
फसल खरीदी पर बड़ा अपडेट (फाइल फोटो)हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड ने रबी मार्केटिंग सीजन (RMS) 2026-27 को लेकर बड़ा फैसला लिया है. अब प्रदेश की मंडियों को 24 घंटे खुला रखने का निर्णय लिया गया है, ताकि किसानों की फसल की खरीद प्रक्रिया बिना किसी देरी के पूरी की जा सके. बोर्ड ने शुक्रवार को जारी एक आदेश में कहा कि मंडियों में रात के समय भी फसलों की आवक बढ़ने को देखते हुए यह व्यवस्था लागू की जा रही है. इसके तहत अब रात में भी गेट पास जारी किए जाएंगे और खरीद कार्य लगातार चलता रहेगा.
पहले से ही HKRNL के माध्यम से डेटा एंट्री ऑपरेटर और चौकीदार तैनात किए गए हैं, जिन्हें मंडियों में काम के लिए लगाया गया है. इसके अलावा 28 मार्च 2026 को जारी निर्देश के तहत मंडी सचिवों को अपने स्तर पर अतिरिक्त स्टाफ रखने की अनुमति भी दी गई थी. यह स्टाफ किसानों या उनके नामित व्यक्तियों के बायोमेट्रिक सत्यापन के लिए लगाया जाएगा, ताकि खरीद प्रक्रिया में कोई बाधा न आए.

अब 24 घंटे मंडी संचालन के फैसले के बाद अतिरिक्त जनशक्ति की जरूरत और बढ़ सकती है. इसे देखते हुए सभी मंडी समितियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपनी अतिरिक्त स्टाफ की जरूरत का प्रस्ताव जिला मार्केटिंग एनफोर्समेंट अधिकारी के माध्यम से तुरंत भेजें. इस फैसले से किसानों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है, क्योंकि अब उन्हें फसल बेचने के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा और मंडियों में भीड़ का दबाव भी कम होगा.
मालूम हो कि हरियाणा में सरसों और गेहूं की एमएसपी पर खरीद शुरू हो चुकी है और मंडियों में किसान फसल लेकर पहुंचने लगे हैं. इस बार गेहूं की खरीद के दौरान बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन सिस्टम लागू किया गया है, जिससे किसानों और उनके नामित व्यक्तियों की पहचान सुनिश्चित की जा रही है.
सरकार का कहना है कि इस व्यवस्था से पारदर्शिता बढ़ेगी और फर्जी खरीद पर रोक लगेगी, जबकि मंडियों में सुचारू संचालन के लिए अधिकारियों को विशेष निर्देश दिए गए हैं. राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि मंडियों में किसी भी किसान को परेशानी नहीं होने दी जाएगी और सभी व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी की जा रही है. सरसों खरीद को लेकर भी जरूरी बदलाव लागू किए गए हैं, ताकि किसानों को समय पर भुगतान और बिना रुकावट फसल बिक्री की सुविधा मिल सके.
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