UP Mango Festival: यूपी के आम किसानों को सीधे मिलेंगे देश-विदेश के खरीदार, बायर-सेलर मीट में हुए MoU

UP Mango Festival: यूपी के आम किसानों को सीधे मिलेंगे देश-विदेश के खरीदार, बायर-सेलर मीट में हुए MoU

उत्तर प्रदेश आम महोत्सव-2026 के दूसरे दिन मैंगो बायर-सेलर मीट में आम उत्पादकों और निर्यातकों के बीच MoU हुए. कार्यक्रम का उद्देश्य प्रदेश के आम किसानों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खरीदारों से सीधे जोड़ना है. तकनीकी सत्र में किसानों को प्रसंस्करण, ब्रांडिंग और निर्यात की जानकारी भी दी गई.

Advertisement
यूपी के आम किसानों को सीधे मिलेंगे देश-विदेश के खरीदार, बायर-सेलर मीट में हुए MoUउत्‍तर प्रदेश आम महोत्‍सव 2026

लखनऊ में आयोजित तीन दिवसीय उत्तर प्रदेश आम महोत्सव-2026 के दूसरे दिन आम उत्पादकों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ने पर जोर दिया गया. जन भवन में आयोजित मैंगो बायर-सेलर मीट में आम निर्यातकों और उत्पादकों के बीच समझौता ज्ञापन यानी MoU हुए. वहीं, इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित तकनीकी सत्र में वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों ने आधुनिक बागवानी, पोस्ट हार्वेस्ट प्रबंधन, प्रोसेसिंग, ब्रांडिंग और निर्यात की संभावनाओं पर किसानों को जानकारी दी.

राज्यपाल और उपमुख्यमंत्री की मौजूदगी में हुआ कार्यक्रम

मैंगो बायर-सेलर मीट में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और उद्यान, कृषि विपणन, कृषि विदेश व्यापार एवं कृषि निर्यात राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार दिनेश प्रताप सिंह शामिल हुए. कार्यक्रम का उद्देश्य प्रदेश के प्रगतिशील आम उत्पादकों और किसानों को खरीदारों से सीधे जोड़ना और उत्तर प्रदेश के आम को वैश्विक बाजार में बेहतर कीमत दिलाना रहा.

भारत के आम उत्पादन में यूपी की 26 प्रतिशत हिस्सेदारी

उद्यान मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि भारत के कुल आम उत्पादन में उत्तर प्रदेश की हिस्सेदारी 26 प्रतिशत है. उन्होंने उद्योगपतियों से प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण इकाइयां स्थापित करने की अपील की. उन्होंने बताया कि राज्य सरकार खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों के लिए 50 प्रतिशत तक सब्सिडी दे रही है. सरकार का जोर आम सहित अन्य कृषि और बागवानी उत्पादों की ब्रांडिंग, प्रसंस्करण और निर्यात बढ़ाने पर है.

जेवर एयरपोर्ट से आम निर्यात बढ़ने की उम्मीद

दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि जेवर एयरपोर्ट बनने से कृषि उत्पादों को सीधे विदेशी बाजारों तक पहुंचाने में मदद मिलेगी. उन्होंने मास्को जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों का उदाहरण देते हुए कहा कि बेहतर निर्यात सुविधाओं से किसानों को आम की अधिक कीमत मिल सकती है. इससे प्रदेश के आम उत्पादकों के लिए वैश्विक बाजार में नई संभावनाएं खुलेंगी.

9 प्रतिशत क्षेत्र से उत्पादन में 42 प्रतिशत हिस्सेदारी

उद्यान मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश की कुल कृषि भूमि में उद्यान फसलों का क्षेत्रफल केवल 9 प्रतिशत है, जबकि कुल उत्पादन में इनकी हिस्सेदारी 42 प्रतिशत और मूल्य में 52 प्रतिशत है. उन्होंने कहा कि उद्यान विभाग किसानों को अधिक आय वाली फसलों की खेती के लिए प्रोत्साहित कर रहा है. विभाग एक एकड़ में 15 लाख रुपये मूल्य की शिमला मिर्च और 20 लाख रुपये मूल्य की स्ट्रॉबेरी के उत्पादन की संभावनाओं पर काम कर रहा है.

ब्रांडिंग और प्रोसेस‍िंंग से किसानों की आय बढ़ाने पर जोर

कार्यक्रम में काशी ब्रांड शहद का उदाहरण देते हुए उत्पादों की बेहतर ब्रांडिंग पर जोर दिया गया. उद्यान मंत्री ने कहा कि मजबूत ब्रांडिंग से कृषि और बागवानी उत्पादों को वैश्विक बाजार तक पहुंचाने और उत्पादकों की आय बढ़ाने में मदद मिल सकती है. हाईटेक नर्सरियों के माध्यम से कमल के पौधे और कंद तैयार कर किसानों को उपलब्ध कराने की जानकारी भी दी गई.

तकनीक से बेहतर होगी आम की क्‍वालिटी

इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित तकनीकी सत्र में आम की बागवानी को आधुनिक तकनीकों से जोड़ने और फलों की गुणवत्ता सुधारने पर चर्चा हुई. वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों ने किसानों को सुरक्षित तुड़ाई, भंडारण, ग्रेडिंग, सही पैकेजिंग और पोस्ट हार्वेस्ट प्रबंधन की आधुनिक विधियों के बारे में बताया.

तकनीकी सत्र में केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान लखनऊ, एपीडा, प्रगतिशील किसानों, एफपीओ प्रतिनिधियों और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र के विशेषज्ञों ने हिस्सा लिया. विशेषज्ञों ने मूल्य संवर्धन, प्रोस‍ेस‍िंग, निर्यात मानकों, ब्रांडिंग, प्राकृतिक खेती और कृषि क्षेत्र में स्टार्टअप की संभावनाओं की जानकारी दी. किसानों को बताया गया कि बेहतर गुणवत्ता, पैकेजिंग और ब्रांडिंग के जरिए उत्तर प्रदेश के आम को अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाया जा सकता है.

किसानों को वैश्विक बाजार से जोड़ने का लक्ष्य

उद्यान विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, प्रदेश सरकार किसानों को गुणवत्तापूर्ण पौध सामग्री, वैज्ञानिक सलाह और बेहतर मार्केटिंग सुविधाएं उपलब्ध कराने पर काम कर रही है. आम उत्पादकों को खरीदारों और निर्यातकों से सीधे जोड़कर उनके उत्पादों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराना आम महोत्सव और बायर-सेलर मीट के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल है.

POST A COMMENT