दी. उन्होंने कहा कि सरकार ने कहीं भी यह निर्देश जारी नहीं किया है कि एक किसान से केवल 30 बोरियां सेब ही खरीदी जाएंगी. उन्होंने कहा कि ऐसी खबरों पर ध्यान न दें, क्योंकि खरीद को लेकर कोई ऐसी सीमा तय नहीं की गई है. उन्होंने यह भी कहा कि कुछ जगहों से शिकायत मिली है कि यूनिवर्सल कार्टन का वजन बढ़ाने के लिए अतिरिक्त टेप का इस्तेमाल किया जा रहा है. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई व्यक्ति इस तरह की गड़बड़ी करते हुए पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
मॉनसून के कारण क्षतिग्रस्त सड़कों का जिक्र करते हुए नेगी ने बताया कि फिलहाल राज्य में 47 सड़कें बंद हैं. इन्हें जल्द से जल्द खोलने के लिए संबंधित विभाग लगातार काम कर रहे हैं, ताकि सेब की ढुलाई और किसानों की आवाजाही प्रभावित न हो. उन्होंने कहा कि सरकार का पूरा प्रयास है कि इस बार सेब सीजन के दौरान किसानों को बेहतर सुविधाएं मिलें, उनकी उपज का उचित खरीद हो और प्राकृतिक आपदाओं के बावजूद उन्हें किसी तरह की आर्थिक परेशानी का सामना न करना पड़े. (PTI)