Agriculture Live Blogदेश के मौसम में एक बार फिर बदलाव के संकेत हैं. 18 से 22 जून 2026 के बीच सक्रिय होने जा रहा नया पश्चिमी विक्षोभ पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में हल्की से मध्यम और कई जगहों पर व्यापक बारिश ला सकता है. वहीं उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में भी कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताई गई है. यहां मौसम की खबरों के लाइव अपडेट्स के अलावा आप किसान (Farmers), खेती (Agriculture), PM Kisan Samman Nidhi Scheme, किसान आंदोलन (Farmers Protest), पशुपालन, (Animal Husbandry), कृषि तकनीक (Agriculture Technology), खाद (Fertilizer), बीज (Seeds), सरकारी योजनाएं (Government Schemes), फसलें (Crops) और किसानों की सफलता की कहानी (Farmer success story) पढ़ सकते हैं.
मध्य प्रदेश में नरसिंहपुर के एक किसान ने कम उपजाऊ जमीन पर विदेशी तकनीक का इस्तेमाल कर आम की खेती में बड़ी सफलता हासिल की. आज उनके बगीचे से आम दुबई और लंदन तक भेजे जा रहे हैं, जिससे लाखों की कमाई हो रही है.
केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश में अनाज का उत्पादन 71 प्रतिशत बढ़ा है.
पटना में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में किसानों को लाभ पहुंचाने और अनाज का उत्पादन बढ़ाने के लिए कई कृषि सुधार और नीतियां लागू की गई हैं.
गुजरात के मोरबी में किसान पिछले कुछ दिनों से अपने हक के लिए लड़ रहे हैं. अब किसानों ने अपनी लड़ाई को और आगे बढ़ाते हुए पार्ट-2 शुरू करने का फैसला किया है. मोरबी तहसील के जेतपर गांव में किसानों द्वारा बिजली लाइनों के सही मुआवजे समेत अपने हक के लिए लड़ी जा रही लड़ाई अब और तेज हो गई है. पिछले 12 दिनों से किसान यहां प्रतीक उपवास पर बैठे थे, लेकिन अब कल यानी गुरुवार से किसान पूरी तरह से खाना छोड़ देंगे और भूख हड़ताल पर चले जाएंगे.
वर्ल्ड मेटियोरोलॉजिकल ऑर्गनाइजेशन (WMO) की एक नई रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में एशिया भर में खतरनाक गर्मी, भारी बारिश और बाढ़, और गंभीर सूखे ने लाखों लोगों को प्रभावित किया, जिससे जान-माल और अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान हुआ. यह रिपोर्ट तेजी से बिगड़ते मौसम से होने वाली तबाही और नुकसान को कम करने के लिए जान बचाने वाली 'अर्ली वॉर्निंग सर्विस' (समय रहते चेतावनी देने वाली सेवाओं) की जरूरत और असरदार भूमिका पर जोर देती है.
नई दिल्ली: एक नई स्टडी में पाया गया है कि दुनिया भर में, तटीय इलाकों में बाढ़ - जो पहले हर 100 साल में एक बार आने की उम्मीद की जाती थी - अब इंसानों की वजह से समुद्र का जलस्तर बढ़ने के कारण लगभग 12 गुना ज़्यादा बार आ सकती है. 'नेचर क्लाइमेट चेंज' जर्नल में छपी इस स्टडी के नतीजों से पता चलता है कि 1900 के बाद से तटीय इलाकों में बाढ़ आने की संभावना चार गुना बढ़ गई है. अमेरिका की टुलेन यूनिवर्सिटी में रिवर-कोस्टल साइंस एंड इंजीनियरिंग के एसोसिएट प्रोफेसर और इस स्टडी के मुख्य लेखक सोंके डैंगेनडॉर्फ ने कहा, "समुद्र का जलस्तर बहुत ज़्यादा तब होता है जब हाई टाइड (ऊंची लहरें), तूफ़ानी लहरें और समुद्र का बढ़ता बेसलाइन जलस्तर एक साथ मिल जाते हैं. जैसे-जैसे समुद्र का जलस्तर बढ़ता है, छोटे तूफ़ान भी ऐसी बाढ़ ला सकते हैं जिसके लिए पहले ज़्यादा गंभीर हालात की ज़रूरत होती थी." (पीटीआई)
