मध्य प्रदेश की मुख्यमंत्री पशु एंबुलेंस सेवा पशुपालकों के लिए वरदान साबित हो रही है.वर्ष 2023 से संचालित इस सेवा के माध्यम से अब तक 15.44 लाख से अधिक पशुपालकों को घर बैठे पशु उपचार, टीकाकरण, कृत्रिम गर्भाधान और टेलीवेट परामर्श की सुविधा मिल चुकी है.
मध्य प्रदेश में मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी द्वारा चलाई जा रही '5 रुपये नवीन घरेलू विद्युत कनेक्शन योजना' को ग्रामीणों का शानदार प्रतिसाद मिल रहा है. दिसंबर 2024 में शुरू हुई इस योजना के तहत अब तक 83,936 ग्रामीण परिवारों को मात्र 5 रुपये में स्थायी बिजली कनेक्शन दिया जा चुका है.
मध्य प्रदेश सरकार जल्द ही मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा शुरू करने जा रही है. मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि रक्षाबंधन के अवसर पर महिलाओं को बस यात्रा की विशेष सुविधा देने का प्रयास किया जा रहा है.
मध्यप्रदेश में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत घरों की छत पर सोलर पैनल लगवाने के लिए आकर्षक सब्सिडी दी जा रही है. उपभोक्ताओं को आवेदन से लेकर योजना का लाभ लेने तक की पूरी जानकारी व्हाट्सऐप चैटबॉट ‘सोलर चाचा’ के माध्यम से आसानी से मिल रही है.
मध्यप्रदेश का प्रसिद्ध ‘बंगला पान’ अब देश की सीमाओं से निकलकर विदेशों में भी अपनी पहचान बना रहा है. पाकिस्तान और बांग्लादेश सहित कई देशों में इसकी मांग बढ़ी है. पान की खेती को प्रोत्साहन देने के लिए राज्य सरकार ने 10 जिलों के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की है.
मध्यप्रदेश ने इस वर्ष गेहूं खरीदी में नया रिकॉर्ड बनाया है. राज्य सरकार ने किसानों से 1.4 करोड़ मीट्रिक टन गेहूं खरीदा और अब तक 24 हजार करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है.
गोकुल धाम नीति 2025 के तहत मध्यप्रदेश सरकार स्वावलंबी गौशालाओं का विकास करेगी, जहां न्यूनतम 5 हजार गौवंश का पालन अनिवार्य होगा.योजना में 30% दुधारू नस्ल की गायें, डेयरी विकास, जैविक खाद, बायो-CNG और ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देकर ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत करने पर फोकस किया गया.
मध्यप्रदेश में पीएम सूर्य घर योजना के तहत हजारों परिवारों को सोलर सब्सिडी का लाभ मिल रहा है. अब तक करीब 40 हजार परिवारों को 311 करोड़ रुपए की सहायता मिल चुकी है, जिससे बिजली बिल में बड़ी राहत मिल रही है
मध्यप्रदेश ने गेहूं उपार्जन में नया रिकॉर्ड बनाया है. प्रदेश में अब तक 13.36 लाख किसानों से 103 लाख मीट्रिक टन से अधिक गेहूं खरीदा जा चुका है. किसानों को 22,842 करोड़ रुपए से ज्यादा का भुगतान किया गया है.
नर्मदापुरम मध्यप्रदेश का पहला जिला बन गया है जहां मलबरी, टसर, ईरी और मूंगा—चारों प्रकार के रेशम का उत्पादन हो रहा है. मालाखेड़ी, पचमढ़ी और मढ़ई के रेशम केंद्र ग्रामीण रोजगार, महिला सशक्तिकरण और सिल्क टूरिज्म के नए मॉडल बनकर उभर रहे हैं.
मध्यप्रदेश ने समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी में नया इतिहास रचते हुए 13.10 लाख किसानों से रिकॉर्ड उपार्जन किया है. किसानों को अब तक 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान किया जा चुका है, जिससे प्रदेश देश में सबसे आगे पहुंच गया है.
धार में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोजशाला परिसर में भव्य ‘सरस्वती लोक’ और राजा भोज शोध संस्थान बनाने की घोषणा की. गंगा दशहरा पर आयोजित कार्यक्रम में 88 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का भूमिपूजन भी किया गया.
मध्य प्रदेश में 1.20 लाख घरों पर रूफटॉप सोलर पैनल लग चुके हैं. इनसे 383.78 मेगावॉट बिजली उत्पादन हो रहा है. बढ़ते बिजली बिल और सरकारी सब्सिडी के कारण लोग तेजी से सोलर अपना रहे हैं.
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