असम में धान की खरीद जारी. (सांकेतिक फोटो)असम में किसानों से लगातार धान की खरीदी की जा रही है. असम सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर अभी तक प्रदेश के 62000 किसानों से कुल 6 लाख मीट्रिक धान खरीदा है. इसके लिए किसानों के खातों में 12,000 करोड़ जारी किए गए हैं. खास बात यह है कि ये जानकारी प्रदेश के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने दी हैं.
द इकोनॉमिक टाइम्स के मुताबिक, खानापारा के पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय में शनिवार को तीन दिवसीय 8वें असम एग्री-हॉर्टी शो-2023 का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम में शामिल होने आए सीएम सरमा ने मीडिया संबोधित करते हुए धान खरीदी के बारे में जानकारी दी. इस मौके पर सीएम ने दारांगिरी केला बाजार के विकास के लिए परियोजना की आधारशिला भी रखी. इसके अलावा उन्होंने असम बीज निगम लिमिटेड के कार्यालय भवन की आधारशिला रखी और औपचारिक रूप से इसके लोगो और “ब्रांड नाम” का अनावरण किया.
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सरमा ने कहा कि राज्य की मौजूदा सरकार कृषि क्षेत्र के उत्थान के लिए पिछले ढाई साल से अथक प्रयास कर रही है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा न्यूनतम समर्थन मूल्य पर राज्य भर के 62000 किसानों से कुल 6 लाख मीट्रिक टन धान की खरीद हुई है. उन्होंने कहा कि इसके बदले किसानों के खातों में 12000 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए हैं.
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मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि किसानों से सरसों खरीदने के राज्य सरकार की कोशिश अब सफल हो रही है. मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों के हित में कई कदम उठाए गए हैं, ताकि वे उन योजनाओं और नीतियों से वंचित न रहें जो उनके लाभ के लिए शुरू की गई हैं. उन्होंने कहा कि बाजरा मिशन और चारा मिशन कार्यक्रम से किसानों को काफी लाभ मिला है. सीएम ने कहा कि दूसरे राज्यों की तरह प्रदेश के किसानों को बागवानी भी करनी चाहिए, ताकि वे अधिक से अधिक कमाई कर सकें.
सीएम सरमा ने कहा कि राज्य में करीब 100 करोड़ रुपये के फूलों का बाजार है. लेकिन किसान अपनी मांग का केवल 15 प्रतिशत ही उत्पादन करते हैं. इसके अलावा सुअर के चारे और मछली के चारे के लिए भी हम दूसरे राज्यों पर ही निर्भर हैं. अगर किसान इनकी खेती करते हैं, तो और ज्यादा मुनाफा होगा.
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