झमाझम बारिश से किसानों के खिले चेहरे, बाजरा-कपास की फसलों को होगा फायदा

झमाझम बारिश से किसानों के खिले चेहरे, बाजरा-कपास की फसलों को होगा फायदा

मेवात में हुई झमाझम बारिश ने जहां लोगों को गर्मी और उमस से राहत दी, वहीं किसानों के लिए यह बारिश बड़ी खुशखबरी बनकर आई है. कृषि विशेषज्ञों के अनुसार इस बारिश से बाजरा, ज्वार, कपास समेत खरीफ फसलों की बढ़वार बेहतर होगी.

Advertisement
झमाझम बारिश से किसानों के खिले चेहरे, बाजरा-कपास की फसलों को होगा फायदाबारिश से फसलों को होगा फायदा

हरियाणा के नूंह जिले में गुरुवार को हुई झमाझम बारिश ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया. सुबह करीब 3 बजे शुरू हुई बारिश दोपहर तक रुक-रुक कर जारी रही. इससे जहां लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली, वहीं किसानों के लिए यह बारिश किसी वरदान से कम नहीं मानी जा रही है. कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यह बारिश खरीफ सीजन की फसलों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगी. साथ ही बारिश के कारण जिले के कई गांवों, कस्बों और निचले इलाकों में जलभराव हो गया. जिससे लोगों को काफी परेशानी हुई.

बारिश से इन फसलों को होगा फायदा

हालांकि, खेती के लिहाज से यह बारिश राहत लेकर आई है. कृषि विशेषज्ञों के अनुसार बाजरा, ज्वार, कपास, धान और अन्य खरीफ फसलों के लिए इस समय अच्छी बारिश बेहद जरूरी थी. खेतों में पर्याप्त नमी बनने से फसलों की बढ़वार तेज होगी और किसानों को बार-बार सिंचाई करने की जरूरत नहीं पड़ेगी. इससे डीजल, बिजली और सिंचाई पर होने वाला खर्च भी कम होगा.

भूजल स्तर में सुधार होने की उम्मीद

बारिश का फायदा जल संरक्षण के क्षेत्र में भी देखने को मिलेगा. जिले के तालाबों, कुओं, नदियों और अन्य जल स्रोतों में पानी की आवक बढ़ने से भूजल स्तर में सुधार होने की उम्मीद है. यदि आने वाले दिनों में भी इसी तरह बारिश होती रही तो पेयजल संकट काफी हद तक कम हो सकता है और किसानों को रबी सीजन के लिए भी पर्याप्त पानी मिलने की संभावना बढ़ जाएगी.

किसानों को अच्छी उपज मिलने की संभावना

जिला प्रशासन के अनुसार 5 अगस्त सुबह 8 बजे से 6 अगस्त सुबह 8 बजे के बीच सबसे अधिक 85 मिमी बारिश नगीना में दर्ज की गई. इसके अलावा फिरोजपुर झिरका में 72 मिमी, तावडू में 71 मिमी, नूंह में 60 मिमी, इंद्री में 52 मिमी और पुनहाना में 46 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई. वहीं, मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है. अगर बारिश का ये सिलसिला कुछ दिन और जारी रहा तो खरीफ फसलों की पैदावार बेहतर होने की उम्मीद है और किसानों को अच्छी उपज मिलने की संभावना भी बढ़ जाएगी.

कृषि विशेषज्ञों ने जताई अच्छी पैदावार की उम्मीद

कृषि क्षेत्र से जुड़े लोगों का कहना है कि समय पर हुई यह बारिश धान की खेती के लिए काफी फायदेमंद साबित होगी. खेतों में पर्याप्त नमी बनी रहेगी, जिससे पौधों का विकास बेहतर होगा. साथ ही किसानों की सिंचाई पर होने वाला खर्च भी कम होगा. यदि आने वाले दिनों में मौसम संतुलित बना रहता है, तो इस साल जिले में धान का उत्पादन अच्छा रहने की संभावना है. (कासिम खान की रिपोर्ट)

POST A COMMENT