
घर में पौधे लगाना आसान है, लेकिन कई बार सही पानी और धूप मिलने के बावजूद पौधे सूखने लगते हैं. इसकी बड़ी वजह गमले की मिट्टी का सख्त होकर पत्थर जैसी हो जाना है. लगातार पानी देने और मिट्टी की गुड़ाई न करने से मिट्टी में हवा की कमी हो जाती है, जिससे जड़ें पोषण और पानी ठीक से नहीं ले पातीं. ऐसे में कुछ आसान गार्डनिंग टिप्स अपनाकर कड़क मिट्टी को फिर से उपजाऊ बनाया जा सकता है और सूखते पौधों को नई जिंदगी दी जा सकती है. आइए जानते हैं कैसे?

जब गमले की मिट्टी पत्थर जैसी सख्त हो जाए, तो सबसे पहले पौधे को सावधानी से बाहर निकालें. इसके लिए मिट्टी में थोड़ा पानी डालकर उसे हल्का नरम करें. फिर गमले को चारों तरफ से धीरे-धीरे थपथपाकर पौधे को तने के पास से पकड़ें और बिना झटका दिए बाहर निकाल लें, ताकि जड़ों और तने को नुकसान न पहुंचे.

पौधे को बाहर निकालने के बाद जड़ें अक्सर सख्त मिट्टी में फंसी होती हैं. ऐसी पुरानी मिट्टी को धीरे-धीरे हटाना जरूरी है. हाथ या खुरपी की मदद से जड़ों को नुकसान पहुंचाए बिना मिट्टी साफ करें. जरूरत हो तो जड़ों को कुछ देर पानी में रखने से कड़ी मिट्टी आसानी से अलग हो जाती है.

जब मिट्टी सख्त हो जाती है, तो पौधे की जड़ें गमले में गोल-गोल घूमने लगती हैं, जिसे रूट बाउंड स्थिति कहते हैं. इससे जड़ों की बढ़वार रुक सकती है और कुछ जड़ें सूख या सड़ सकती हैं. ऐसे में साफ कैंची या प्रूनर से सूखी, कमजोर और उलझी हुई अतिरिक्त जड़ों को हल्का-हल्का काट दें. इससे पौधे को नई जड़ें बनाने के लिए जगह और ऊर्जा मिलती है.

पुरानी सख्त मिट्टी हटाकर पौधे के लिए नया और भुरभुरा सॉइल मिक्स तैयार करें, ताकि मिट्टी दोबारा पत्थर जैसी न बने. इसके लिए 50 फीसदी कोकोपीट रखें, जो नमी बनाए रखने और मिट्टी को नरम रखने में मदद करता है. 30 फीसदी सामान्य बगीचे की मिट्टी पौधे को सहारा देती है, जबकि 20 फीसदी जैविक खाद जरूरी पोषण उपलब्ध कराती है. यह मिश्रण पौधे की जड़ों के विकास के लिए बेहतर होता है.

सॉइल मिक्स के 20 प्रतिशत जैविक हिस्से में पोषण बढ़ाने के लिए अच्छी तरह सड़ी हुई गोबर की खाद या किचन कंपोस्ट का इस्तेमाल कर सकते हैं. इसके साथ मिट्टी को फंगस से बचाने के लिए एक मुट्ठी नीम खली और जड़ों की मजबूती के लिए 1 चम्मच बोन मील मिलाएं. सभी चीजों को अच्छी तरह मिलाकर हल्का, भुरभुरा और पोषक तत्वों से भरपूर मिश्रण तैयार करें, जिससे पौधे की बेहतर ग्रोथ हो सके.

नए सॉइल मिक्स में पौधे को ट्रांसप्लांट करना के नीचे बने ड्रेनेज होल पर कंकड़ या दीया रख दें, ताकि अतिरिक्त पानी आसानी से बाहर निकल सके. इसके बाद गमले में आधे से थोड़ा ज्यादा नया सॉइल मिक्स भरें. पौधे को बीच में सीधा लगाकर चारों तरफ मिट्टी भरें और हल्के हाथ से दबा दें. अंत में अच्छी तरह पानी दें, जब तक पानी नीचे से निकलने लगे. पौधे को 3-4 दिनों तक छायादार जगह पर रखें, ताकि वह नए वातावरण में आसानी से सेट हो सके.
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