इंदौर: इंदौर के महावीर नगर में दूषित पीने के पानी की वजह से कई लोगों के बीमार होने के दावे के एक दिन बाद, स्वास्थ्य विभाग ने बुधवार को कहा कि उस इलाके से उल्टी और दस्त के लक्षणों वाला कोई भी मरीज़ अस्पताल में भर्ती नहीं हुआ है और स्थिति को "सामान्य" बताया. मंगलवार को कुछ लोगों में उल्टी और दस्त के लक्षण होने की खबर मिलने के तुरंत बाद स्वास्थ्य विभाग ने महावीर नगर में एक रैपिड रिस्पॉन्स टीम (RRT) भेजी थी. विभाग ने अब दावा किया है कि महावीर नगर में उल्टी और दस्त से पीड़ित किसी भी मरीज़ को किसी सरकारी या निजी अस्पताल में भर्ती नहीं कराया गया. यह घटना देश के सबसे साफ़-सुथरे शहर के भागीरथपुरा इलाके में दूषित पीने के पानी की सप्लाई के कारण कई लोगों की मौत होने के लगभग छह महीने बाद सामने आई है. (पीटीआई)
नई दिल्ली: कृषि सचिव अतिश चंद्र ने बुधवार को कहा कि मंत्रालय, खरीफ़ की फ़सलों पर संभावित असर को कम करने के लिए ठोस कदम उठाने से पहले, अल नीनो के समय के बारे में साफ़ जानकारी पाने के लिए इस महीने के आखिर तक भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की भविष्यवाणी का इंतज़ार कर रहा है. चंद्र ने PTI को दिए एक इंटरव्यू में कहा, "अल नीनो कब शुरू होगा, इस बारे में भविष्यवाणी अभी आनी बाकी है. इस महीने के आखिर तक IMD भविष्यवाणी जारी करेगा, और तब स्थिति साफ़ हो जाएगी. उस समय हम खरीफ़ की बुवाई के मौसम के बीच में होंगे और हमें पता चल जाएगा कि हालात कैसे रहने वाले हैं." हालांकि, मोटे तौर पर यह अनुमान लगाया गया है कि अल नीनो नवंबर के आसपास शुरू होगा, लेकिन IMD अपने आकलन को पक्का करने से पहले और ज़्यादा निश्चितता चाहता है.
New Delhi: ITOTY 2026 Awards | Tractor Category Winners
बेस्ट 4WD ट्रैक्टर ऑफ द ईयर 2026 (50 HP+) का पुरस्कार Massey Ferguson Massey Ferguson 9563 Smart को मिला. यह ट्रैक्टर अपनी दमदार परफॉर्मेंस, उन्नत तकनीक और 4WD क्षमताओं के चलते इस प्रतिष्ठित सम्मान का हकदार बना. ट्रैक्टर लॉन्च ऑफ द ईयर 2026 का खिताब Mahindra Tractors New Mahindra Range और Powertrac Powertrac Shaurya Series को संयुक्त रूप से दिया गया. दोनों लॉन्च ने भारतीय ट्रैक्टर बाजार में नई तकनीक और बेहतर उत्पाद विकल्प पेश किए.
ऑर्चर्ड ट्रैक्टर ऑफ द ईयर 2026 का पुरस्कार Swaraj Tractors Swaraj Target Series 630 को मिला. यह ट्रैक्टर विशेष रूप से बागवानी और संकरी खेती वाली परिस्थितियों के लिए विकसित किया गया है. ट्रैक्टर एक्सपोर्टर ऑफ द ईयर 2026 का सम्मान Captain Tractors Pvt. Ltd. Captain Tractors Pvt. Ltd. को प्रदान किया गया. कंपनी ने वैश्विक बाजारों में भारतीय ट्रैक्टरों की मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. आउटस्टैंडिंग ट्रैक्टर कम्फर्ट इनिशिएटिव अवॉर्ड 2026 Trakstar Trakstar 550 4WD Kavach को मिला. ड्राइवर कम्फर्ट, सुरक्षा और बेहतर ऑपरेटर अनुभव के लिए इस मॉडल को सराहा गया.
