Agriculture Live Blogमौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के अगले 2 से 3 दिनों के दौरान गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के शेष इलाकों के साथ-साथ उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ अन्य हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं. वहीं, अगले एक सप्ताह तक पश्चिमी तट, पूर्वोत्तर भारत तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है. यहां मौसम की खबरों के लाइव अपडेट्स के अलावा आप किसान (Farmers), खेती (Agriculture), PM Kisan Samman Nidhi Scheme, किसान आंदोलन (Farmers Protest), पशुपालन, (Animal Husbandry), कृषि तकनीक (Agriculture Technology), खाद (Fertilizer), बीज (Seeds), सरकारी योजनाएं (Government Schemes), फसलें (Crops) और किसानों की सफलता की कहानी (Farmer success story) पढ़ सकते हैं.
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोमवार को 'सत्यमेव जयते फार्मर कप 2026' लॉन्च किया. उन्होंने इसे खेती में बदलाव लाने वाला राज्य-स्तरीय आंदोलन बताया और आने वाले सालों में 50 लाख किसानों को ग्रुप फार्मिंग (सामूहिक खेती) से जोड़ने का लक्ष्य रखा.
पानी फाउंडेशन के साथ मिलकर अपने सरकारी आवास पर इस पहल को शुरू करते हुए फडणवीस ने कहा कि यह प्रोग्राम सिर्फ़ एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि राज्य में खेती का स्वरूप बदलने वाला एक जन-आंदोलन है.
'सत्यमेव जयते फार्मर कप' पूरे महाराष्ट्र में किसान समूहों के बीच टिकाऊ खेती में बेहतरीन काम करने की एक प्रतियोगिता है.
पानी फाउंडेशन की वेबसाइट के अनुसार, इस प्रतियोगिता के ज़रिए फाउंडेशन वैज्ञानिक जानकारी और मदद का एक ऐसा इकोसिस्टम बना रहा है जिससे जलवायु-अनुकूल खेती के तरीकों से बड़े पैमाने पर किसानों की आजीविका बेहतर हो सके.
फडणवीस ने आगे कहा कि इस पहल के तहत बने 18,000 किसान समूह महाराष्ट्र में खेती में बदलाव लाने की मुख्य ताकत बनेंगे.
उन्होंने कहा, "आने वाले सालों में ग्रुप फार्मिंग के तहत किसानों की संख्या बढ़ाकर 50 लाख कर दी जाएगी."
दिल्ली-NCR में भीषण गर्मी के बीच मौसम ने अचानक करवट ले ली है. कई इलाकों में जोरदार बारिश हुई.
महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर में किसानों की कर्जमाफी, फसलों के उचित दाम और कृषि संकट को लेकर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) ने महाविकास आघाड़ी के बैनर तले बड़ा शक्ति प्रदर्शन किया. शहर के कैंब्रिज चौक पर आयोजित 'रास्ता रोको' आंदोलन में सांसद सुप्रिया सुले, प्रदेश अध्यक्ष शशिकांत शिंदे, विधायक रोहित पवार, सांसद निलेश लंके, बजरंग सोनावणे सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में किसान शामिल हुए. आंदोलन को देखते हुए प्रशासन ने पूरे क्षेत्र में भारी पुलिस बंदोबस्त किया.
बांदा कृषि विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित किए गए UPCATET-2026 का परीक्षा परिणाम आज घोषित कर दिया गया है. यह परिणाम आज प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही के हाथों उनके विधानसभा स्थित कार्यालय में बांदा कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति की उपस्थिति में जारी किया गया. इस अवसर पर उन्होंने परीक्षा में सफल होने वाले सभी अभ्यर्थियों को उनके उज्जवल भविष्य की हार्दिक शुभकामनाएं दीं.

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के कई हिस्सों के लिए मौसम को लेकर अहम चेतावनी जारी की है. पूर्वोत्तर भारत में अगले पांच दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान है, जबकि उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले दो दिनों तक लू और भीषण लू की स्थिति बनी रहने की संभावना है. दो दिनों में आगे बढ़ेगा दक्षिण-पश्चिम मॉनसून आईएमडी के अनुसार, अगले 48 घंटों के दौरान दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर अरब सागर, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अन्य हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं.
