
मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले के बनखेड़ी क्षेत्र में बिजली विभाग के समाधान शिविर के दौरान हंगामे की स्थिति बन गई. ग्राम मलकजरा में आयोजित शिविर में अपनी समस्या लेकर पहुंचे किसान के साथ विभाग के जूनियर इंजीनियर के अभद्र व्यवहार का वीडियो सामने आने के बाद मामला तूल पकड़ गया है. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो ने विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
जानकारी के मुताबिक, चांदोन वितरण केंद्र के अंतर्गत बिजली संपर्क अभियान 2026 के तहत ग्रामीणों की शिकायतें सुनने के लिए शिविर लगाया गया था. इसी दौरान एक किसान बिजली समस्या को लेकर अधिकारियों के पास पहुंचा, लेकिन बातचीत के दौरान माहौल अचानक गर्मा गया. वायरल वीडियो में जेई महेंद्र गोंडे गुस्से में टेबल पर हाथ मारते और किसान को उंगली दिखाकर धमकाते दिखाई दे रहे हैं.
वीडियो में अधिकारी किसान से कहते सुनाई दे रहे हैं, ज्यादा मत बोल मुंह तोड़ दूंगा. वीडियो में किसान की औकात देखने की बात भी सुनी और देखी जा सकती है. जेई का रुख बहुत गुस्से में देखा जा रहा है. मामले को शांत कराने के लिए बीच-बचाव की कोशिश भी की गई. उस वक्त शिविर में और भी किसान बैठे हुए थे. घटना के बाद मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने नाराजगी जताई. हालात बिगड़ते देख कर्मचारियों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया.
मामले की शिकायत क्षेत्रीय सांसद दर्शन सिंह चौधरी तक पहुंची. शिकायत मिलने के बाद सांसद ने संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों से फोन पर बात कर नाराजगी जताई और संबंधित जेई को तत्काल हटाने के निर्देश दिए. सांसद ने कहा कि किसानों के साथ इस तरह का व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे अधिकारियों पर कार्रवाई होना जरूरी है. बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने सांसद को भरोसा दिलाया कि इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी और इस संबंध में विभाग के बड़े अधिकारियों से बात की जा रही है. सांसद ने वरिष्ठ अधिकारियों को उस आरोपी जेई को हटाने का निर्देश दिया.
इस समाधान शिविर का मकसद आम लोगों और किसानों की समस्याओं को निपटाना था. लोग अपनी फरियाद लेकर पहुंचे थे, लेकिन इसी बीच जेई की अभद्रता से पूरा मामला अशांत हो गया. कुछ देर के लिए काम भी रुक गया. बाद में अधिकारियों और किसानों के प्रयास से बीच-बचाव किया गया तब जाकर मामला शांत हुआ और बाकी लोगों की फरियाद सुनी गई. हालांकि जेई का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जिसे लेकर उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग हो रही है. स्थानीय विधायक और सांसद ने भी इस मामले का संज्ञान लिया है.(पीताम्बर जोशी का इनपुट)