मध्य प्रदेश में मूंग खरीदी को लेकर किसानों की परेशानी एक बार फिर बढ़ गई है. सरकार और किसानों के बीच 60% कोटा यानी प्रति एकड़ 3 क्विंटल मूंग खरीदी पर सहमति बनी थी, लेकिन किसानों का आरोप है कि खरीदी केंद्रों पर 3 क्विंटल की जगह सिर्फ 2.88 क्विंटल की तुलाई हो रही है.
मध्यप्रदेश सरकार ने किसान वर्ष में सोयाबीन किसानों को बड़ी सौगात दी है. सीहोर जिले की इछावर तहसील के ग्राम भाऊखेड़ी में नेशनल सोयाबीन रिसर्च इंस्टीट्यूट की स्थापना के लिए 20 हेक्टेयर भूमि आवंटित करने को मंजूरी दी गई है. वहीं, जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय के संचालन के लिए 2026-27 से 2030-31 तक पांच वर्षों के लिए 795.59 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है.
धार के बदनावर का रूपाखेड़ा गांव आधुनिक संरक्षित खेती की मिसाल बनकर उभरा है. यहां 44 पॉलीहाउस में गुलाब, जरबेरा, लिलियम समेत विदेशी फूलों और 13 शेडनेट हाउस में उन्नत सब्जियों की खेती हो रही है.MIDH योजना और आधुनिक तकनीक ने किसानों की खेती और आमदनी की तस्वीर बदल दी है.
केंद्र सरकार ने मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत दी है. अब MSP पर गर्मी की मूंग और उड़द की खरीद के दौरान आधार आधारित बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन फेल होने पर किसान अपने नॉमिनी प्रतिनिधि के जरिए उपज बेच सकेंगे. भुगतान सीधे किसान के बैंक खाते में ही जाएगा.
मध्य प्रदेश कैबिनेट ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में सहकारिता विभाग की 'कवच योजना' को मंजूरी दी है. इस फैसले से सहकारी ऋण खातों में गड़बड़ियों के कारण सरकारी योजनाओं से वंचित करीब 5 हजार किसानों को राहत मिलेगी. साथ ही कैबिनेट ने 32,070 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास योजनाओं को भी स्वीकृति दी.
नरसिंहपुर में खाद वितरण के लिए नई हाईब्रिड व्यवस्था लागू कर दी गई है. अब किसान टोल-फ्री नंबर या डबल लॉक केंद्रों से टोकन लेकर निर्धारित समय पर उर्वरक प्राप्त कर सकेंगे.प्रशासन का दावा है कि इससे खाद वितरण में पारदर्शिता बढ़ेगी और लंबी कतारों से राहत मिलेगी.
मध्य प्रदेश सरकार ने किसानों को बड़ी राहत देते हुए MSP पर मूंग उपार्जन 25% से बढ़ाकर 60% करने का फैसला लिया है.साथ ही स्लॉट बुकिंग की अंतिम तिथि 10 अगस्त और उपार्जन की अंतिम तिथि 20 अगस्त कर दी गई है. खाद वितरण के लिए लागू ई-टोकन व्यवस्था भी फिलहाल स्थगित कर दी गई है.
मध्य प्रदेश में MSP पर 100% मूंग खरीदी की मांग को लेकर किसान आंदोलन तेज हो गया है.मुख्यमंत्री आवास के बाहर डटे किसानों के बीच केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के बयान से नया विवाद खड़ा हो गया है. शिवराज ने कहा कि केंद्र 87% खरीद की स्वीकृति पहले ही दे चुका है, जबकि अतिरिक्त खरीदी राज्य सरकार अपने बजट से कर सकती है.
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खंडवा में आयोजित बलराम कृषि महोत्सव से मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना के तहत 82.70 लाख से अधिक किसानों के खातों में ₹3308 करोड़ की राशि सिंगल क्लिक से अंतरित की। कार्यक्रम में प्राकृतिक खेती, आधुनिक कृषि तकनीक, सिंचाई, डेयरी विकास और खंडवा के लिए कई बड़ी विकास परियोजनाओं की भी घोषणा की गई।
मध्यप्रदेश की आचार्य विद्यासागर गौ संवर्धन योजना ने सिवनी जिले के युवा रोबिन्स झारिया की जिंदगी बदल दी है. 10 लाख रुपये के बैंक ऋण और 33 प्रतिशत सब्सिडी की मदद से शुरू किए गए डेयरी व्यवसाय से वह आज हर महीने 60 से 75 हजार रुपये तक की आय अर्जित कर रहे हैं.उनकी सफलता अब क्षेत्र के अन्य युवाओं के लिए भी प्रेरणा बन गई है.
मध्य प्रदेश के सागर जिले में अल्ट्रा लो-कॉस्ट शेडनेट हाउस योजना को किसानों का शानदार समर्थन मिल रहा है.60 के लक्ष्य के मुकाबले 62 आवेदन प्राप्त हुए हैं. कम लागत में संरक्षित खेती के इस मॉडल से किसान बेहतर गुणवत्ता का उत्पादन, अधिक पैदावार और बढ़ी हुई आय हासिल कर रहे हैं.
मध्य प्रदेश सरकार ने कृषक कल्याण वर्ष-2026 के तहत बड़ा फैसला लिया है. अब हर विधानसभा में कृषि यंत्र किराये की दुकान खोली जाएगी.वर्तमान में 5,260 केंद्र संचालित हैं और हर साल 1,060 नए केंद्र खुलेंगे, जिससे छोटे किसानों को कम खर्च में आधुनिक कृषि मशीनों का लाभ मिलेगा.
मध्य प्रदेश के विदिशा जिले के प्रगतिशील किसान उपदेश शर्मा ने रेज्ड बेड प्लांटर तकनीक से सोयाबीन की खेती कर बड़ा बदलाव किया है. इस आधुनिक पद्धति से उत्पादन 3 क्विंटल प्रति बीघा से बढ़कर 8 क्विंटल तक पहुंच गया और मात्र 3 बीघा में करीब 1 लाख रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ. अब वे 13 बीघा में इसी तकनीक से खेती करेंगे.
भारतीय किसान संघ ने कहा है कि एथेनॉल मिश्रण नीति से गन्ना और मक्का किसानों की आय बढ़ेगी। संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष के. साई रेड्डी ने E20 पेट्रोल से गाड़ियां खराब होने की खबरों को भ्रामक बताया और मुरैना की बंद शुगर मिल में 100% एथेनॉल यूनिट स्थापित करने पर बनी सहमति की जानकारी दी।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर से राज्य स्तरीय बलराम कृषि महोत्सव का शुभारंभ किया. किसान कल्याण वर्ष के तहत 16 विभागों के समन्वय से किसानों की आय बढ़ाने के लिए राज्यव्यापी अभियान शुरू किया गया. इस दौरान डेयरी पर 10 लाख रुपये तक अनुदान, दिन में कृषि बिजली, फूड प्रोसेसिंग और कृषि आधारित उद्योगों के विस्तार समेत कई बड़ी घोषणाएं की गईं.
मध्य प्रदेश के मंडला जिले में आरकेवीवाई-रफ्तार योजना की मदद से एक युवा उद्यमी ने मछली पालन को सफल स्टार्टअप में बदल दिया है.यहां फिश चिप्स, फिश टेंगल, लेमन मसाला फिश और फिश अचार जैसे हेल्दी वैल्यू एडेड प्रोडक्ट्स तैयार किए जा रहे हैं, जिनकी मांग मध्य प्रदेश के साथ-साथ बिहार सहित अन्य राज्यों में भी बढ़ रही है.
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