
महाराष्ट्र के सातारा जिले की खंडाला तहसील के अतीट गांव में देर रात हुई बेहद तेज बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं. पहाड़ी इलाकों से अचानक तेज रफ्तार से पानी नीचे की ओर आया, जिससे गांव के पास बहने वाला नाला उफान पर आ गया. कुछ ही समय में नाले का पानी आसपास के इलाकों में फैल गया और गांव में बाढ़ जैसे हालात बन गए. तेज बहाव के कारण लोगों में डर का माहौल पैदा हो गया और कई ग्रामीणों को सुरक्षित जगहों की ओर जाना पड़ा.
भारी बारिश के बाद पानी का बहाव इतना तेज था कि गांव की सड़कें और मंदिर परिसर भी जलमग्न हो गए. अचानक आए पानी से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई. लोग अपने घरों से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने लगे. कई जगहों पर पानी जमा होने से गांव का सामान्य जीवन कुछ समय के लिए पूरी तरह प्रभावित हो गया.
बाढ़ के तेज बहाव का सबसे ज्यादा असर नाले के किनारे बने घरों पर पड़ा. कई घरों में पानी घुस गया, जिससे लोगों का घरेलू सामान खराब हो गया. घरों में रखा अनाज, जरूरी सामान और अन्य वस्तुओं को भी नुकसान पहुंचा है. ग्रामीणों ने बताया कि अचानक आए पानी के कारण उन्हें संभलने का मौका तक नहीं मिला और कई परिवारों को काफी परेशानी उठानी पड़ी.
बारिश और बाढ़ का असर गांव की खेती पर भी पड़ा है. आसपास के कई खेत पानी में डूब गए हैं. खेतों में खड़ी फसलें खराब होने की आशंका जताई जा रही है. इसके अलावा तेज पानी के बहाव से कई जगहों पर उपजाऊ मिट्टी भी बह गई है, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ सकता है. ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द से जल्द खेतों और फसलों के नुकसान का सर्वे कराने की मांग की है.
घटना की जानकारी मिलने के बाद प्रशासन ने हालात पर नजर बनाए रखी है. अधिकारियों की ओर से लोगों को नालों, पुलों और ज्यादा पानी वाले इलाकों से दूर रहने की सलाह दी गई है. प्रशासन ने अपील की है कि बारिश के दौरान बिना जरूरी काम के घरों से बाहर न निकलें और सुरक्षित स्थानों पर रहें.
ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रभावित परिवारों और किसानों के नुकसान का जल्द आकलन किया जाए और उन्हें सरकारी मदद उपलब्ध कराई जाए. फिलहाल इलाके में बारिश का दौर जारी है और प्रशासन लगातार स्थिति की निगरानी कर रहा है. आने वाले समय में मौसम और राहत कार्यों से जुड़ी हर बड़ी जानकारी पर नजर बनी हुई है.
ये भी पढ़ें:
मुर्गीपालन ने अनिता वड्डे को बनाया 'लखपति दीदी', बनीं ग्रामीण महिलाओं की प्रेरणा
उर्वरक सब्सिडी पर उठे सवाल, किसानों को जबरन खाद बेचने की शिकायत; सरकार से नियम बदलने की मांग