
हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में किसानों को फसल बीमा पॉलिसी के दस्तावेज अब उनके घर पर ही दिए जाएंगे. इसके लिए कृषि विभाग ने ‘मेरी पॉलिसी मेरे हाथ’ अभियान शुरू किया है. यह अभियान प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत चलाया जा रहा है. इसका उद्देश्य किसानों को फसल बीमा के प्रति जागरूक करना और फसल खराब होने की स्थिति में उन्हें आर्थिक सुरक्षा देना है.
अधिकारियों के मुताबिक, यह विशेष अभियान 15 अक्टूबर से शुरू हुआ है और एक महीने तक चलेगा. इस दौरान एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कंपनी ऑफ इंडिया के प्रतिनिधि उन किसानों के घर जाएंगे, जिन्होंने कृषि लोन लिया है और अपनी फसलों का बीमा कराया है, प्रतिनिधि किसानों को उनकी बीमा पॉलिसी के दस्तावेज सौंपेंगे.
बिलासपुर के उप कृषि निदेशक कुलभूषण धीमान ने बताया कि जिले में कृषि लोन लेने वाले 13,241 किसानों ने अपनी मक्का और धान की फसलों का बीमा कराया है. इन किसानों ने कुल 2,830 हेक्टेयर क्षेत्र में फसल बीमा कराया है. अब अभियान के माध्यम से इन किसानों तक उनकी बीमा पॉलिसी पहुंचाई जाएगी. इस पहल से किसानों को अपनी बीमा पॉलिसी के दस्तावेज प्राप्त करने में आसानी होगी. साथ ही, वे बीमा से जुड़ी जानकारी को बेहतर तरीके से समझ सकेंगे.
कृषि विभाग के मुताबिक, मौसम आधारित फसल बीमा योजना के तहत बिलासपुर जिले में लहसुन की फसल का बीमा कराने की प्रक्रिया 1 नवंबर से 30 नवंबर तक खुली रहेगी. इस दौरान किसान अपनी लहसुन की फसल का बीमा करा सकते हैं.
मौसम में बदलाव, बेमौसम बारिश और अन्य प्राकृतिक कारणों से किसानों की फसलों को नुकसान हो सकता है. इससे उनकी मेहनत और खेती पर किया गया खर्च प्रभावित होता है. ऐसे में फसल बीमा किसानों को आर्थिक सुरक्षा देने में मदद कर सकता है. फसल को नुकसान होने पर योजना के नियमों और शर्तों के अनुसार पात्र किसानों को बीमा क्लेम का लाभ मिल सकता है. कृषि विभाग का कहना है कि किसानों को फसल बीमा के प्रति जागरूक करना जरूरी है, ताकि वे संभावित नुकसान से बचाव के लिए समय पर बीमा करा सकें. ‘मेरी पॉलिसी मेरे हाथ’ अभियान इसी दिशा में एक पहल है. (PTI)