
देश के कई राज्यों में मौसम ने करवट ली है. दिल्ली-एनसीआर में अगले एक हफ्ते तक मौसम सुहाना रहने का अनुमान है और तापमान 40 डिग्री से नीचे रहेगा. पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से दिल्ली में हल्की बारिश की संभावना है. वहीं, राजस्थान में तेज धूल भरी आंधी चलने का अलर्ट जारी किया गया है, जहां 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. मध्य भारत और देश के कई अन्य हिस्सों में मौसम विभाग ने आंधी और बिजली गिरने का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. मॉनसून की बात करें तो 1 जून तक केरल में मॉनसून की दस्तक हो जाती है, लेकिन इस बार थोड़ी देरी देखी जा रही है.
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दो से तीन दिनों में मॉनसून केरल, लक्षद्वीप और दक्षिण तमिलनाडु के कुछ हिस्सों को कवर कर सकता है. पश्चिमी छोर पर प्री-मॉनसून बारिश लगातार हो रही है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिल रही है.
मौसम वैज्ञानिक डॉ. नरेश कुमार के मुताबिक, दिल्ली-NCR में वर्तमान में तापमान करीब 33-35 डिग्री के बीच बना हुआ है, जो पहले 45 डिग्री के आसपास था. न्यूनतम तापमान 24 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है. अगले 2-3 दिनों में हल्की बारिश की भी संभावना जताई गई है.
मौसम में इस बदलाव का मुख्य कारण सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ है, जो इस समय उत्तर प्रदेश के ऊपर बना हुआ है. इसके अलावा, उत्तर-पूर्वी राजस्थान के ऊपर चक्रवाती सर्कुलेशन (cyclonic circulation) भी सक्रिय है. 2-3 दिनों बाद एक और पश्चिमी विक्षोभ आने की संभावना है, जिससे उत्तर-पश्चिम भारत और पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में बारिश जारी रह सकती है. हालांकि, राहत की बात यह है कि अगले एक सप्ताह तक हीटवेव (लू) की स्थिति बनने की कोई आशंका नहीं है.
राजस्थान में पिछले कुछ दिनों से तेज धूल भरी आंधियां देखी जा रही हैं और यह सिलसिला अभी जारी रह सकता है. आज भी कई इलाकों में 50 किमी/घंटा से अधिक रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. मौसम विभाग ने इसके लिए चेतावनी जारी की है. pressure gradient की वजह से इन आंधियों की स्थिति बन रही है.
मौसम विभाग ने बताया है कि मध्य भारत सहित देश के कई हिस्सों में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश का अनुमान है. कई क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. हवा की गति 50 किमी/घंटा से अधिक रहने की संभावना है. पहाड़ी, दक्षिणी और पूर्वोत्तर भारत में पहले से ही राहतभरी बारिश देखी जा रही है.
आमतौर पर 1 जून तक केरल में मॉनसून पहुंच जाता है, लेकिन इस बार इसमें थोड़ी देरी हो रही है. मौसम विभाग के अनुसार, अगले 2-3 दिनों में मॉनसून केरल, तमिलनाडु और लक्षद्वीप के कुछ हिस्सों में प्रवेश कर सकता है. बंगाल की खाड़ी का बड़ा हिस्सा भी जल्द मॉनसून से कवर हो सकता है. फिलहाल कई जगहों पर प्री-मॉनसून बारिश का असर देखने को मिल रहा है.
कुल मिलाकर, पूरे देश में मौसम में बदलाव का असर स्पष्ट दिख रहा है. तापमान सामान्य के करीब बना हुआ है. अधिकतर राज्यों में बारिश और बादल छाए रहने से गर्मी कम हुई है. हालांकि कुछ दक्षिणी क्षेत्रों में उमस (hot and humid conditions) बनी हुई है.
जून की शुरुआत राहत भरी रही है और अगले एक सप्ताह तक गर्मी से राहत मिलने के संकेत हैं. दिल्ली-NCR समेत उत्तर भारत में जहां तापमान नियंत्रण में रहेगा, वहीं देश के अन्य हिस्सों में बारिश और आंधी का दौर जारी रहेगा. मॉनसून भले थोड़ा देर से आ रहा हो, लेकिन जल्द ही देश के दक्षिणी हिस्सों में इसकी एंट्री होने की संभावना है.