यूपी में अगले 4 दिनों तक पड़ेगी भीषण गर्मी, बांदा जिला रहा देश में सबसे गर्म, जानें 19 जून को कैसा रहेगा मौसम

यूपी में अगले 4 दिनों तक पड़ेगी भीषण गर्मी, बांदा जिला रहा देश में सबसे गर्म, जानें 19 जून को कैसा रहेगा मौसम

UP Weather Today: वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि हाल के दिनों में मॉनसून की गति धीमी हो गई है क्योंकि अरब सागर से नमी का प्रवाह कमजोर पड़ गया है. उत्तर-पश्चिम भारत में गर्म और शुष्क पश्चिमी हवाओं का प्रभाव बना हुआ है. उन्होंने कहा कि आने वाला पश्चिमी विक्षोभ शुष्क हवाओं के असर को कम करेगा.

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यूपी में अगले 4 दिनों तक पड़ेगी भीषण गर्मी, बांदा जिला रहा देश में सबसे गर्म, जानें 19 जून को कैसा रहेगा मौसमउत्तर प्रदेश में गर्मी का कहर देखने को मिल रहा है

उत्तर प्रदेश में  एक बार फिर गर्मी बढ़ने की संभावना है. इसकी वजह से अगले 5 दिनों के भीतर लू की स्थिति बनी रहेगी. भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, 19 जून यानी शुक्रवार को 45 जिलों में अधिकतम तापमान बढ़ेगा और 50 से 70 किमी प्रति घंटे लू भी चलेगी. इस दौरान कहीं कहीं बूंदाबांदी या छिटपुट बारिश की भी संभावना है. वहीं, प्रदेश के कई हिस्सों में जहां तापमान बढ़ने से गर्मी और उमस लोगों को परेशान कर रही है. 

इन जिलों में भीषण लू चलने की संभावना

लखनऊ के अमौसी स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि प्रयागराज, वाराणसी, बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, प्रतापगढ़, गाजीपुर, आजमगढ़, जौनपुर, रायबरेली, अमेठी, सुल्‍तानपुर, अयोध्‍या समेत जिलों में लू चलने की संभावना है. उन्होंने बताया कि इन जिलों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री या इससे अधिक रह सकता है. इस बीच, शुक्रवार को भीषण हीट वेव की परिस्थितियों के बीच बांदा में 48 डिग्री सेल्सियस से अधिक तापमान दर्ज किया गया. 

लखनऊ में आसमान साफ रहने का अनुमान

मौसम वैज्ञानिक के मुताबिक, राजधानी लखनऊ में गर्मी और उमस का दौर जारी है. अधिकतम तापमान 39.6 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 1.6 डिग्री अधिक) और न्यूनतम तापमान 29.6 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 2.6 डिग्री अधिक) दर्ज किया गया.  शुक्रवार को मुख्य रूप से साफ आसमान रहने का अनुमान लगाया है. अधिकतम और न्यूनतम तापमान 41 और 30 डिग्री के आसपास रहने की संभावना जताई गई है.

हाल के दिनों में मॉनसून की गति धीमी

वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि हाल के दिनों में मॉनसून की गति धीमी हो गई है क्योंकि अरब सागर से नमी का प्रवाह कमजोर पड़ गया है. उत्तर-पश्चिम भारत में गर्म और शुष्क पश्चिमी हवाओं का प्रभाव बना हुआ है. उन्होंने कहा कि आने वाला पश्चिमी विक्षोभ शुष्क हवाओं के असर को कम करेगा. इससे पूरे उत्तरी क्षेत्र में नमी (हुयुमिडिटी) में सुधार होगा जिससे मौसम बदल सकता है. उन्होंने बताया कि अभी उत्तर प्रदेश में मॉनसून के अग्रसरण के लिए परिस्थितियां अनुकूल नहीं हैं. 

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