
देश के कई हिस्सों में आज 30 सितंबर को बारिश का दौर जारी रहने वाला है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पूर्वोत्तर भारत, दक्षिण भारत और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवा चलने की चेतावनी जारी की है. वहीं, उत्तर-पश्चिम भारत में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की वापसी आगे बढ़ रही है. मॉनसून की वापसी की रेखा फिलहाल पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और गुजरात के कुछ हिस्सों से होकर गुजर रही है.
मौसम विभाग के मुताबिक, 30 सितंबर को उत्तराखंड में कुछ जगहों पर हल्की से छिटपुट बारिश हो सकती है. जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में इसके बाद 2 से 5 अक्टूबर के बीच कुछ इलाकों में बारिश की संभावना है. उत्तराखंड में 2 अक्टूबर तक और फिर 5 अक्टूबर को बारिश का अनुमान है. हिमाचल प्रदेश में 30 सितंबर के बाद मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रहने की संभावना है.
वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश में 30 सितंबर के बाद बारिश की गतिविधियां सीमित रहने की संभावना है और 1 अक्टूबर से मौसम मुख्य रूप से शुष्क रह सकता है. पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी 30 सितंबर के बाद बारिश की संभावना कम है. पूर्वी राजस्थान में 30 सितंबर तक कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है, इसके बाद मौसम शुष्क रहने का अनुमान है. पश्चिमी राजस्थान में भी अगले कुछ दिनों में बारिश की खास गतिविधि नहीं है.
IMD के अनुसार, मध्य प्रदेश के पूर्वी हिस्से में 30 सितंबर से 3 अक्टूबर तक कुछ क्षेत्रों में बारिश हो सकती है. पश्चिमी मध्य प्रदेश में 30 सितंबर के बाद बारिश की गतिविधि कमजोर होने की संभावना है. छत्तीसगढ़ में 2 से 5 अक्टूबर के बीच कुछ इलाकों में बारिश का अनुमान है. मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में गरज-चमक भी देखने को मिल सकती है.
मौसम विभाग का कहना है कि बिहार में 30 सितंबर के बाद 3 से 5 अक्टूबर के बीच कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है. इस दौरान गरज-चमक और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है. झारखंड में 30 सितंबर तक बारिश का दौर जारी रह सकता है, जबकि 1 अक्टूबर के बाद मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है.
ओडिशा, गंगीय पश्चिम बंगाल और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 30 सितंबर से 5 अक्टूबर तक अलग-अलग स्थानों पर बारिश होने की संभावना है. ओडिशा में 30 सितंबर और 1 अक्टूबर को गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं. पूर्वोत्तर में असम और मेघालय में 30 सितंबर के बाद भी बारिश जारी रहने की संभावना है. अरुणाचल प्रदेश में 2 से 4 अक्टूबर के बीच कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है. नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 30 सितंबर को भारी बारिश की संभावना है और 1 से 5 अक्टूबर के दौरान भी बारिश का दौर बना रह सकता है.
इधर, महाराष्ट्र के कोंकण और गोवा और मध्य महाराष्ट्र में 30 सितंबर से 5 अक्टूबर तक कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है. मराठवाड़ा में 30 सितंबर को गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं की संभावना है. गुजरात क्षेत्र में 30 सितंबर और 1 अक्टूबर को बारिश हो सकती है, जबकि सौराष्ट्र और कच्छ में भी इन दो दिनों में कुछ स्थानों पर बारिश का अनुमान है.
मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण भारत में अगले कुछ दिनों तक मौसम सक्रिय रहने वाला है. 30 सितंबर को तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में भारी बारिश हो सकती है. केरल और माहे, आंतरिक कर्नाटक और तमिलनाडु में 30 सितंबर को गरज-चमक के साथ तेज हवाओं की संभावना है.
30 सितंबर से 3 अक्टूबर तक आंध्र प्रदेश के कुछ हिस्सों में तेज सतही हवाएं चल सकती हैं. तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और आंतरिक कर्नाटक में गरज-चमक के साथ तेज हवाओं की संभावना है. रायलसीमा में 30 सितंबर से 3 अक्टूबर तक 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली हवाओं के साथ आंधी-बारिश हो सकती है. तेलंगाना में 2 और 3 अक्टूबर को भी गरज-चमक के साथ मौसम सक्रिय रह सकता है.