
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को ‘मन की बात’ की 138वें एपिसोड में देश के अलग-अलग हिस्सों में हो रहे ऐसे प्रयासों का जिक्र किया, जिनसे स्थानीय पहचान को नई संभावनाओं से जोड़ा जा रहा है. उन्होंने आंवले की खेती और इसकी प्रोसेसिंग के जरिए उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में किसानों और महिलाओं की बदलती आर्थिक स्थिति का जिक्र किया. प्रधानमंत्री ने बताया कि ‘एक जिला-एक उत्पाद’ (One District One Product- ODOP) के जरिए प्रतापगढ़ के आंवले को स्थानीय स्तर से आगे बाजार तक पहुंचाने के प्रयास किए जा रहे हैं.
पीएम मोदी ने कहा कि प्रतापगढ़ और आंवले का रिश्ता पुराना है. यहां किसान पीढ़ियों से आंवले की खेती करते आ रहे हैं. आंवले ने जिले को एक अलग पहचान दी है और अब यही पहचान स्थानीय किसानों तथा महिलाओं के लिए रोजगार और आय के नए अवसर तैयार कर रही है. ODOP के तहत आंवले से जुड़े स्थानीय कारोबार को बढ़ावा मिलने के बाद जिले में इसके प्रसंस्करण से जुड़ी करीब 100 इकाइयां काम कर रही हैं. इन इकाइयों में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं भी अहम भूमिका निभा रही हैं.
प्रधानमंत्री ने प्रतापगढ़ के देवगढ़ कमासी गांव के सावित्री फुले स्वयं सहायता समूह का उदाहरण दिया. इस समूह से जुड़ी महिलाएं आंवले से कैंडी, मुरब्बा और जूस जैसे उत्पाद तैयार कर रही हैं. ODOP के जरिए इन उत्पादों को नए बाजारों तक पहुंचने का अवसर मिला, जिसका असर समूह की महिलाओं की आय पर भी पड़ा. यानी जो आंवला लंबे समय से खेतों में पैदा हो रहा था, उसे केवल कच्चे उत्पाद के रूप में बेचने के बजाय उससे अलग-अलग खाद्य उत्पाद तैयार कर बाजार में उतारने का रास्ता खुला.
इसी तरह प्रधानमंत्री ने एक अन्य गांव के विंध्यवासिनी स्वयं सहायता समूह का भी नाम लिया. इस समूह की महिलाएं आंवले का अचार और डाइजेस्टिव पाउडर समेत कई उत्पाद तैयार कर रही हैं. उन्होंने कहा कि समूह की महिलाओं को प्रोसेसिंग के लिए मशीनरी और लोन की सुविधा मिली. इसके साथ ही उन्हें स्थानीय व्यापार मेलों से जुड़ने का अवसर भी मिला. इन सुविधाओं और बाजार से जुड़ाव के बाद समूह की महिलाओं की आय में काफी बढ़ोतरी हुई.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश के हर क्षेत्र में कोई न कोई खास फल, पारंपरिक कला या स्थानीय हुनर मौजूद है. ODOP का उद्देश्य इन्हीं क्षेत्रीय विशेषताओं को आगे बढ़ाना है, ताकि गांवों और छोटे शहरों की पहचान सिर्फ स्थानीय बाजार तक सीमित न रहे. उन्होंने स्थानीय उत्पादों को देश के दूसरे हिस्सों और वैश्विक बाजारों तक पहुंचाने की जरूरत बताई और इसे ‘Vocal for Local’ अभियान से भी जोड़ा.
‘मन की बात’ में प्रधानमंत्री ने सर्जिकल स्ट्राइक के 10 साल पूरे होने, जनगणना में लोगों की भागीदारी, विश्व हिंदू परिषद के पूर्व अंतरराष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष स्वर्गीय अशोक सिंहल की जन्म शताब्दी, सोमनाथ और मोढेरा की विरासत, स्वच्छता अभियानों, पर्यावरण संरक्षण, नशा मुक्त युवा अभियान और ग्रामीण इलाकों में खेल प्रतिभाओं की पहचान जैसे विषयों पर भी बात की. इसके अलावा उन्होंने पोषण माह, गणेश उत्सव और थाईलैंड में भगवान गणेश से जुड़ी आस्था का भी उल्लेख किया.