
देश में इस बार सेब का आयात अधिक होने की संभावना है. जुलाई से आयात बढ़ सकता है क्योंकि उसी महीने से नया मार्केटिंग सीजन शुरू हो सकता है. देश में प्रीमियम सेब की अधिक मांग और खपत की बढ़ती मात्रा को देखते हुए आयात के बढ़ने की संभावना जताई जा रही है. आयात ऐसी स्थिति में बढ़ने जा रहा है जब देसी सेब की पैदावार बढ़ बढ़ी है और मार्केट में उसकी डिमांड भी अच्छी है.
व्यापार जगत के लोग आयात बढ़ने के पीछे कई कारणों को जिम्मेदार मानते हैं. एक बड़ा कारण ये है कि देश में सेब की तुड़ाई का काम लगभग खत्म होने वाला है. देसी सेब की सप्लाई कुछ दिनों में बंद हो जाएगी जबकि मांग में लगातार उछाल देखा जा रहा है. यह मांग अब सालों भर बनी रहती है जिसकी खपत पूरी करने के लिए व्यापारियों को सेब का आयात करना पड़ रहा है.
अमेरिकी कंपनी यूएसडीए इंडिया पोस्ट के लोकल ऑफिस ने बताया है कि भारत में सेब के आयात में 10 परसेंट तक तेजी रह सकती है. 2024-25 मार्केटिंग सीजन में आयात की मात्रा 6 लाख टन तक जा सकती है. पिछले साल 5.44 लाख टन सेब का आयात हुआ था. लेकिन प्रीमिमय सेब की बढ़ती मांग को देखते हुए आयात में तेजी दर्ज होने की संभावना है. यूएसडीए पोस्ट ने भारत में लगातार बढ़ती सेब की खपत को भी आयात बढ़ने का कारण माना है.
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दूसरी ओर, देश में लोकल सेब की पैदावार बढ़ने का भी अनुमान है. इसमें 6 परसेंट की वृद्धि दर्ज की जा सकती है. इस साल देसी सेब का उत्पादन 25.5 लाख टन रह सकता है जबकि पिछले साल यह 24.1 लाख टन था. भारत में सेब का सीजन जुलाई से लेकर नवंबर तक चलता है. इसलिए नवंबर में जैसे ही सीजन खत्म होगा, विदेशी सेब का आयात बढ़ जाएगा क्योंकि लोकल सेब की आवक रुक जाएगी.
इस बार जम्मू कश्मीर और हिमाचल प्रदेश से निकलने वाले लोकल सेब की सप्लाई अच्छी रही है. दोनों राज्यों में सेब की पैदावार अधिक रही. दूसरी ओर इस सेब की बाजार में मांग अधिक बनी रही. फ्रेश फ्रूट एलायंस के फाउंडर प्रशांत गिडवानी ने कहा कि अगले सीजन को लेकर काफी उम्मीदें हैं मांग अधिक बने रहने की पूरी संभावनाएं हैं. देश में आयातित सेब की मांग और उसकी मात्रा तेजी से बढ़ रही है. पहले भारत में सबसे अधिक सेब अमेरिका से आते थे, लेकिन अब इसमें ईरान और तुर्की का नाम भी जुड़ गया है.
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भारत में दिनों दिन प्रीमियम सेब की मांग बढ़ रही है. ये सेब मुख्य तौर पर अमेरिका, फ्रांस और इटली में उगाए जाते हैं और इन्हीं देशों से भारत में आयात भी किए जा रहे हैं. इसमें पोलैंड का भी नाम है. सियोन एग्रीकोज नाम की कंपनी सेब आयात का काम करती है. उसने पिछले विदेशों से छह कंटेनर मंगाए थे जिसकी मात्रा लगभग 20 टन थी. लेकिन इस बार उनका टारगेट 50 कंटेनर मंगाने का है जिसमें से 40 कंटेनर केवल पोलैंड से आएंगे. नवंबर से लेकर अगले साल अगस्त तक आयातित सेब की मांग देश में अधिक रहेगी क्योंकि लोकल सेब का सीजन खत्म होने जा रहा है. आयातित सेब के दाम में तेजी रहने की संभावना जताई जा रही है.