नेक्स्ट जेनरेशन टेक्नोलॉजी अवॉर्ड 2026 Mahindra Tractors New Mahindra Range को दिया गया. नई पीढ़ी की तकनीकों और स्मार्ट फीचर्स के चलते इस रेंज ने जूरी को प्रभावित किया. इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर ऑफ द ईयर 2026 का पुरस्कार AutoNxt AutoNxt X45H2 ने अपने नाम किया. यह इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर कृषि मशीनीकरण में स्वच्छ ऊर्जा और टिकाऊ खेती की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
जूरीज़ चॉइस ऑफ द ईयर 2026 का विशेष सम्मान Moonrider Moonrider T75 (75 HP Electric Tractor) को दिया गया. अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक तकनीक और भविष्य की खेती की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इसे विशेष मान्यता मिली. इंडियन ट्रैक्टर ऑफ द ईयर (ITOTY) 2026 का सबसे बड़ा और प्रतिष्ठित पुरस्कार Mahindra Tractors Mahindra Yuvo Tech+ 585 DI ने जीता. शानदार प्रदर्शन, तकनीकी नवाचार, किसानों के बीच लोकप्रियता और बहुउपयोगिता के आधार पर इस ट्रैक्टर को वर्ष 2026 का सर्वश्रेष्ठ भारतीय ट्रैक्टर चुना गया. (इनपुट- स्वयं प्रकाश)
राजौरी जिले के मंजाकोट इलाके के कोटली-कलाबन गांव में जमीन धंसने की घटना से कम से कम आधा दर्जन मकान और अन्य ढांचे प्रभावित हुए हैं. पिछले 48 घंटों में करीब 2.5 किलोमीटर क्षेत्र में जमीन धंसने से घरों, सड़क और कृषि भूमि में दरारें पड़ गई हैं. डिप्टी कमिश्नर राजौरी अभिषेक शर्मा अधिकारियों की टीम के साथ मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया. लोक निर्माण विभाग ने प्रभावित मुख्य सड़क को खोलने के लिए मशीनें और कर्मचारी लगाए हैं. प्रशासन ने इलाके की निगरानी बढ़ा दी है. घटना के कारणों का पता विस्तृत भू-वैज्ञानिक जांच के बाद ही चल सकेगा. वहीं स्थानीय लोगों ने हाईवे निर्माण कार्य को इसकी वजह बताया है. (इनपुट- शक्ति पाल)
अंबाला: पुलिस ने बुधवार को बताया कि अंबाला शहर में दोखांबा चौक के पास पुरानी सब्जी मंडी में एक जर्जर इमारत का लिंटेल (छत का हिस्सा) गिरने से एक सब्जी विक्रेता घायल हो गया. स्थानीय लोगों का कहना है कि यह इमारत कई सालों से बंद थी और जर्जर हालत में थी. पुलिस ने बताया कि मंगलवार रात हुई इस घटना में राकेश कुमार घायल हो गए, जो एक सब्जी विक्रेता हैं और पुरानी सब्जी मंडी के ही रहने वाले हैं. (PTI)
ठाणे: अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि बारिश में देरी के कारण ठाणे ज़िला प्रशासन ने किसानों को खरीफ फसलों की बुवाई टालने की सलाह दी है. ज़िला कृषि अधीक्षक अधिकारी रामेश्वर पाचे ने किसानों से अपील की है कि वे बुवाई तब तक न करें जब तक कि इलाके में कम से कम 100 मिमी बारिश न हो जाए, ताकि पौधों के जीवित रहने की संभावना बनी रहे.
