किसानों के खाते में पहुंचा 5000 करोड़, महाराष्ट्र में 6.22 लाख किसानों की हुई कर्जमाफी

किसानों के खाते में पहुंचा 5000 करोड़, महाराष्ट्र में 6.22 लाख किसानों की हुई कर्जमाफी

महाराष्ट्र के किसानों के लिए बड़ी राहत की खबर है. पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर कृषि कर्जमाफी योजना के तहत सरकार ने पहले चरण में 6.22 लाख किसानों के खातों में 5,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम ट्रांसफर कर दी है.

Advertisement
किसानों के खाते में पहुंचा 5000 करोड़, महाराष्ट्र में 6.22 लाख किसानों की हुई कर्जमाफीकिसानों के लिए बड़ी खुशखबरी

महाराष्ट्र के किसानों के लिए बड़ी खबर है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि ‘पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर कृषि कर्जमाफी योजना’ के तहत सरकार ने किसानों के बैंक खातों में पैसा भेजना शुरू कर दिया है. आधार वेरिफिकेशन पूरा होने के बाद अब तक 6.22 लाख किसानों के खातों में 5,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम भेजी जा चुकी है. सरकार का कहना है कि बाकी पात्र किसानों को भी आधार सत्यापन पूरा होने के बाद योजना का लाभ दिया जाएगा.

2 लाख रुपये तक का फसल लोन होगा माफ

राज्य सरकार ने इस साल की शुरुआत में किसानों के लिए यह कर्जमाफी योजना शुरू की थी. इसके तहत पात्र किसानों के 2 लाख रुपये तक के शॉर्ट-टर्म फसल लोन को माफ किया जाना है. योजना में 2019 से 2025 के बीच लिए गए पात्र फसल लोम को शामिल किया गया है.

मुख्यमंत्री फडणवीस के मुताबिक, सरकार ने शुरुआत में करीब 16 लाख किसानों की सूची तैयार की थी. इस सूची को फील्ड वेरिफिकेशन के लिए भेजा गया. जांच और आधार वेरिफिकेशन के बाद 6.22 लाख किसानों की पहली सूची को अंतिम रूप दिया गया और इनके खातों में रकम ट्रांसफर कर दी गई.

आधार वेरिफिकेशन पूरा करना जरूरी

मुख्यमंत्री ने साफ किया कि योजना का लाभ लेने वाले किसानों के लिए आधार वेरिफिकेशन बेहद जरूरी है. उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से पैसा ट्रांसफर करने की तैयारी पूरी है. जैसे ही किसी किसान का सत्यापित डेटा उपलब्ध होगा, उसके खाते में योजना की राशि भेजी जा सकती है. सरकार का कहना है कि आधार वेरिफिकेशन पूरा होने के बाद आगे की प्रक्रिया तेजी से पूरी की जाएगी, इसलिए जिन पात्र किसानों का अभी तक आधार सत्यापन नहीं हुआ है, उन्हें इसे जल्द पूरा करने की जरूरत है.

विपक्ष ने सरकार पर उठाए सवाल

वहीं, महाराष्ट्र में विपक्षी दल कर्जमाफी योजना को लेकर सरकार पर सवाल उठा रहे हैं. विपक्ष का आरोप है कि पात्रता की कठिन शर्तों और तकनीकी प्रक्रियाओं के कारण बड़ी संख्या में किसान योजना का लाभ लेने से वंचित हो रहे हैं. विपक्ष का दावा है कि 50 फीसदी से ज्यादा किसान अभी भी परेशानी में हैं. हालांकि, सरकार की ओर से कहा गया है कि सभी पात्र किसानों को तय प्रक्रिया पूरी होने के बाद योजना का लाभ दिया जाएगा. (PTI)

POST A COMMENT