
देश के कई हिस्सों में मौसम तेजी से बदल रहा है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत और दक्षिण-पूर्वी प्रायद्वीपीय क्षेत्रों में दिन और रात दोनों का तापमान सामान्य से काफी ऊपर बना हुआ है. बीते दिन कुछ इलाकों में लू (हीट वेव) की स्थिति भी दर्ज की गई है. वहीं, आज 8 मार्च को देश के ज्यादातर हिस्सों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने का अनुमान है. हालांकि, कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं. इसके अलावा, 9 मार्च से सक्रिय होने वाले नए पश्चिमी विक्षोभ के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी की संभावना है.
आईएमडी के मुताबिक, आज हिमाचल प्रदेश और विदर्भ में कुछ जगहों पर लू चलने की संभावना है. इसी तरह आंध्र प्रदेश के दक्षिणी और मध्य तटीय इलाकों, रायलसीमा और उत्तरी तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में भी आज गर्म और उमस भरा मौसम और कहीं-कहीं हीट वेव जैसी स्थिति बन सकती है.
इसके अलावा पूर्वी भारत में ओडिशा में 8 और 9 मार्च के बीच हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक की संभावना है. उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 8 से 10 मार्च के बीच बारिश और आंधी की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं. वहीं, दक्षिण में केरल, माहे और तटीय आंध्र प्रदेश में भी 8 और 9 मार्च को गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना है.
मौसम विभाग ने अपने पूर्वानुमान में पश्चिमी राजस्थान में 10 और 11 मार्च को लू चलने की चेतावनी जारी की है. इसके अलावा कोंकण, गुजरात के तटीय इलाकों और सौराष्ट्र-कच्छ में 9 से 11 मार्च के बीच गर्म और उमस भरे मौसम का असर देखने को मिल सकता है.
वहीं, उत्तर-पूर्व भारत के अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में 9 से 13 मार्च के बीच बारिश और गरज-चमक की संभावना है, जबकि नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 10 से 13 मार्च के बीच मौसम सक्रिय रह सकता है.
आईएमडी के ताजा बुलेटिन के मुताबिक, दिल्ली और एनसीआर में अगले कुछ दिनों तक मौसम अपेक्षाकृत साफ रहने का अनुमान है. 8 मार्च को आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा. इस दौरान अधिकतम तापमान 34 से 36 डिग्री और न्यूनतम तापमान 16 से 18 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है.
वहीं, 9 और 10 मार्च को आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रह सकता है, लेकिन तापमान में बहुत बड़ा बदलाव नहीं होगा. इन दिनों भी अधिकतम तापमान लगभग 34 से 36 डिग्री और न्यूनतम तापमान 16 से 18 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है.
मौसम विभाग के अनुसार, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में 7 से 13 मार्च के बीच हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना है. 11 मार्च को जम्मू-कश्मीर में अपेक्षाकृत अधिक क्षेत्रों में बारिश या बर्फबारी हो सकती है.
वहीं, उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में अगले कुछ दिनों तक दिन का तापमान सामान्य से 6 से 8 डिग्री तक अधिक बना रह सकता है. हालांकि, 9 मार्च के बाद पश्चिमी विक्षोभ के असर से तापमान में लगभग 5 से 7 डिग्री तक गिरावट आने की संभावना है.
मध्य प्रदेश में अगले 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है. महाराष्ट्र और गुजरात में भी अगले चार दिनों में तापमान धीरे-धीरे 2 से 3 डिग्री तक बढ़ सकता है.
पूर्वी भारत में अगले तीन दिनों तक तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, लेकिन उसके बाद हल्की बढ़ोतरी संभव है. दक्षिण भारत में भी अगले पांच दिनों तक तापमान लगभग स्थिर रहने का अनुमान है.
मौसम विभाग ने किसानों को बढ़ते तापमान के बीच फसलों की सुरक्षा के लिए हल्की सिंचाई करने की सलाह दी है. गेहूं, सरसों, चना और दलहनी फसलों में नमी बनाए रखना जरूरी बताया गया है, ताकि गर्मी के कारण फसल की बढ़वार प्रभावित न हो.
वहीं, आम के बागानों में फलों को तेज धूप से बचाने के लिए प्री-हार्वेस्ट बैगिंग करने की सलाह दी गई है. इसके अलावा खेतों में मल्चिंग जैसी तकनीकों से मिट्टी की नमी बनाए रखने की भी सलाह दी गई है.
पशुपालकों को भी मवेशियों को साफ और पर्याप्त मात्रा में पीने का पानी उपलब्ध कराने और पोल्ट्री शेड को घास या अन्य सामग्री से ढककर तापमान के असर को कम करने की सलाह दी गई है.