महाराष्ट्र के बुलढाणा में किसान नेता रविकांत तुपकर का संपूर्ण कर्जमाफी की मांग को लेकर अन्न त्याग आंदोलन तीसरे दिन भी जारी है. सरकार की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर कई इलाकों में किसानों का आक्रोश बढ़ता दिखा. खामगांव में उपविभागीय अधिकारी कार्यालय को जलाने की कोशिश, चिखली-संभाजीनगर मार्ग पर टायर जलाने और कीनगाव जट्टू में सरकारी बस में आग लगाने की घटना सामने आई. वहीं, तुपकर ने किसानों से शांति बनाए रखने की अपील की है. (इनपुट- जका बी. खान)
नई दिल्ली: बुधवार को निवेशकों की ज़्यादा सट्टेबाजी के कारण वायदा कारोबार में ग्वार सीड की कीमतें 27 रुपये बढ़कर 6,117 रुपये प्रति क्विंटल हो गईं. नेशनल कमोडिटी एंड डेरिवेटिव्स एक्सचेंज पर, जुलाई डिलीवरी के लिए ग्वार सीड के कॉन्ट्रैक्ट 27 रुपये या 0.44 प्रतिशत बढ़कर 6,117 रुपये प्रति क्विंटल हो गए, जिसमें ओपन इंटरेस्ट 65,390 लॉट रहा. बाज़ार के जानकारों का कहना है कि स्पॉट कीमतों में गिरावट के बावजूद निवेशकों की ज़्यादा सट्टेबाजी ने वायदा कारोबार में ग्वार सीड की कीमतों को सहारा दिया. (PTI)
नई दिल्ली: बुधवार को फ़्यूचर्स ट्रेडिंग में कॉटनसीड ऑयल केक की कीमतें 1 रुपये गिरकर 3,660 रुपये प्रति क्विंटल हो गईं. स्पॉट मार्केट में कमजोर रुझान के बाद ट्रेडर्स ने अपनी होल्डिंग्स कम कर दीं, जिससे कीमतों में गिरावट आई. नेशनल कमोडिटी एंड डेरिवेटिव्स एक्सचेंज पर, जुलाई डिलीवरी के लिए कॉटनसीड ऑयल केक का कारोबार 1 रुपये या 0.03 प्रतिशत गिरकर 3,660 रुपये प्रति क्विंटल पर हुआ, जिसमें ओपन इंटरेस्ट 52,810 लॉट था. जानकारों का कहना है कि बाजार में सुस्त रुझान के बीच मौजूदा स्तरों पर ट्रेडर्स की बिकवाली का असर कॉटनसीड ऑयल केक की कीमतों पर पड़ा. (पीटीआई)
New Delhi: ITOTY 2026 Awards: Finance & Agri Credit Category Updates
बेस्ट डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन इन फाइनेंस 2026 का पुरस्कार Mahindra & Mahindra Financial Services Mahindra & Mahindra Financial Services को प्रदान किया गया. कंपनी को कृषि एवं ग्रामीण वित्त क्षेत्र में डिजिटल सेवाओं और तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने के लिए सम्मानित किया गया. फास्टेस्ट ग्रोइंग ट्रैक्टर फाइनेंस इंस्टीट्यूशन 2026 की श्रेणी में Axis Bank Axis Bank और Bajaj Finance Ltd. Bajaj Finance Ltd. संयुक्त विजेता रहे. दोनों संस्थानों ने ट्रैक्टर वित्तपोषण के क्षेत्र में तेज़ी से विस्तार और किसानों तक बेहतर पहुंच बनाने के लिए यह सम्मान हासिल किया.
इनोवेटिव ट्रैक्टर फाइनेंसिंग सॉल्यूशंस 2026 का पुरस्कार TVS Credit TVS Credit को दिया गया. कंपनी को किसानों के लिए आसान, लचीले और तकनीक-आधारित वित्तीय समाधान विकसित करने के लिए सम्मानित किया गया. बेस्ट प्री-ओन्ड ट्रैक्टर फाइनेंस इंस्टीट्यूशन 2026 की श्रेणी में RBL Bank RBL Bank और HDB Financial Services HDB Financial Services को सम्मानित किया गया. दोनों संस्थानों ने सेकेंड-हैंड ट्रैक्टर फाइनेंसिंग को बढ़ावा देने और किसानों को सुलभ लोन सुविधाएं उपलब्ध कराने में उल्लेखनीय योगदान दिया. (इनपुट- स्वयं प्रकाश)
नई दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में क्रॉप रेजिड्यू मैनेजमेंट मशीनरी ऑफ द ईयर 2026 का पुरस्कार New Holland Agriculture Big Baler BB890 Plus को दिया गया. यह मशीन फसल अवशेष प्रबंधन के क्षेत्र में अपनी दक्षता और उन्नत तकनीक के लिए जानी जाती है.
स्मार्ट फार्म मशीनरी ऑफ द ईयर 2026 का खिताब Maschio Gaspardo Suprema Round Baler ने अपने नाम किया. यह मशीन आधुनिक स्मार्ट फार्मिंग समाधान और बेहतर बेलिंग तकनीक के लिए सम्मानित की गई.
