
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने देश के कई हिस्सों के लिए हीटवेव और तेज आंधी-बारिश का संयुक्त अलर्ट जारी किया है. मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई इलाकों में लू चलने की संभावना है. साथ ही कई राज्यों में 50-70 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और बारिश हो सकती है. कुछ इलाकों में ओलावृष्टि की भी आशंका जताई गई है, जिससे फसलों को नुकसान हो सकता है.
IMD के अनुसार, 21 अप्रैल को देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का मिला-जुला असर देखने को मिलेगा. एक ओर जहां पूर्वोत्तर भारत में असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाओं की संभावना है. वहीं, पूर्वी भारत के बिहार, झारखंड और ओडिशा में गरज-चमक के साथ मौसम बदल सकता है. दूसरी ओर मध्य और उत्तर भारत में तापमान 40 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रहेगा, जिससे गर्मी और लू का असर जारी रहेगा. इसके अलावा पश्चिम बंगाल और तटीय इलाकों में उमस भी बढ़ सकती है.
IMD ने अपने ताजा बुलेटिन में कहा है कि दिल्ली-एनसीआर में 21 अप्रैल को आसमान साफ रहेगा, लेकिन लू का असर जारी रहेगा. इस दौरान अधिकतम तापमान 41 से 43 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 से 23 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है. वहीं, दिन के समय पश्चिम से उत्तर-पश्चिम दिशा की हवाएं 12 से 20 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चल सकती हैं. आने वाले दिनों में तापमान और बढ़कर 42 से 44 डिग्री तक पहुंच सकता है, जिससे गर्मी और तेज हो सकती है.
मौसम विभाग ने उत्तर-पश्चिम भारत में तापमान में 3-4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी का अनुमान लगाया है. वहीं, 24-25 अप्रैल के दौरान जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में बारिश और बर्फबारी के आसार हैं. पूर्वी भारत में बिहार में 21 अप्रैल को तेज आंधी चल सकती है, जहां हवा की रफ्तार 50-70 किमी प्रति घंटा तक पहुंच सकती है. ओडिशा और पश्चिम बंगाल में भी गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ मौसम सक्रिय रहेगा.
विभाग के मुताबिक, मध्य भारत में 21 अप्रैल को मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश हो सकती है. पश्चिम भारत में महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में मौसम बदलेगा और तेज हवाएं चलेंगी. दक्षिण भारत के तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में भी 21 अप्रैल से अगले कुछ दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश और आंधी का दौर जारी रह सकता है.
मौसम विभाग ने दोहरे मौसम के पूर्वानुमान के बीच किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी है. किसान तेज हवाओं और बारिश के दौरान फसलों को सुरक्षित रखें और खेतों में जल निकासी का प्रबंध करें. लू के असर को देखते हुए हल्की सिंचाई करें और फसलों में नमी बनाए रखें.
वहीं, सब्जियों और बागवानी फसलों में मल्चिंग और शेड नेट का इस्तेमाल लाभकारी रहेगा. पशुपालकों को जानवरों को छांव में रखने और पर्याप्त साफ पानी देने की सलाह दी गई है. तेज आंधी और बिजली गिरने के दौरान खुले में न रहें और सुरक्षित स्थान पर रहें.