नया ट्रैक्टर खरीदने की टिप्सकिसी भी किसान के लिए ट्रैक्टर खरीदना उसके जीवन के सबसे अहम फसलों में से एक होता है, क्योंकि ट्रैक्टर किसान की जीवन रेखा यानी खेती की सबसे अहम मशीन होती है. ये बात सच है कि किसान ट्रैक्टर खरीदते वक्त एक-एक चीज अच्छे से जांच और परखकर देखते हैं. मगर बहुत सारे किसान ट्रैक्टर के मामले में जानकारी कम रखते हैं और केवल इंजन के एचपी और सिलेंडर जैसी बेसिक जानकारी के बिनाह पर ही अपना फैसला कर लेते हैं. लिहाजा आज हम आपको ये बता रहे हैं कि नया ट्रैक्टर खरीदते वक्त इंजन के अलावा कौन सी चीजें चेक करना जरूरी है.
ये एक ऐसी चीज है जो ट्रैक्टर में लगने वाले इंप्लीमेंट पर सीधा असर डालती है. अगर ट्रैक्टर में लगने वाला इंप्लीमेंट ज्यादा भारी है और आपके ट्रैक्टर की लिफ्टिंग कैपेसिटी कम है तो ट्रैक्टर ठीक से उसे ना तो उठा पाएगा और ना ही खेत में काम कर पाएगा. ट्रैक्टर का इंजन जितने कम एचपी का होगा, इसकी लिफ्टिंग क्षमता भी उतनी ही कम रहेगी. हालांकि 30 एचपी तक के ट्रैक्टर में 1300 किलो की लिफ्टिंग क्षमता मिल जाती है. इतनी क्षमता में अधिकतर सामान्य साइज के इंप्लीमेंट चल जाते हैं.
जितना जरूरी ट्रैक्टर के इंजन का एचपी (हॉर्सपावर) होता है, उतन ही जरूरी पीटीओ एचपी भी होता है. इसका पूरा नाम होता पावर टेक-ऑफ हॉर्सपावर होता है. आसान भाषा में समझें तो ये वो शाफ्ट होती है जो ट्रैक्टर के पीछे हिंज वाले हिस्से में घूमती है. इस पीटीओ शाफ्ट में फंसाकर ही थ्रेशर या पंप जैसे इंप्लीमेंट चलाए जाते हैं. आपके ट्रैक्टर की पीटीओ क्षमता जितने ज्यादा एचपी की होगी, उतने ही बड़े और हेवी इंप्लीमेंट आप चला सकते हैं.
ये भी पढ़ें- पुराना ट्रैक्टर लेने का है विचार? पहले जान लें ये छिपे हुए नुकसान
वैसे तो ट्रैक्टर का माइलेज क्या है ये आपको सेल्स-मैन या फिर कोई ना कोई बता ही देगा. मगर कई बार सेल्स मैन आपको ट्रैक्टर के माइलेज के मामले में गलत जानकारी भी दे सकते हैं. ऐसे में ट्रैक्टर असल में कितना माइलेज देता है, ये चीज बिना चलाए अगर पता करना है तो इसका सही ब्योरा भी मिल सकता है. इसके लिए आपको ट्रैक्टर की स्पेसिफिक फ्यूल कंजंप्शन (एसएफसी) प्लेट को देखना होगा.
नया ट्रैक्टर खरीदते वक्त इसकी सही वारंटी का भी ध्यान दें. अगर एक्सटेंडेड वारंटी ले रहे हैं तो सारे नियम व शर्तें ध्यान से समझ लें. किन चीजों से ट्रैक्टर की वारंटी खत्म हो सकती है, ये सेल्स-मैन से पहले ही पूछ लें. इसके साथ ही ट्रैक्टर के बीमा में भी क्या-क्या शर्तें हैं, ये भी सब पूछें. ट्रैक्टर के बीमा में इंजन या फिर इसकी कौन सी चीजें कवर हैं, या फिर बीमा किस हालात में वैध नहीं माना जाएगा, इस तरह के सारे सवाल पहले ही पूछ लें.
ये भी पढ़ें-
Copyright©2026 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today