
देश के कई हिस्सों में मॉनसून अभी भी सक्रिय है. उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश और उससे सटे दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश के ऊपर बने कम दबाव वाले क्षेत्र के कारण आज यानी 6 सितंबर को पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी मध्य प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग यानी IMD के अनुसार, यह दबाव का सिस्टम अगले दो दिनों में धीरे-धीरे पूर्व-उत्तर-पूर्व दिशा में आगे बढ़ सकती है. इसके असर से मध्य भारत और उत्तर भारत के कुछ हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी. ऐसे में आइए जानते हैं आज के मौमस का हाल.
दिल्ली में 6 सितंबर को आसमान सामान्य तौर पर बादलों से घिरा रह सकता है. IMD के दिल्ली पूर्वानुमान के अनुसार राजधानी में हल्की बारिश और गरज-चमक की संभावना है, जबकि कुछ इलाकों में मध्यम बारिश भी हो सकती है. 5 सितंबर को दिल्ली में बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक की परेशानी भी सामने आई है. ऐसे में 6 सितंबर को भी बारिश के दौरान लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है. खासकर निचले इलाकों और जलभराव वाली सड़कों पर अतिरिक्त सतर्कता जरूरी होगी.
6 सितंबर को पश्चिमी मध्य प्रदेश में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. वहीं पूर्वी मध्य प्रदेश में 6 से 8 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है. इसके अलावा कई इलाकों में गरज-चमक और बिजली के साथ बारिश हो सकती है. साथ ही पूर्वी उत्तर प्रदेश में 6 से 8 सितंबर के दौरान कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है. 6 सितंबर को कुछ इलाकों में भारी बारिश भी हो सकती है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी बारिश का असर बना रहेगा. इससे निचले इलाकों में जलभराव और किसानों के खेतों में पानी जमा होने की समस्या हो सकती है. साथ ही राजस्थान में भी भारी बारिश का अनुमान लगाया गया है.
पूर्वी भारत में भी मॉनसून सक्रिय रहने वाला हैय बिहार में 6 से 7 सितंबर और 11 सितंबर को कई जगहों पर बारिश की संभावना है.
इसके अलावा झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में भी आने वाले दिनों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. ओडिशा में 6 से 8 सितंबर के बीच कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. वहीं, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय और नागालैंड समेत पूर्वोत्तर राज्यों में अगले कई दिनों तक बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी. 6 से 11 सितंबर के बीच कई इलाकों में भारी बारिश होने की संभावना है. अरुणाचल प्रदेश और अन्य पूर्वोत्तर राज्यों में गरज-चमक और बिजली गिरने का भी खतरा रहेगा.
मौसम विभाग के मुताबिक अगले 6-7 दिनों तक प्रायद्वीपीय भारत में बारिश की गतिविधि अपेक्षाकृत कम रहने की संभावना है. हालांकि, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल और केरल में 6 सितंबर को कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है. तमिलनाडु और आसपास के क्षेत्रों में 6 सितंबर को तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना है. कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है.
लगातार बारिश वाले इलाकों में किसानों को खेतों में पानी की निकासी का इंतजाम रखना चाहिए. सब्जियों और दूसरी संवेदनशील फसलों में ज्यादा पानी जमा होने से नुकसान हो सकता है. आंधी और बिजली गिरने की स्थिति में खेतों में काम करने से बचें और सुरक्षित स्थान पर रहें. इसके अलावा मौसम विभाग ने अरब सागर के कुछ हिस्सों में खराब मौसम की संभावना को देखते हुए मछुआरों को सावधानी बरतने की सलाह दी है. 6 से 9 सितंबर के बीच अरब सागर के कुछ हिस्सों में समुद्री परिस्थितियां खराब रह सकती हैं. ऐसे में मछुआरों को मौसम की जानकारी लेकर ही समुद्र में जाने की सलाह दी गई है.