
तेलंगाना के ज़हीराबाद स्थित महिंद्रा ट्रैक्टर प्लांट ने बीएआईएफ और अन्य गैर-सरकारी संगठनों के सहयोग से रेनजिंथल प्राथमिक विद्यालय, हाई स्कूल और उर्दू माध्यम स्कूल में व्यापक मरम्मत एवं नवीनीकरण का काम सफलतापूर्वक पूरा किया है. इस परियोजना के तहत स्कूलों में रंग-रोगन, फर्श की मरम्मत, कक्षाओं का नवीनीकरण, मंच की मरम्मत और नए शौचालयों का निर्माण किया गया. इन सुधारों से विद्यार्थियों को सुरक्षित, स्वच्छ और प्रेरणादायक वातावरण मिला है. साथ ही स्कूल प्रबंधन, अभिभावकों और विद्यार्थियों की भागीदारी भी बढ़ी है, जिससे शिक्षा के प्रति नई जागरूकता और उत्साह देखने को मिल रहा है.
नवीनीकरण कार्य के उद्घाटन समारोह में महिंद्रा ट्रैक्टर प्लांट, ज़हीराबाद के प्लांट हेड वी.एस. राम अपनी टीम के साथ उपस्थित रहे. इस अवसर पर स्कूल प्रबंधन, शिक्षकगण, विद्यार्थी और गांव के सरपंच भी मौजूद थे. विद्यालय समुदाय ने महिंद्रा के सहयोग और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आभार व्यक्त किया. यह पहल महिंद्रा समूह की कॉर्पोरेट सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति प्रतिबद्धता और शिक्षा के माध्यम से समुदायों को सशक्त बनाने के उसके विजन को दर्शाती है.
साल 1945 में स्थापित महिंद्रा समूह आज 100 से अधिक देशों में 3.24 लाख से अधिक कर्मचारियों के साथ कार्यरत एक प्रमुख बहुराष्ट्रीय कंपनी समूह है. भारत में कृषि उपकरण, उपयोगी वाहन, सूचना प्रौद्योगिकी और वित्तीय सेवाओं के क्षेत्र में अग्रणी स्थान रखने के साथ-साथ यह विश्व की सबसे बड़ी ट्रैक्टर निर्माता कंपनी है. इसके अलावा, समूह की मजबूत उपस्थिति नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि, लॉजिस्टिक्स, आतिथ्य और रियल एस्टेट क्षेत्रों में भी है. महिंद्रा ट्रैक्टर लंबे समय तक चलने वाले शक्तिशाली और बढ़िया माइलेज की वजह से किसानों के बीच बेहद लोकप्रिय हैं. ये भारत और 50 से अधिक वैश्विक बाजारों में कठिन और दुर्गम इलाकों में अपनी असाधारण निर्माण क्वालिटी तथा प्रदर्शन के लिए जाने जाते हैं.
बता दें कि महिंद्रा ट्रैक्टर भारत के लिए सबसे व्यापक ट्रैक्टर पोर्टफोलियो पेश करते हैं और विश्व स्तरीय इंजन, पावरट्रेन और समग्र प्रौद्योगिकियों के आधार पर, विश्व स्तरीय परीक्षण मानकों के साथ भारत में महिंद्रा के विश्व स्तरीय अनुसंधान एवं विकास, उत्पाद विकास, गुणवत्ता विनिर्माण के आधार पर विकसित किए जाते हैं. इसे देश के सबसे बड़े ट्रैक्टर सेल्स, सर्विस और स्पेयर्स नेटवर्क का सपोर्ट है, जिससे ओनरशिप की टोटल कॉस्ट सबसे कम है और ट्रैक्टर की रीसेल वैल्यू भी सबसे ज़्यादा है.
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