
बुधवार सुबह पुणे जिले में एक विमान के क्रैश होने से महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की मौत हो गई. अधिकारियों ने बताया कि यह घटना तब हुई जब पवार (66) और अन्य लोगों को ले जा रहा विमान बारामती के पास लैंड कर रहा था. फ्लाइट रडार के अनुसार, फ्लाइट सुबह 8.10 बजे मुंबई से उड़ी थी और सुबह 8.45 बजे के आसपास रडार से गायब हो गई.
पिछले साल महाराष्ट्र के अधिकांश इलाकों में बेमौसम बारिश से भारी तबाही मची थी. किसानों को फसलें चौपट हो गईं. ऐसे बुरे वक्त में अजित पवार किसानों का सहारा बन कर उतरे थे और उन्हें सरकारी सहायता दिलाने में बड़ी मदद की थी. सरकार में डिप्टी सीएम रहते उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाया कि लोन माफी से लेकर मुआवजे तक, हर मामले में महाराष्ट्र सरकार उनके साथ खड़ी है.
पिछले साल सितंबर में महाराष्ट्र में बारिश आफत बन कर बरसी. किसानों के खेत कई फुट पानी में डूब गए. ऐसे में पवार ने सोलापुर जिले के करमाला तालुका का दौरा किया और किसानों और स्थानीय अधिकारियों से बातचीत की. उन्होंने किसानों से "हिम्मत न हारने" की अपील की और उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया. उन्होंने भरोसा दिलाया कि ऐसी विपरीत परिस्थिति में वे किसानों के साथ खड़े हैं.
उन्होंने X पर एक पोस्ट में कहा, "लगातार भारी बारिश के कारण फसलों को काफी नुकसान हुआ है. मैं फसलों का जायजा लेने खेतों में गया. मैंने किसानों से उनकी समस्याओं को समझने के लिए बातचीत की और हुए नुकसान के बारे में जानकारी इकट्ठा की."
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने साफ निर्देश दिए हैं कि प्रशासन को सावधानी से योजना बनानी चाहिए और बाढ़ प्रभावित इलाकों में किसानों तक तुरंत मदद पहुंचाने के लिए जरूरी कदम उठाने चाहिए. उन्होंने कहा, "हमारी सरकार हमारे किसानों के साथ मजबूती से खड़ी है."
पवार ने कहा कि उन्होंने संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को तुरंत पंचनामा करने और जल्द से जल्द मदद पहुंचाने का निर्देश दिया है. उन्होंने प्रशासन से राहत कार्य तुरंत करने और मुआवजे के लिए तत्काल कार्रवाई करने को कहा.
हालांकि पवार के दौरे और बयान पर राजनीति भी खूब हुई. राज्य कांग्रेस प्रवक्ता सचिन सावंत ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि महाराष्ट्र सरकार ने भारी बारिश से प्रभावित 31.64 लाख किसानों के लिए 2,215 करोड़ रुपये की मदद की घोषणा की है.
उन्होंने पूछा, "यह प्रति किसान 7,000 रुपये बैठता है. किसानों को हुए भारी नुकसान को देखते हुए यह रकम बहुत कम है. कांग्रेस पार्टी ने प्रति हेक्टेयर 50,000 रुपये की मदद की मांग की है. जो सरकार अपने कारोबारी दोस्तों के लिए उदार है, वह जनता की बात आने पर क्यों पीछे हट जाती है?"
एक महिला चश्मदीद के मुताबिक, महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार को ले जा रहा विमान "हवा में थोड़ा अस्थिर" लग रहा था और बुधवार सुबह पुणे जिले के बारामती के पास जमीन पर गिरते ही उसमें धमाका हो गया. घटना देखने वाले एक और व्यक्ति ने बताया कि क्रैश के बाद विमान में आग लग गई, जिसके बाद लगातार चार से पांच धमाके हुए. अधिकारियों के अनुसार, पवार (66) और चार अन्य लोगों की सुबह 8.50 बजे बारामती के पास विमान दुर्घटना में मौत हो गई.