
महाराष्ट्र के जालना जिले के केदारखेड़ा गांव में भीषण आग लगने से दो एकड़ क्षेत्र में लगे करीब 700 फलदार पेड़ फलों समेत जलकर खाक हो गए. इस घटना में किसान को लाखों रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ है.
बताया जा रहा है कि किसान संदीप आभांजी शेलके ने गट नंबर 225 में बड़े परिश्रम से आम, इमली और जामुन के लगभग एक हजार पेड़ लगाए थे. इनमें से करीब 400 आम के पेड़, 200 इमली के पेड़ और 100 जामुन के पेड़ पूरी तरह फलों से लदे हुए थे.
किसान संदीप आभांजी शेलके को इस वर्ष अच्छी आमदनी की उम्मीद थी. लेकिन अचानक लगी आग ने देखते ही देखते पूरे बाग को अपनी चपेट में ले लिया. आग इतनी भयानक थी कि सैकड़ों पेड़ फलों सहित जलकर नष्ट हो गए.
घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और स्थानीय लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया. हालांकि तब तक काफी नुकसान हो चुका था. इस आग के पीछे का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है.
किसान और ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यह आग दुर्घटनावश लगी या किसी ने जानबूझकर बाग में आग लगाई, इसकी जांच होनी चाहिए. मामले की शिकायत भोकरदन पुलिस थाने में दर्ज कराई गई है.
पुलिस आगे की जांच में जुटी हुई है. घटना का पंचनामा तलाठी विठोबा जोशी, कृषि विभाग के कर्मचारियों और पुलिस कॉन्स्टेबल विकास जाधव की मौजूदगी में किया गया.
संबंधित रिपोर्ट तहसील कार्यालय और कृषि विभाग को भेज दी गई है. नुकसानग्रस्त किसान ने शासन से तत्काल आर्थिक सहायता और नुकसान भरपाई की मांग की है. (गौरव विजय साली की रिपोर्ट)