रोटावेटर ऑफ द ईयर 2026 का पुरस्कार Shaktiman Regular Plus Rotary Tiller को मिला. यह मशीन किसानों के बीच अपनी मजबूती, प्रदर्शन और विश्वसनीयता के लिए लोकप्रिय है.
इम्प्लीमेंट ऑफ द ईयर 2026 की श्रेणी में संयुक्त विजेता रहे Sonalika Rotary Weeder और Mahindra Dhartimitra Round Baler दोनों मशीनों को कृषि कार्यों में नवाचार और उपयोगिता के लिए सम्मानित किया गया.
इम्प्लीमेंट मैन्युफैक्चरर ऑफ द ईयर 2026 का प्रतिष्ठित सम्मान Shaktiman Shaktiman को मिला. कंपनी ने कृषि उपकरण निर्माण के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए यह उपलब्धि हासिल की.
ट्रैक्टर मैन्युफैक्चरर ऑफ द ईयर 2026 का बड़ा पुरस्कार TAFE Tractors Ltd. TAFE Tractors Ltd. के नाम रहा. कंपनी को भारतीय ट्रैक्टर उद्योग में उत्कृष्ट प्रदर्शन, नवाचार और किसानों के बीच मजबूत भरोसे के लिए सम्मानित किया गया.(स्वयं प्रकाश का इनपुट)

एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि कश्मीर में अगले हफ़्ते होने वाली सालाना 'मेला खीर भवानी यात्रा' के लिए 7,000 से ज़्यादा श्रद्धालुओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है. इनमें ज़्यादातर जम्मू में रहने वाले विस्थापित कश्मीरी पंडित हैं. अधिकारियों ने मध्य कश्मीर के गांदरबल ज़िले के तुलमुल्ला में स्थित पवित्र मंदिर तक यात्रा को सुचारू रूप से आयोजित करने के लिए सुरक्षा और लॉजिस्टिक्स के व्यापक इंतज़ाम किए हैं. जम्मू के डिविज़नल कमिश्नर रमेश कुमार ने मंगलवार को सालाना 'खीर भवानी मेला यात्रा' के इंतज़ामों की समीक्षा के लिए एक बैठक की अध्यक्षता की. यह यात्रा 20 जून को जम्मू के नगरोटा से शुरू होगी. एक आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि सालाना यात्रा के लिए लगभग 7,000 श्रद्धालुओं ने रजिस्ट्रेशन कराया है और वे 22 जून को आयोजित होने वाले मेले में शामिल होंगे. (पीटीआई)
यह गढ़वा जिले के चिनियां वन क्षेत्र की तस्वीर है, जहां वन विभाग की एक पहल से जंगल और इंसानों के बीच टकराव कम होता दिख रहा है. जंगली हाथियों के बढ़ते आतंक और मानव-वन्यजीव संघर्ष को देखते हुए विभाग ने जंगल के बीच छोटा डैम बनाया और आसपास फलदार पौधे लगाए. अब जानवरों को जंगल में ही पानी और भोजन मिलने लगा है, जिससे वे रिहायशी इलाकों की ओर कम आ रहे हैं. डीएफओ एबीन बेनी अब्राहम के मुताबिक, इस पहल के बाद घटनाओं में कमी आई है और जिले के अन्य क्षेत्रों में भी ऐसे काम किए जा रहे हैं. (इनपुट- चंदन कुमार कश्यप)
नई दिल्ली: बुधवार को दिल्ली में न्यूनतम तापमान 23.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया और मौसम विभाग ने बारिश के साथ आंधी-तूफान का अनुमान जताया है. सफदरजंग में सुबह 8.30 बजे तक पिछले 24 घंटों में 3 मिमी बारिश दर्ज की गई. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है. (पीटीआई)
राजस्थान के जैसलमेर शहर और सीमावर्ती रामगढ़, मोहनगढ़, फतेहगढ़, चांधन व देवीकोट क्षेत्रों में तेज आंधी, गड़गड़ाहट और बारिश हुई. कई जगह बिजली के पोल और बोर्ड गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई. रेतीले तूफान से नहरी पानी की सप्लाई भी प्रभावित हुई. किसानों की फसलों और कच्चे घरों को नुकसान पहुंचा, जबकि भीषण गर्मी के बीच बिजली-पानी ठप होने से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी.
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