शिवसेना यूबीटी ने सूखे को लेकर कलेक्‍ट्रेट तक निकाला मार्च, फसल मुआवजे पर सरकार को दिया अल्‍टीमेटम

शिवसेना यूबीटी ने सूखे को लेकर कलेक्‍ट्रेट तक निकाला मार्च, फसल मुआवजे पर सरकार को दिया अल्‍टीमेटम

अकोला में शिवसेना यूबीटी के नेतृत्व में किसानों ने सूखे और फसल नुकसान को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय तक मार्च निकाला. किसानों ने अकोला समेत अमरावती विभाग के पांच जिलों को सूखाग्रस्त घोषित करने और मुआवजा देने की मांग की.

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शिवसेना यूबीटी ने सूखे को लेकर कलेक्‍ट्रेट तक निकाला मार्च, फसल मुआवजे पर सरकार को दिया अल्‍टीमेटमबड़ी संख्‍या में मार्च में शामिल हुए शिवसेना यूबीटी कार्यकर्ता और किसान

महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र में सूखे और फसल नुकसान को लेकर किसानों का आक्रोश सामने आया है. अकोला जिले को सूखाग्रस्त घोषित करने और किसानों को तत्काल आर्थिक सहायता देने की मांग को लेकर शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे गुट ने जिलाधिकारी कार्यालय तक आक्रोश मोर्चा निकाला. मोर्चा स्वराज भवन और बस स्टैंड चौक से शुरू होकर जिलाधिकारी कार्यालय तक पहुंचा. मार्च में बड़ी संख्‍या में किसान और पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए. कई किसान बैलगाड़ियों के साथ बारिश की कमी से सूखी फसल भी लेकर पहुंचे और विरोध-प्रदर्शन किया. वहीं, विधायक नितीन देशमुख ने मुआवजे की घोषणा को लेकर राज्‍य सरकार को अल्‍टीमेटम भी दिया.

अकोला समेत पांच जिलों को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग

शिवसेना यूबीटी ने अकोला जिले के साथ अमरावती विभाग के पांच जिलों को सूखाग्रस्त घोषित करने की मांग की है. विपक्षी दल का कहना है कि बारिश की कमी से खरीफ फसलों को नुकसान हुआ है और किसानों को तत्काल आर्थिक मदद की जरूरत है. संगठन ने फसल नुकसान का सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा देने की मांग की है.

सूखी सोयाबीन लेकर किसानों ने जताई नाराजगी

मोर्चे के दौरान किसानों ने बताया कि बारिश समय पर नहीं होने से फसलों को नुकसान पहुंचा है. किसानों ने सरकार से फसल नुकसान का सर्वे कराने और उचित मुआवजा देने की मांग की. किसानों का कहना है कि फसल नुकसान के बाद समय पर आर्थिक सहायता मिलना जरूरी है.

सरकार को दी 5 अक्टूबर तक की डेडलाइन

शिवसेना यूबीटी के उपनेता और अकोला के विधायक नितीन देशमुख ने किसानों के मुआवजे को लेकर सरकार को अल्टीमेटम दिया है. उन्होंने कहा कि अगर 5 अक्टूबर तक किसानों को 50 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की आर्थिक सहायता नहीं मिली तो किसानों के साथ मिलकर आंदोलन तेज किया जाएगा. उन्होंने इसके तहत समृद्धि महामार्ग बंद करने की चेतावनी भी दी.

सरकार पर लगाया किसानों की अनदेखी का आरोप

नितीन देशमुख ने राज्य की महायुति सरकार पर विदर्भ के किसानों के सूखे जैसे हालात को लेकर संवेदनहीनता का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि किसानों को राहत दिलाने के लिए उनका संगठन आंदोलन जारी रखेगा. 50 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की सहायता और 5 अक्टूबर की समयसीमा शिवसेना ठाकरे गुट की मांग है.

सीएम ने सूखे की स्थित‍ि पर दिया बयान

वहीं, बीते दिन महाराष्‍ट्र सीएम ने समीक्षा बैठक के बाद सूखे की स्थि‍ति पर बयान दिया. उन्‍होंने कहा कि राज्‍य में बुधवार से फसलों के पंचनामे शुरू करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं और शनिवार से पहले नोटिफिकेशन जारी की जाएगी, जिसमें सूखा प्रभावित क्षेत्रों और वहां किए जाने वाले राहत उपायों की जानकारी दी जाएगी. 

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