बिहार में विज्ञान शिक्षा और अनुसंधान को नई ऊंचाई देने के लिए एक बड़ा कदम उठाया गया है. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना साइंस कॉलेज का निरीक्षण करते हुए घोषणा की कि कॉलेज परिसर में यूनिवर्सिटी ऑफ फिजिक्स एंड साइंसेज की स्थापना की जाएगी. यह संस्थान भौतिकी और विज्ञान के क्षेत्र में उच्चस्तरीय शिक्षा, नवाचार और अनुसंधान का प्रमुख केंद्र बनेगा. इसको लेकर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना साइंस कॉलेज परिसर का विस्तृत निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं की जानकारी ली. उन्होंने प्राचार्या प्रो. (डॉ.) अलका से कॉलेज की वर्तमान स्थिति, उपलब्ध सुविधाओं और चुनौतियों पर चर्चा की. मुख्यमंत्री ने कहा कि पटना साइंस कॉलेज की एक गौरवशाली वैज्ञानिक परंपरा रही है. इसे पुनः विज्ञान अनुसंधान के अग्रणी केंद्र के रूप में स्थापित करना सरकार का लक्ष्य है.
बिहार में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) को अपनाने का सिलसिला तेजी से बढ़ रहा है. परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, पिछले पांच वर्षों में ईवी की खरीदारी में करीब दस गुना बढ़ोतरी हुई है. वर्ष 2020 में जहां ईवी की संख्या सिर्फ 12,400 के आसपास थी, वहीं 2025 में यह आंकड़ा 1,23,000 के पार पहुंच गया है. राज्य में कुल पंजीकृत वाहनों में ईवी की हिस्सेदारी अब 6 प्रतिशत हो गई है.
परिवहन मंत्री दामोदर रावत ने इस बदलाव को पर्यावरण के लिए बहुत बड़ा कदम बताया. उन्होंने कहा कि लोग अब पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों और प्रदूषण से बचने के लिए ईवी की ओर रुख कर रहे हैं. वर्ष 2021 में ईवी पंजीकरण में 85.5 प्रतिशत की वृद्धि हुई. 2022 में संख्या 55,700 से ज्यादा हो गई. 2023 में सरकार की ईवी नीति लागू होने के बाद यह आंकड़ा 90 हजार के पार पहुंचा. 2024 में 1 लाख 12 हजार से अधिक ईवी पंजीकृत हुए. चालू वर्ष 2026 में अब तक 68 हजार ईवी पंजीकृत हो चुके हैं.
दिल्ली में 1 जुलाई से नई EV पॉलिसी लागू होने जा रही है. सीएम रेखा गुप्ता ने सोमवार को इसका ऐलान किया है. इस पॉलिसी के तहत EV गाड़ी खरीदने पर ग्राहकों को बड़ी छूट और सब्सिडी देने की प्लानिंग है. सीएम रेखा गुप्ता ने इसका ऐलान करने के साथ कहा कि दिल्ली को EV कैपिटल बनाने की प्लानिंग है. इसके जरिए प्रदूषण की समस्या से निपटने में बड़ा संबल मिलेगा.
महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को कहा कि वह किसानों को आर्थिक शोषण से बचाने के लिए अवैध रूप से पैसे उधार देने के काम को रोकने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई तेज करने के लिए सख्त सजा वाला कानून लाएगी.
राज्य के सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटिल ने विधानसभा को बताया कि सरकार ने इस मुद्दे को गंभीरता से लिया है और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी मामले की समीक्षा की है.
महाराष्ट्र के वाशिम जिले में लगातार बारिश के बाद कांच और उतावली नदियों में आई बाढ़ से कई गांवों के किसानों की फसलें बर्बाद हो गई हैं. तेज बहाव के कारण हल्दी, मिर्च और बैंगन जैसी फसलों के बीज बह गए, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है. पीड़ित किसानों का कहना है कि पिछले साल की बाढ़ का नुकसान अभी तक नहीं संभला था कि इस साल फिर बाढ़ आ गई. किसानों ने आरोप लगाया कि समृद्धि महामार्ग बनने के बाद से बाढ़ की समस्या बढ़ गई है. उन्होंने सरकार से तुरंत आर्थिक मदद की मांग की है और चेतावनी दी है कि सहायता नहीं मिली तो उनके सामने आत्महत्या के अलावा कोई रास्ता नहीं बचेगा.
जनसभा में केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी ने कहा कि राष्ट्रीय लोकदल किसानों और ग्रामीणों के हितों की मजबूती से आवाज उठा रही है. उन्होंने बताया कि एक प्रस्तावित कानून से ग्रामीण कोल्हू और क्रेशर उद्योगों पर संकट आ सकता था, जिसे रालोद के प्रयासों से लागू नहीं होने दिया गया, जिससे हजारों लोगों की नौकरी बची. उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाएं अब गांवों तक पहुंच रही हैं और शामली में केंद्रीय विद्यालय खुलने से शिक्षा बेहतर होगी. उन्होंने युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण लेकर अपना भविष्य मजबूत बनाने की सलाह दी और गठबंधन जारी रहने की बात भी कही.
