हरियाणा के भालौठ सब ब्रांच नहर विवाद में किसानों की जीत, सरकार ने नवीनीकरण का किया वादा!

हरियाणा के भालौठ सब ब्रांच नहर विवाद में किसानों की जीत, सरकार ने नवीनीकरण का किया वादा!

हरियाणा के सोनीपत में भालौठ सब ब्रांच नहर के जीर्णोद्धार को लेकर किसानों की जीत हुई है. किसानों और सिंचाई विभाग के बीच लंबे समय से चल रहा विवाद आखिरकार समाप्त हो गया है.

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हरियाणा के भालौठ सब ब्रांच नहर विवाद में किसानों की जीत, सरकार ने नवीनीकरण का किया वादा!भालौठ सब ब्रांच नहर विवाद

हरियाणा के सोनीपत के गोहाना क्षेत्र में भालौठ सब ब्रांच नहर के जीर्णोद्धार यानी नवीनीकरण  को लेकर किसानों और सिंचाई विभाग के बीच लंबे समय से चल रहा विवाद आखिरकार समाप्त हो गया है. हरियाणा के सहकारिता मंत्री डॉ.अरविंद शर्मा की पहल पर हुई वार्ता के बाद किसानों ने अपना धरना समाप्त करने की घोषणा कर दी है. सिंचाई विश्राम गृह में किसानों के प्रतिनिधिमंडल और अधिकारियों के बीच हुई बैठक में कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर सहमति बनी, जिससे नहर के जीर्णोद्धार का रास्ता साफ हो गया है.

किसानों और अधिकारियों की विस्तृत चर्चा

गोहाना स्थित सिंचाई विश्राम गृह में आयोजित बैठक में सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने किसानों और सिंचाई विभाग के अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की. बैठक में किसानों की मांगों को ध्यान में रखते हुए नहर निर्माण कार्य में आवश्यक बदलाव करने पर सहमति बनी. मंत्री ने बताया कि नहर की दोनों साइड की लाइनिंग को कंक्रीट से पक्का किया जाएगा और नहर के बैड को दोनों किनारों से 10-10 फुट तक मजबूत बनाया जाएगा.

नहर के बीच वाले भाग में लगाए जाएंगे सीसी ब्लॉक 

कैबिनेट मंत्री अरविंद शर्मा ने बताया कि भूजल स्तर को बनाए रखने के लिए नहर के बीच वाले भाग में सीसी ब्लॉक लगाए जाएंगे, जबकि जहां पुराने सीसी ब्लॉक क्षतिग्रस्त हैं, केवल उन्हीं को बदला जाएगा. उन्होंने कहा कि किसानों के हितों और इलाके में पानी की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए यह समाधान निकाला गया है. साथ ही मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी का सहयोग मिलने पर उनका आभार भी व्यक्त किया.

किसानों की कमेटी गठित करने के आदेश

वहीं, कैबिनेट मंत्री अरविंद शर्मा ने निर्माण कार्य में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए किसानों की एक कमेटी गठित करने के आदेश दिए हैं, जो सिंचाई विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर कार्यों की निगरानी करेगी. बैठक के बाद किसान नेताओं ने धरना स्थल पर पहुंचकर समझौते की जानकारी किसानों को दी, जिसके बाद किसानों ने धरना समाप्त करने का ऐलान कर किया.

33 गांवों के किसानों को मिलेगा लाभ

बता दें कि भालौठ सब ब्रांच नहर के जीर्णोद्धार से करीब 25 किलोमीटर लंबी इस नहर से 33 गांवों के किसानों को सीधा लाभ मिलेगा. किसानों ने समाधान निकालने में डॉ. अरविंद शर्मा की भूमिका की सराहना करते हुए उम्मीद जताई कि अब नहर निर्माण कार्य जल्द पूरा होगा और क्षेत्र के किसानों को सिंचाई की बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी. 

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