ट्रेड डील के विरोध में मानसा में किसानों का प्रदर्शन, पुलिस से हुई धक्का-मुक्की

ट्रेड डील के विरोध में मानसा में किसानों का प्रदर्शन, पुलिस से हुई धक्का-मुक्की

भारत-अमेरिका ट्रेड डील के विरोध में मानसा में संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर किसान संगठनों ने प्रदर्शन किया. डीसी दफ्तर के बाहर मांग पत्र लेने अधिकारी के नहीं पहुंचने पर किसान भड़क गए और बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की. इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों में धक्का-मुक्की हुई और एक महिला पुलिसकर्मी सड़क पर गिर गई. बाद में एडीसी ने मांग पत्र लिया.

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ट्रेड डील के विरोध में मानसा में किसानों का प्रदर्शन, पुलिस से हुई धक्का-मुक्कीभारत-अमेरिका ट्रेड डील पर किसानों का गुस्सा

भारत-अमेरिका प्रस्तावित ट्रेड डील के विरोध में सोमवार को मानसा में किसान संगठनों ने जोरदार प्रदर्शन किया. संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में किसान और किसान संगठनों के कार्यकर्ता शामिल हुए. प्रदर्शन के दौरान किसानों ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और ट्रेड डील को किसानों के हितों के खिलाफ बताते हुए इसे वापस लेने की मांग की.

डीसी दफ्तर की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने रोका

किसान संगठन अपनी मांगों को लेकर मानसा के डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के पास धरना दे रहे थे. इस दौरान प्रदर्शनकारी लगातार सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे. माहौल उस समय तनावपूर्ण हो गया, जब प्रदर्शनकारियों का मांग पत्र लेने के लिए जिला प्रशासन की ओर से कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा.

किसानों ने आरोप लगाया कि वे काफी देर से अपनी मांगों को प्रशासन तक पहुंचाने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन उनका मांग पत्र लेने कोई अधिकारी नहीं आया. इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने डीसी कार्यालय की ओर जाने की कोशिश की.

बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश, पुलिस से हुई धक्का-मुक्की

प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने डीसी कार्यालय के पास बैरिकेड लगाए थे. जब किसान आगे बढ़ने लगे तो पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की. इसी दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो गई.

स्थिति उस समय और तनावपूर्ण हो गई जब प्रदर्शनकारियों ने पुलिस के बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की. पुलिस और किसानों के बीच काफी देर तक खींचतान होती रही. इसी दौरान एक महिला पुलिसकर्मी सड़क पर गिर गई. हालांकि, प्रदर्शनकारियों का कहना था कि जब प्रशासन की ओर से उनका मांग पत्र नहीं लिया गया तो वे मजबूरी में बैरिकेड पार करने की कोशिश कर रहे थे.

भारत-अमेरिका ट्रेड डील का किसान क्यों कर रहे विरोध?

किसान संगठनों का कहना है कि भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित ट्रेड डील का असर देश के किसानों पर पड़ सकता है. किसानों को आशंका है कि समझौते के तहत कृषि क्षेत्र से जुड़े उत्पादों के आयात को बढ़ावा मिलने पर घरेलू किसानों और कृषि बाजार पर दबाव बढ़ सकता है.

संयुक्त किसान मोर्चा से जुड़े संगठनों ने केंद्र सरकार से मांग की कि किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए किसी भी व्यापार समझौते को आगे बढ़ाया जाए. किसानों का कहना है कि खेती पहले से ही कई चुनौतियों का सामना कर रही है और ऐसे में ऐसा कोई फैसला नहीं होना चाहिए जिससे किसानों की आय और उनकी फसलों के बाजार पर असर पड़े.

एडीसी पूनम सिंह ने किसानों से लिया मांग पत्र

प्रदर्शनकारियों की बढ़ती नाराजगी को देखते हुए आखिरकार प्रशासन की ओर से एडीसी पूनम सिंह मौके पर पहुंचीं. उन्होंने प्रदर्शन कर रहे किसानों से बातचीत की और उनका मांग पत्र लिया. इसके बाद उन्होंने प्रदर्शनकारियों को शांत करवाया.

मांग पत्र लिए जाने के बाद स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हुई. किसान संगठनों ने प्रशासन के सामने अपनी मांगें रखीं और केंद्र सरकार से भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर किसानों की चिंताओं पर ध्यान देने की अपील की.

किसानों ने कहा- मांगें नहीं मानी गईं तो जारी रहेगा आंदोलन

प्रदर्शन कर रहे किसान संगठनों ने कहा कि उनका आंदोलन केवल मानसा तक सीमित नहीं है. संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर अलग-अलग जगहों पर किसान संगठन सरकार की नीतियों के खिलाफ अपनी आवाज उठा रहे हैं. किसानों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर सरकार गंभीरता से विचार नहीं करती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा.

मानसा में हुए इस प्रदर्शन के दौरान कुछ समय के लिए तनाव की स्थिति जरूर बनी, लेकिन प्रशासन के अधिकारियों के मौके पर पहुंचने और किसानों का मांग पत्र लेने के बाद मामला शांत हो गया. अब किसान संगठनों की नजर सरकार की ओर से उनकी मांगों पर होने वाली कार्रवाई पर है. 

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