
मथुरा जिले में बेमौसम बारिश, तेज आंधी और ओलावृष्टि ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. इसी बीच एक दुखद घटना सामने आई है, जहां फसल खराब होने के बाद एक किसान की मौत हो गई. यह मामला मांट तहसील के प्रेम नगर गांव का है. जानकारी के मुताबिक, किसान हीरालाल अपनी रबी फसल की स्थिति देखने खेत पहुंचे थे. लगातार बारिश और ओलावृष्टि के कारण उनकी फसल को नुकसान हुआ था. खेत में नुकसान देखकर वह अचानक गिर पड़े और उनकी मौत हो गई.
घटना को लेकर भारतीय किसान यूनियन (BKU) की जिला अध्यक्ष मीरा सिंह ने कहा कि फसल बर्बादी का सदमा लगने के बाद हीरालाल की हार्ट अटैक से मौत हुई है. हालांकि, इस दावे की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी, क्योंकि परिवार ने बिना पोस्टमार्टम के अंतिम संस्कार कर दिया.
घटना के बाद नायब तहसीलदार रूबी यादव मौके पर पहुंचीं और परिजनों से बातचीत कर हालात का जायजा लिया. वहीं, मांट की उप जिलाधिकारी ऋतु सिरोही ने बताया कि परिवार ने बिना पोस्टमार्टम के अंतिम संस्कार कर दिया है, लेकिन प्रशासन की ओर से हर संभव मदद पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा.
किसान संगठन ने इस घटना को गंभीर बताते हुए पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता देने की मांग की है. उ कहना है कि बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से किसानों को भारी नुकसान हो रहा है, जिससे वे मानसिक दबाव में हैं. जिला प्रशासन ने कहा कि हाल ही में हुई बारिश और ओलावृष्टि से जिले के कई हिस्सों में गेहूं की फसल को व्यापक नुकसान पहुंचा है.
जिलाधिकारी चंद्रप्रकाश सिंह ने प्रभावित किसानों से अपील की है कि वे फसल बीमा योजना के तहत तय समय सीमा में अपना दावा दर्ज करें. उन्होंने यह भी बताया कि फसल नुकसान का आकलन करने के लिए सर्वे कराया जा रहा है और रिपोर्ट शासन को भेजी जा रही है.
उधर, प्रदेश सरकार ने भी इस स्थिति पर चिंता जताते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रभावित किसानों को जल्द मुआवजा दिया जाए. मौसम विभाग ने मथुरा और आसपास के इलाकों में अगले कुछ दिनों तक बारिश, आंधी और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की चेतावनी दी है, जिससे किसानों की चिंता बनी हुई है.