
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बजट सत्र 2026-27 से पहले एक बड़ा ऐलान किया है. उन्होंने कहा कि राज्य का बजट जनता और किसानों की राय से तैयार किया जाएगा, ताकि राज्य के नागरिकों को लाभ हो और इस बजट में जनमत को शामिल करने के लिए समाज के हर वर्ग से सुझाव मांगे जा रहे हैं. दरअसल, कुरुक्षेत्र में बजट पूर्व परामर्श बैठक को संबोधित करते हुए CM सैनी ने कहा कि इन सभी सुझावों को बजट में शामिल करने के प्रयास किए जाएंगे, जहां सभी अधिकारी और विषय विशेषज्ञ इन सुझावों पर गंभीरता से विचार करेंगे और बजट जनता के हितों को ध्यान में रखते हुए तैयार किया जाएगा.
कुरुक्षेत्र में बजट पूर्व परामर्श बैठक से पहले उन्होंने भारतीय किसान संघ, भारतीय मजदूर संघ, स्वदेशी जागरण मंच, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, विद्या भारती, अधिवक्ता परिषद, विश्व हिंदू परिषद, क्रीड़ा भारती समेत अन्य संगठनों से भी बजट को लेकर सुझाव लिए.
मुख्यमंत्री सैनी ने कहा कि यह बजट किसी एक सरकार या किसी चुनावी एजेंडे के लिए नहीं है, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हरियाणा के 28 करोड़ नागरिकों का बजट है. बजट पूर्व परामर्श प्रक्रिया को लोकतंत्र का एक महत्वपूर्ण और शक्तिशाली उपकरण बताते हुए सैनी ने कहा कि सरकार किसानों, श्रमिकों, युवाओं, अधिवक्ताओं, शिक्षा, खेल और सामाजिक संगठनों से प्राप्त सुझावों पर गंभीरता से विचार करेगी.
मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव की ओएसडी हीना बिंदलिश ने सरकार द्वारा आयोजित 11 पूर्व-बजट परामर्श बैठकों से संबंधित कार्रवाई रिपोर्ट का विवरण पेश किया. उन्होंने कहा कि राज्य में इनक्यूबेशन केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं, स्टार्टअप से संबंधित कई सुझावों को पहले ही लागू किया जा चुका है और रोजगार सृजन से संबंधित प्रस्तावों पर काम जारी है.
वहीं, मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार योग्यता के आधार पर नौकरियां दे रही है, जो कांग्रेस के शासनकाल में संभव नहीं था. भाजपा सरकार सभी को उचित सम्मान दे रही है. साथ ही सीएम सैनी ने कहा कि जनता की भागीदारी से तैयार किया गया बजट हरियाणा को आत्मनिर्भर, सशक्त और विकसित राज्य बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा.