
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले एक सप्ताह के लिए देशभर के मौसम को लेकर अहम पूर्वानुमान जारी किया है. विभाग के अनुसार, उत्तर बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना के चलते पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में मॉनसूनी गतिविधियां तेज होंगी. वहीं उत्तर-पश्चिम, पश्चिम-मध्य और दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत के कई हिस्सों में अगले 6–7 दिनों तक मॉनसून कुछ कमजोर रहने की संभावना है.
आईएमडी ने 14 और 15 जुलाई को ओडिशा के अलग-अलग क्षेत्रों में अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी जारी करते हुए रेड अलर्ट घोषित किया है. गंगीय पश्चिम बंगाल में भी भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है. 16 और 17 जुलाई तक दोनों राज्यों में तेज बारिश का दौर जारी रह सकता है.
बिहार में 14 और 15 जुलाई को बहुत भारी बारिश होने की संभावना है. इसके बाद 20 जुलाई तक कई स्थानों पर भारी बारिश जारी रह सकती है. झारखंड में भी अच्छी बारिश का अनुमान है. अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 20 जुलाई तक व्यापक स्तर पर बारिश होने का पूर्वानुमान है.
आईएमडी के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में बारिश की गतिविधियां कमजोर रहेंगी. हालांकि 17 से 20 जुलाई के बीच जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में भारी बारिश की संभावना है.
दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे और 25–35 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज सतही हवाएं चल सकती हैं. अधिकतम तापमान 37 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है, जिससे उमस बनी रहेगी.
दक्षिण प्रायद्वीपीय और पश्चिम-मध्य भारत के अधिकांश हिस्सों में अगले 6–7 दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है. हालांकि 17 जुलाई से कोंकण-गोवा और तटीय कर्नाटक में फिर से कई जगहों पर बारिश का दौर शुरू हो सकता है.
आईएमडी ने तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल और रायलसीमा के कुछ हिस्सों में लू या गर्म और उमस भरे मौसम की चेतावनी भी जारी की है.
मौसम विभाग ने भारी बारिश वाले इलाकों में जलभराव, शहरी बाढ़, यातायात प्रभावित होने और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका जताई है. लोगों से बिना जरूरी यात्रा से बचने, स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करने और मौसम की ताजा जानकारी पर नजर रखने की अपील की गई है.
किसानों को खेतों में जल निकासी की उचित व्यवस्था करने और भारी बारिश के दौरान खाद डालने और बुवाई जैसे काम रोकने की सलाह दी गई है.
आईएमडी ने 14 से 19 जुलाई के बीच अरब सागर के कई हिस्सों और ओडिशा और गंगीय पश्चिम बंगाल तट से लगे बंगाल की खाड़ी में तेज हवाओं और खराब समुद्री परिस्थितियों को देखते हुए मछुआरों को समुद्र में नहीं जाने की सलाह दी है.
मौसम विभाग ने कहा है कि मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है, इसलिए लोग जिला-स्तरीय मौसम पूर्वानुमान और आधिकारिक चेतावनियों पर लगातार नजर बनाए रखें.