राजस्थान का इलेक्शन कारवां पहुंच चुका है अलवर में. यहां हमने देश की बड़ी मंडी में शुमार प्याज मंडी का दौरा किया. हम इस उम्मीद से पहुंचे थे कि जिस तरह इस क्षेत्र की लाल प्याज देशभर में मशहूर है उस हिसाब से मंडी में सुविधाएं भी होंगी, लेकिन नाउम्मीदी ही हाथ लगी. पूरी मंडी में पीने के पानी, टायलेट और साफ-सफाई की बेहद कमी है. सुविधाओं के ना होने का खामियाजा सबसे ज्यादा मंडी में हर वक्त रहने वाले पल्लेदारों को उठाना पड़ रहा है. इनके लिए यहां पीने का पानी नहीं है. रात में दो बजे उठकर ये लोग काम करते हैं, लेकिन शौचालय जैसी बुनियादी सुविधा नहीं है. एक बेहद गंदा सुलभ कॉम्प्लेक्स सुबह 6 बजे खुलता है. ऐसे में यह पल्लेदारों के कोई फायदे का नहीं है.