
चाय के शौकीनों के देश भारत में इस बार चाय का उत्पादन गिर गया है. नवंबर 2025 के दौरान भारत का चाय प्रोडक्शन एक साल पहले के 148.36 लाख किलोग्राम के मुकाबले 16.29 प्रतिशत घटकर 124.19 लाख किलोग्राम रह गया है. जबकि बड़े प्रोड्यूसिंग राज्यों असम और पश्चिम बंगाल में इस दौरान गिरावट देखी गई. तमिलनाडु देश भर में तीसरा सबसे बड़ा चाय उत्पादक है, वहां पर उत्पादन पर थोड़ा असर पड़ा है.
कुल मिलाकर यह गिरावट नॉर्थ इंडिया में प्रोडक्शन में बड़ी गिरावट की वजह से हुई है, जहां खराब मौसम की वजह से प्रोडक्शन करीब 18.5 प्रतिशत घटकर 104.68 लाख किलोग्राम रह गया. टी बोर्ड के लेटेस्ट प्रोडक्शन डेटा के मुताबिक असम में नवंबर में प्रोडक्शन 10.59 परसेंट घटकर 60.76 लाख किलोग्राम रह गया. असम वैली में उत्पादन करीब 9.91 प्रतिशत घटकर करीब 56.97 लाख किलोग्राम रह गया. वहीं कछार में यह करीब 19.70 फीसदी गिरकर 3.79 लाख किलोग्राम रह गया.
वहीं पश्चिम बंगाल में भी कुल चाय प्रोडक्शन 26.75 प्रतिशत घटकर 41.27 लाख किलोग्राम रह गया.पश्चिम बंगाल के दुआर्स इलाके में लगभग 24 प्रतिशत की गिरावट के साथ 22.43 लाख किलोग्राम रहा. जबकि तराई इलाके में लगभग 30.06 प्रतिशत की गिरावट के साथ 18.52 लाख किलोग्राम रहा.दार्जिलिंग में प्रोडक्शन लगभग 8.57 प्रतिशत घटकर 0.32 लाख किलोग्राम रह गया.
दक्षिण भारत में, कुल प्रोडक्शन लगभग 2 प्रतिशत घटकर 19.51 लाख किलोग्राम रह गया है. दक्षिण भारत का सबसे बड़ा प्रोडक्शन करने वाले इलाके तमिलनाडु में नवंबर के महीने में इसमें करीब छह प्रतिशत बढ़त दर्ज हुई है. 14.28 लाख किलोग्राम हो गया. केरल में उत्पादन में 17.15 प्रतिशत की गिरावट आई है और यह 4.88 लाख किलोग्राम रह गया. इसी तरह से कर्नाटक में प्रोडक्शन करीब 33 प्रतिशत घटकर 0.35 लाख किलोग्राम रह गया.
अगर पूरे भारत की बात करें तो नवंबर में छोटे किसानों का चाय उत्पान पांचवें हिस्से तक घटकर 70.19 लाख किलोग्राम रह गया है. जबकि बड़े किसानों का प्रोडक्शन लगभग दसवें हिस्से तक घटकर 54 लाख किलोग्राम पर आ गया है.
यह भी पढ़ें-