भारत और अफगानिस्तान के बीच बासमती चावल व्यापार को लेकर नई संभावनाएं बन रही हैं. अफगानिस्तान अब पाकिस्तान पर निर्भरता कम करके भारत से सीधे बासमती चावल आयात करने पर विचार कर रहा है. दोनों देशों के व्यापारियों की जल्द बैठक होने वाली है, जिसमें लॉजिस्टिक्स, भुगतान प्रणाली और व्यापारिक व्यवस्था पर चर्चा होगी. अभी तक अफगानिस्तान भारत का बासमती चावल अप्रत्यक्ष रूप से मंगाता था, जिससे लागत बढ़ जाती थी. अगर सीधा व्यापार शुरू होता है तो भारत को बड़ा बाजार मिलेगा और पाकिस्तान की पकड़ कमजोर होगी. यह बदलाव क्षेत्रीय व्यापार संतुलन को प्रभावित कर सकता है.
उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में पुलिस ने किसानों से गेहूं खरीद में धोखाधड़ी करने वाले एक संगठित गैंग का भंडाफोड़ किया है. यह गैंग गांव-गांव जाकर किसानों का गेहूं खरीदता था और तौल में हेराफेरी कर कम वजन दिखाकर उन्हें नुकसान पहुंचाता था. विरोध करने पर आरोपियों ने फायरिंग कर दहशत भी फैलाई. शिकायत मिलने पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया और उनके पास से 2 लाख 57 हजार रुपये नकद, वाहन, मोबाइल और तमंचा बरामद किया. इस मामले में तीन थानों में एफआईआर दर्ज कर आगे की जांच जारी है.
रोहतास जिले में नहरों के अंतिम छोर तक पानी नहीं पहुंचने से किसानों को गंभीर संकट का सामना करना पड़ रहा है. धान की रोपाई का समय चल रहा है, लेकिन पर्याप्त सिंचाई पानी न मिलने से खेत सूखे पड़े हैं. सकला रजवाहा नहर में कम पानी छोड़े जाने से दूर के किसान सबसे ज्यादा प्रभावित हैं, जबकि नहर के पास वाले किसान किसी तरह सिंचाई कर रहे हैं. इससे किसानों का आर्थिक बोझ बढ़ रहा है. सिंचाई विभाग ने पानी आपूर्ति की स्थिति सुधारने की बात कही है, लेकिन किसान जल्द समाधान की उम्मीद लगाए बैठे हैं ताकि धान की खेती समय पर पूरी हो सके.
महाराष्ट्र के अकोला जिले में 25 दिनों के लंबे इंतजार के बाद मॉनसून की पहली अच्छी बारिश होने से किसानों के चेहरों पर खुशी लौट आई है. बारिश के साथ ही खरीफ फसलों की बुवाई का काम तेज हो गया है. डोंगरगांव समेत कई गांवों में महिलाएं हाथों से बीज बो रही हैं, जबकि किसान बैलों की मदद से खेत जोतकर बीजों को मिट्टी में दबा रहे हैं. इस वर्ष जिले में करीब 5.41 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ फसलों की बुवाई का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें सबसे अधिक सोयाबीन और कपास की खेती होगी. इसके अलावा तुअर, मूंग, उड़द, मक्का, ज्वार और बाजरा की भी बुवाई शुरू हो चुकी है. कृषि विभाग ने किसानों को पर्याप्त बारिश होने के बाद ही बुवाई करने, बीज सही गहराई पर बोने और संतुलित मात्रा में उर्वरकों का उपयोग करने की सलाह दी है. किसानों को उम्मीद है कि यदि मानसून इसी तरह बना रहा तो इस साल अच्छी पैदावार होगी.
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मॉनसून अगले 5 से 6 दिनों में दिल्ली पहुंच सकता है. साथ ही उत्तर अरब सागर, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के बाकी हिस्सों में भी अगले 2 से 3 दिनों के दौरान मानसून के आगे बढ़ने के लिए मौसम अनुकूल रहेगा. इस बीच, सोमवार को दिल्ली में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना जताई गई है. रविवार को राजधानी ने पिछले दो वर्षों का सबसे गर्म दिन दर्ज किया. अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि उमस के कारण लोगों को 50.7 डिग्री सेल्सियस जैसी भीषण गर्मी का एहसास हुआ.
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