
उत्तर प्रदेश में गन्ना किसानों की सुविधा और पारदर्शिता बढ़ाने के उद्देश्य से गन्ना विकास विभाग ने एक नई डिजिटल व्यवस्था लागू की है. अब किसान घर बैठे ही अपने आसपास उपलब्ध गन्ना बीज की जानकारी ऑनलाइन देख सकेंगे. इस पहल को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में और गन्ना मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी व राज्य मंत्री संजय गंगवार के मार्गदर्शन में लागू किया गया है. गन्ना विकास विभाग द्वारा जारी बयान के अनुसार, विभागीय वेबसाइट पर बीज से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण जानकारियां लाइव कर दी गई हैं. इसमें निकटतम गन्ना बीज धारक किसान, उपलब्ध गन्ना किस्में और उनकी मात्रा का पूरा विवरण शामिल है. किसान वेबसाइट पर जाकर बीज टैब के माध्यम से यह जानकारी आसानी से प्राप्त कर सकते हैं.
नई व्यवस्था के तहत किसान अपने क्षेत्र के नजदीकी चीनी मिल या सरकारी गन्ना बीज नर्सरी में उपलब्ध बीज की सटीक मात्रा की जानकारी ऑनलाइन देख सकेंगे. इससे उन्हें बार-बार अलग-अलग स्थानों पर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी और समय की बचत होगी.
विभाग ने कहा कि इस डिजिटल सिस्टम का मुख्य उद्देश्य बीज वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना और किसानों को बिचौलियों से बचाना है. अब किसान सीधे प्रमाणित स्रोतों से ही बीज की उपलब्धता की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे, जिससे धोखाधड़ी की संभावना भी कम होगी.
पोर्टल पर सिर्फ सिफारिश की गई और प्रमाणित गन्ना किस्मों की जानकारी दी गई है. इसके साथ ही इन किस्मों का विस्तृत विवरण भी उपलब्ध कराया गया है, ताकि किसान अपनी जरूरत और स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार सही बीज का चयन कर सकें. इससे गन्ना बुवाई के लक्ष्यों को पूरा करने में भी मदद मिलेगी.
इस व्यवस्था से किसानों को अपने आसपास ही बीज की उपलब्धता का पता चल सकेगा. वे सीधे संबंधित किसान या नर्सरी से संपर्क कर बीज प्राप्त कर सकते हैं. इससे उन्हें बीज के लिए इधर-उधर भटकना नहीं पड़ेगा और प्रक्रिया आसान होगी.
अगर किसी किसान को पोर्टल के इस्तेमाल में परेशानी होती है तो वह वेबसाइट पर दिए गए टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1800-121-3203 पर संपर्क कर सकता है या अपने क्षेत्रीय गन्ना पर्यवेक्षक से भी सहायता ले सकता है. इस नई डिजिटल पहल को गन्ना किसानों के लिए एक बड़ा कदम माना जा रहा है, जो उन्हें तकनीक के माध्यम से सीधे लाभ पहुंचाने और खेती को अधिक संगठित और पारदर्शी बनाने की दिशा में मदद करेगा.