
महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष ने राज्य सरकार की हाल ही में घोषित किसान कर्जमाफी योजना को लेकर सवाल उठाए. राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के विधायक रोहित पवार ने गुरुवार को आरोप लगाया कि मौजूदा स्वरूप में यह योजना वास्तविक कर्जमाफी के बजाय वसूली की योजना जैसी बन गई है और बड़ी संख्या में किसानों को इसका लाभ नहीं मिल पाएगा. विधानसभा में विपक्ष की ओर से लाए गए 'लास्ट वीक मोशन' पर चर्चा की शुरुआत करते हुए रोहित पवार ने कहा कि सरकार ने योजना में ऐसी पात्रता शर्तें रखी हैं, जिनकी वजह से करीब 70 प्रतिशत किसान इसके दायरे से बाहर रह सकते हैं.
उन्होंने राज्य सरकार से सभी शर्तें हटाकर पात्र किसानों को बिना किसी अतिरिक्त प्रतिबंध के 2 लाख रुपये तक की कर्जमाफी देने की मांग की. रोहित पवार ने कहा कि सरकार ने इस योजना का नाम पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर के नाम पर रखा है, जिसका स्वागत किया जाना चाहिए, लेकिन सख्त नियमों के कारण योजना का उद्देश्य कमजोर पड़ रहा है.
उन्होंने विशेष रूप से उस प्रावधान पर आपत्ति जताई, जिसके तहत वर्ष 2019 की महात्मा ज्योतिबा फुले कर्जमाफी योजना का लाभ ले चुके किसानों को नई योजना में अधिकतम 50 हजार रुपये तक का ही लाभ मिलेगा. उन्होंने कहा कि इस सीमा को समाप्त किया जाना चाहिए, ताकि सभी पात्र किसानों को समान रूप से राहत मिल सके.
रोहित पवार ने योजना में शामिल वन टाइम सेटलमेंट (ओटीएस) प्रावधान की भी आलोचना की. उन्होंने कहा कि 50 हजार रुपये से अधिक बकाया राशि पहले जमा करने की शर्त व्यावहारिक नहीं है. फसल नुकसान, कृषि उपज के घटते दाम और बढ़ती लागत से जूझ रहे किसानों के लिए पहले बकाया चुकाना आसान नहीं है.
गौरतलब है कि रोहित पवार ने पिछले महीने भी कर्जमाफी योजना की शर्तों को हटाने की मांग को लेकर अनशन किया था. अब उन्होंने विधानसभा में एक बार फिर सरकार से योजना की समीक्षा कर किसानों के हित में सभी प्रतिबंधात्मक शर्तें समाप्त करने की मांग दोहराई है.
इधर, महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर जिले में पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर शेतकरी कर्जमुक्ति योजना 2026 के तहत 1.80 लाख से अधिक किसानों को करीब 1,632.12 करोड़ रुपये की कर्जमाफी का लाभ मिलने की संभावना है. योजना के तहत पात्र किसानों का 2 लाख रुपये तक का बकाया मूलधन और ब्याज माफ किया जाएगा. जिला प्रशासन ने बताया कि अधिकांश पात्र किसानों का विवरण पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है, जबकि कुछ खातों में आधार लिंकिंग की प्रक्रिया पूरी की जा रही है.(पीटीआई)