सीएम योगीउत्तर प्रदेश में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने भले ही गर्मी से राहत दी हो लेकिन गेहूं की फसल पर कहर बरपा दिया है. बुधवार देर शाम कई जगहों पर हुई ओलावृष्टि ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है. मौसम के अचानक बदलाव ने खेतों में तैयार गेहूं की फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया है. कई जगह फसल भीग गई और गेहूं के दाने का काला पड़ने का डर है. किसानों की मानें तो लगभग 40 फीसदी फसल खराब होने की आशंका है.
किसानों ने कहा कि इन दिनों ज्यादातर किसान गेहूं की कटाई कर रहे थे, लेकिन आए दिन हो रही बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से कटाई रुक गई है. निगोहा के कई किसानों ने बताया कि मंगलवार रात हुई बारिश और बुधवार को ओलों के साथ हुई बरसात से कटी और खड़ी फसल दोनों को नुकसान हुआ है.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के कई जनपदों में निरंतर हो रही बारिश पर चिंता जताई है. उन्होंने कहा कि प्रदेश में मौसम विपरीत है, ऐसे में प्रशासनिक अधिकारी निरंतर किसानों के संपर्क में रहें. बेमौसम बारिश ने किसानों का चैन छीन लिया है, लेकिन सरकार संबल के रूप में खड़ी है. उन्हें परेशानी नहीं होने दी जाएगी.
सीएम ने मंगलवार को फिर हुई असमय बारिश से किसानों को होने वाली परेशानी के बारे में जिलाधिकारियों से रिपोर्ट मांगी. उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी स्वयं किसानों के पास पहुंचे और जूनियर कर्मचारी को भी फील्ड में रखें. फसलों के नुकसान का आकलन कराने के साथ समयबद्ध ढंग से मुआवजा दिलाएं. हर हाल में प्रयास करें कि आपदा का असर किसानों पर कम हो, जनहानि, पशु हानि, घायलों और प्रभावितों को निश्चित समय में मुआवजा दिलाना सुनिश्चित करें. इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
अधिकारियों को अलर्ट मोड पर रहने का निर्देश देते हुए CM योगी ने कहा कि राजस्व, कृषि विभाग और बीमा कंपनी फसल नुकसान का तत्काल संयुक्त सर्वे कराकर शासन को अवगत कराएं, जिससे किसानों को तत्काल मुआवजा दिलाया जा सके. मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि निरंतर फील्ड में रहें, वस्तुस्थिति का जायजा लें और प्रभावित क्षेत्रों में फसलों को हुए नुकसान का वास्तविक आकलन कराएं, जिससे किसानों को समय पर उचित सहायता मिल सके.
मुख्यमंत्री ने प्रमुख सचिव (कृषि) और राहत आयुक्त को निर्देश दिया कि फील्ड में कार्यरत अधिकारियों से सीधा संपर्क करें और समन्वय बनाएं. सभी सूचनाएं समय पर एकत्र कर शासन को उपलब्ध कराई जाए, जिससे राहत कार्य भी समय से हो सके. सीएम योगी ने कहा हर प्रभावित किसान और बटाईदार को त्वरित राहत, क्षतिपूर्ति में नहीं होगी देरी. असमय वर्षा-ओलावृष्टि से हुए नुकसान पर सरकार संवेदनशील, तत्काल सर्वे और भुगतान के निर्देश करना शामिल है. किसानों के नुकसान का निष्पक्ष आकलन कर शीघ्र सहायता दें. आपदा की घड़ी में अन्नदाताओं के साथ सरकार, 24 घंटे में राहत पहुंचाने के निर्देश दिए हैं.
राहत कार्यों में लापरवाही अक्षम्य, हर किसान तक सहायता पहुंचाना प्राथमिकता है. जिन परिवारों के घर क्षतिग्रस्त या नष्ट हुए हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर मुख्यमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आवास उपलब्ध कराया जाए. पात्र लाभार्थियों को कृषक दुर्घटना बीमा योजना के अंतर्गत शीघ्र लाभान्वित किया जाए. (समर्थ श्रीवास्तव की रिपोर्ट)
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