केंद्र सरकार ने बिहार में धान खरीद की अंतिम तिथि 28 फरवरी से बढ़ाकर 31 मार्च कर दी है. अब तक 4.28 लाख किसानों से 29.22 लाख टन धान खरीदा जा चुका है. MSP पर बेचने का किसानों को अधिक अवसर मिलेगा.
बिहार में गन्ना यंत्रीकरण योजना के तहत किसानों को मशीन खरीद पर 50 से 60 प्रतिशत तक सब्सिडी दी जा रही है. चौथे रैंडमाइजेशन में सैकड़ों किसानों को परमिट जारी हुए हैं और बड़ी संख्या में किसानों ने मशीनें खरीदी हैं.
बिहार के कृषि मंत्री राम कृपाल यादव ने स्पष्ट किया कि फार्मर आईडी बनने तक भी किसानों को किसी योजना का लाभ मिलने में रुकावट नहीं होगी. राज्य में मिशन मोड में फार्मर रजिस्ट्री का काम तेजी से चल रहा है, जहां 85.53 लाख पीएम किसान लाभार्थियों में से 45.18 लाख किसानों की आईडी बन चुकी है. सरकार का लक्ष्य डिजिटल कृषि को बढ़ावा देना और बिचौलियों को खत्म कर योजनाओं का लाभ सीधे किसानों तक पहुंचाना है.
नीतीश कुमार की अगुवाई वाली सरकार ने बिहार की 25 लाख महिलाओं के खाते में फिर से नकद धनराशि भेजी है. सीएम नीतीश ने इन महिलाओं के खाते में 10-10 हजार रुपये की धनराशि भेजी है.
बिहार ने फार्मर आईडी निर्माण में 50 प्रतिशत का लक्ष्य पार कर लिया है. 51 प्रतिशत किसानों की डिजिटल पहचान तैयार होने से राज्य को केंद्र से 269.89 करोड़ रुपये की विशेष सहायता मिलेगी. यह उपलब्धि किसानों को योजनाओं का सीधा लाभ दिलाने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है.
किसानों की आर्थिक तरक्की को लेकर कई योजनाएं चला रही है, जिससे किसानों को कम लागत पर अधिक उपज मिल सके. इसी कड़ी में इस राज्य सरकार ने बगीचों और बागवानी फसलों की सुरक्षा के लिए कीट प्रबंधन योजना के तहत किसानों को सब्सिडी दर पर कीटनाशक का छिड़काव करवा रही है.
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