
उत्तर प्रदेश के इटावा जिले की मात्र आठवीं तक पढ़ी मंत्रवती ने यह साबित कर दिया है कि हुनर और मेहनत के आगे समस्याएं बाधा नहीं बनतीं. इटावा जिले के जसवंतनगर विकासखंड के भटौरा' गांव की प्रगतिशील किसान मंत्रवती नई दिल्ली में गणतंत्र दिवस 2026 पर विशेष अतिथि के रूप में शामिल होंगी. अपनी इस उपलब्धि पर प्रगतिशील किसान मंत्रवती बेहद खुश नजर आ रही हैं. बता दें कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़कर मंत्रवती ने पारंपरिक खेती से आगे बढ़ते हुए लाभकारी और बाजारोन्मुख (Market-oriented) खेती को अपनाया है. आइए जानते हैं उनकी सफलता की कहानी.
मंत्रवती ने कोरोना काल जैसे कठिन दौर में उन्होंने अपने भविष्य की मजबूत नींव रखी और आज मंत्रवती एक बीघा में स्ट्रॉबेरी की खेती करती हैं. जिसकी फसल अक्टूबर से मार्च तक तैयार होती है. इसके अलावा तीन बीघे में ड्रैगन फ्रूट की खेती कर रही हैं, जिसकी कटाई छ्ह महीने में होती है. मंत्रवती ड्रैगन फ्रूट, स्ट्रॉबेरी के अलावा रागी जैसे मोटे अनाज की खेती भी करती हैं, जो पांच से छह महीने में तैयार हो जाती है. इन फसलों के जरिए उन्हें अच्छी आय हो रही है. साथ ही उन्हें लखपति दीदी का दर्जा मिला है.
इटावा के उप कृषि निदेशक आरएन सिंह ने बताया कि प्रगतिशील किसान मंत्रवती के लिए यह गौरव का क्षण है. वो गणतंत्र दिवस पर नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित परेड में विशेष अतिथि के रूप में प्रदेश की ओर से हिस्सा लेंगी. बेहतर नीति, मजबूत इच्छाशक्ति और आधुनिक सोच मंत्रवती जो कभी सीमित संसाधनों और आर्थिक तंगी से जूझ रही थीं. आज गांव में रहकर स्ट्राबेरी, ड्रैगन फ्रूट और रागी की खेती से सालाना करीब तीन लाख रुपये की कमाई कर रही हैं.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की रूरल डेवलपमेंट की स्पेशल प्लानिंग के तहत ऑपरेशन चलाकर स्वयं सहायता समूह से प्रदेश भर की महिलाएं जुड़ रहीं हैं, साथ ही आमदनी बढ़ाने के लिए महिलाओं को आधुनिक खेती का प्रशिक्षण भी दे रहीं हैं. वहीं, उन्हें गणतंत्र दिवस समारोह में विशेष अतिथि के रूप में शामिल होने पर घर-परिवार के साथ ही गांव के लोगों में भी खुशी की लहर है. बता दें कि मंत्रवती उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा भी सम्मानित हो चुकी हैं.