आज का मौसमदेश के कई हिस्सों में अभी बारिश का दौर जारी है, लेकिन अब मॉनसून की वापसी के संकेत भी मिलने लगे हैं. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, 19 सितंबर 2026 के आसपास पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों से दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल बन रही हैं. हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि पूरे देश से मॉनसून की विदाई शुरू हो गई है. आने वाले दिनों में देश के कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है.
इसी बीच मौसम विभाग ने बताया है कि 19 सितंबर के आसपास अंडमान सागर और आसपास के इलाकों में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है. इसके बाद यह मौसम प्रणाली धीरे-धीरे मजबूत होकर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकती है. अगले 3 से 4 दिनों में इसके दक्षिण ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ने की संभावना है. इसका असर पूर्वी और दक्षिणी राज्यों के मौसम पर देखने को मिल सकता है.
सितंबर के दूसरे हिस्से में मॉनसून की वापसी की प्रक्रिया शुरू होने लगती है. मौसम विभाग के मुताबिक, पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों में 19 सितंबर के आसपास मॉनसून की वापसी के लिए जरूरी परिस्थितियां बन रही हैं. फिलहाल यह वापसी केवल पश्चिमी राजस्थान के कुछ हिस्सों तक सीमित रहने की संभावना है. देश के बाकी हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बनी रह सकती हैं. ऐसे में किसानों को यह समझना जरूरी है कि मॉनसून की वापसी का मतलब पूरे देश में बारिश का खत्म होना नहीं है.
मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर थाईलैंड के ऊपर बना ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण आगे बढ़ते हुए उत्तर अंडमान सागर के पास पहुंच सकता है. इसके प्रभाव से 19 सितंबर की शाम के आसपास अंडमान सागर और आसपास के क्षेत्र में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है. यह सिस्टम बनने के बाद धीरे-धीरे मजबूत हो सकता है और पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है. अगले 3 से 4 दिनों में इसके दक्षिण ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश के तट की तरफ जाने की संभावना है. इसके कारण इन क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं.
पूर्वी राजस्थान में आने वाले दिनों में बारिश का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है. मौसम विभाग ने 19 सितंबर को पूर्वी राजस्थान में भारी बारिश की संभावना जताई है. कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश भी हो सकती है. बारिश के साथ गरज-चमक की गतिविधियां भी देखने को मिल सकती हैं. भारी बारिश की स्थिति में निचले इलाकों में पानी भरने, सड़क यातायात प्रभावित होने और खेतों में जलभराव जैसी समस्या हो सकती है. किसानों को खेतों में पानी की निकासी की व्यवस्था पहले से रखने की सलाह दी गई है.
मध्य भारत के राज्यों में भी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. पश्चिमी मध्य प्रदेश में 19 सितंबर तक कई जगहों पर बारिश और गरज-चमक हो सकती है. इसके बाद 20 से 24 सितंबर के बीच भी कुछ इलाकों में बारिश जारी रह सकती है. पूर्वी मध्य प्रदेश में भी बारिश की संभावना है. छत्तीसगढ़ में 19 से 24 सितंबर के बीच कई जगहों पर बारिश हो सकती है. 22 से 24 सितंबर के दौरान कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना भी जताई गई है. विदर्भ में भी 19 सितंबर तक और फिर 21 से 24 सितंबर के दौरान बारिश का दौर देखने को मिल सकता है. किसानों के लिए इस दौरान सोयाबीन, कपास और दूसरी फसलों में जलभराव से बचाव करना जरूरी होगा.
पूर्वी भारत के कई राज्यों में बारिश की गतिविधियां बनी रहेंगी. बिहार में अगले कुछ दिनों के दौरान कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक हो सकती है. ओडिशा में 22 से 24 सितंबर के दौरान बारिश बढ़ने की संभावना है. कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश भी हो सकती है. पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी कई जगहों पर बारिश का दौर जारी रहेगा. गंगीय पश्चिम बंगाल में 23 और 24 सितंबर को भारी बारिश की संभावना है. मौसम विभाग ने ओडिशा और गंगीय पश्चिम बंगाल में कुछ समय के दौरान तेज गरज-चमक और बिजली गिरने की गतिविधि की भी चेतावनी दी है. ऐसे मौसम में लोगों को खुले मैदान और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है.
पश्चिम भारत के राज्यों में भी मौसम सक्रिय रहेगा. गुजरात क्षेत्र में 19 सितंबर तक कई जगहों पर बारिश और गरज-चमक हो सकती है. इसके बाद 20 से 24 सितंबर के बीच भी कुछ इलाकों में बारिश जारी रहने की संभावना है. कोंकण और गोवा में 21 से 24 सितंबर के दौरान कई जगहों पर बारिश हो सकती है. मध्य महाराष्ट्र में 21 और 22 सितंबर को बारिश की संभावना है, जबकि मराठवाड़ा में भी कई जगहों पर बारिश हो सकती है. कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र तथा मराठवाड़ा के कुछ हिस्सों में तेज हवा के साथ गरज-चमक की स्थिति बन सकती है. कुछ जगहों पर हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है और झोंकों के साथ 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक जा सकती है.
दक्षिण भारत के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर बना रह सकता है. केरल और माहे में 24 सितंबर तक कई जगहों पर बारिश की संभावना है. तटीय कर्नाटक में 20 से 24 सितंबर के बीच बारिश बढ़ सकती है. तेलंगाना, उत्तर आंतरिक कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भी कई जगहों पर बारिश होने की संभावना है. तेलंगाना में 19 से 24 सितंबर के बीच कुछ इलाकों में भारी बारिश हो सकती है. तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में 23 और 24 सितंबर को बारिश बढ़ने की संभावना है. तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में भी कुछ जगहों पर भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं.
दिल्ली-NCR में अगले चार दिनों के दौरान मौसम मुख्य रूप से साफ से आंशिक रूप से बादल छाए रहने वाला रहेगा. 18 सितंबर को दिल्ली में अधिकतम तापमान 33 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है. 19 से 20 सितंबर के दौरान अधिकतम तापमान 34 से 36 डिग्री और न्यूनतम तापमान 22 से 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है. इन दोनों दिनों में आसमान आंशिक रूप से बादल छाया रह सकता है. वहीं 21 सितंबर को मौसम मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है.
ये भी पढ़ें:
कपास, सोयाबीन और दलहन पर दोहरी मार: नई फसल बर्बाद, पुराने का नहीं मिला दाम|
किसानों को मिला कार्बन का पैसा, पंजाब-हरियाणा के 2550 किसानों को मिलेंगे 2.9 करोड़ रुपये
Copyright©2026 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today