Agriculture Live Blogमॉनसून की विदाई के साथ ही अब उत्तर भारत में सर्दियों का मौसम शुरू होने को है. लेकिन उससे पहले उमस और गर्मी लोगों को परेशान कर रही है. महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और कुछ और राज्यों में भारी बारिश का दौर जारी है. मौसम विभाग (आईएमडी) ने इस बार भीषण सर्दी को लेकर अलर्ट किया है. मौसम विभाग (IMD) का कहना है कि मॉनसून के बाद अब देश के उत्तरी राज्य इस साल पड़ने वाली भीषण सर्दी के लिए खुद को तैयार कर लें. मौसम अपडेट्स के साथ-साथ आप यहां किसानों के लिए सरकारी योजनाओं के फायदे और कृषि से जुड़ी अहम खबरें भी पढ़ सकते हैं.
केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज पंजाब प्रवास के दौरान ग्राम नूरपुर बेट, लुधियाना में किसानों से चौपाल पर चर्चा की, कृषि यंज्ञों का प्रदर्शन देखा और डोराहा गांव में "समन्यु हनी" मधुमक्खी पालन केंद्र का अवलोकन किया. इस अवसर पर कृषि मंत्री ने धान की कटाई के लिए एसएसएमएस फिटेड कंबाइन हार्वेस्टर और गेहूं की बुआई के लिए हैप्पी स्मार्ट सीडर मशीन का लाइव डेमो देखा.
मीडिया से बातचीत करते हुए चौहान ने कहा कि नूरपुर ऐसा गांव है जहां साल 2017 से पराली नहीं जलाई जाती. किसानों ने यहां पराली के उचित प्रबंधन का निर्णय लिया है. उन्होंने कहा कि कंबाइन को चलाने के बाद पराली का बड़ा हिस्सा खेत में ही फैल कर बिखर जाता है, इकट्ठा नहीं होता. इसी तरह स्मार्ट सीडर से सीधे सीडिंग भी उत्कृष्ट तकनीक है. यह एक तरफ पराली ढकता है और दूसरी ओर इसका सिस्टम मिट्टी और दानें को कॉम्पेक्ट कर लेता है। श्री चौहान ने कहा कि मशीनों के इस्तेमाल से किसानों के श्रम, धन और समय की अत्यधिक बचत होती है.
UP में दीपावली व छठ पर्व पर चलेंगी अतिरिक्त बसें, हर यात्री की यात्रा होगी सुरक्षित और सुगम
पर्व अवधि में अतिरिक्त बसें, चालकों को प्रोत्साहन राशि और सख्त निगरानी से सुनिश्चित होगी व्यवस्था
18 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक प्रोत्साहन अवधि घोषित, अधिकतम बस संचालन और यात्रियों की सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश
दिल्ली से पूर्वी यूपी के यात्रियों के लिए लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी, अयोध्या, कानपुर सहित प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त बसें चलेंगी
गाजियाबाद, मेरठ, मुरादाबाद, बरेली, सहारनपुर, आगरा, अलीगढ़ और इटावा के लिए भी बसों की संख्या बढ़ाई जाएगी
छठ पर्व के दौरान पूर्वांचल के लाखों लोगों का घर वापसी सफर बिना किसी असुविधा के पूरा हो, यह सरकार की प्राथमिकता होगी.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई. मंत्रि-परिषद द्वारा प्रमुख कोदो-कुटकी उत्पादक जिलों के कृषकों से पहली बार कोदो-कुटकी उपार्जन का किये जाने का निर्णय लिया, जिससे अधिक से अधिक जनजातीय कृषकों को फायदा होगा. इस के लिए रानी दुर्गावती श्रीअन्न प्रोत्साहन योजना अंतर्गत प्रमुख कोदो-कुटकी उत्पादक जिलों जबलपुर, कटनी, मण्डला, डिंडोरी, छिंदवाडा, शहडोल, अनुपपुर, उमरिया, रीवा, सीधी एवं सिंगरौली के कृषकों से कोदो-कुटकी का उपार्जन किया जायेगा. साथ ही अन्य जिलों से मांग आने पर उन जिले के कृषकों से भी उपार्जन किये जाने पर विचार किया जायेगा.
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू की उपस्थिति में नूरपुर बेट गांव (लुधियाना) में फसल अवशेष प्रबंधन पर एक लाइव प्रदर्शन आयोजित किया गया, जिसमें हैप्पी सीडर, स्मार्ट सीडर, सुपर सीडर और सुपर- एसएमएस जैसी तकनीकों का प्रदर्शन किया गया.
नई दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण मंगलवार से कर्नाटक के चार दिवसीय दौरे पर आएंगी, इस दौरान वह किसान प्रशिक्षण केंद्रों और कृषि प्रसंस्करण के लिए सीपीसी का उद्घाटन करेंगी. सीतारमण के कार्यालय द्वारा किए गए एक ट्वीट के अनुसार, अपनी यात्रा के दौरान, मंत्री प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना (पीएमआईएस) के तहत शामिल हुए युवाओं से भी बातचीत करेंगी. राज्यसभा में कर्नाटक का प्रतिनिधित्व करने वाली सीतारमण चिलावदगी गाँव में मुरमुरे की एक एमएसएमई इकाई का भी दौरा करेंगी. (पीटीआई)
कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान पंजाब पहुंचे हैं और यहां पर उन्होंने किसानों को सलाम किया है. उन्होंने कहा, मैं, इस पंजाब की धरती को बारंबार प्रणाम करता हूं और जब मैं कहता हूं तो दिल से कहता हूं, यह वो धरती है जब भी देश के दुश्मनों ने हमला किया तो सबसे पहले उस वार को अपने सीने पर झेलने वाला पंजाब रहा है.हमेशा देश की सीमाओं की सुरक्षा करने वाला जय जवान तो रहा ही, लेकिन जय किसान भी अगर कोई रहा तो पंजाब ही रहा, एक जमाना था जब अमेरिका का लाल पीएल 480 गेहूं खाते थे, भरपूर फसल नहीं होती थी देश को बाहर से मंगाना पड़ता था. हमारे एक प्रधानमंत्री ऐसे हुए थे, जिन्होंने कहा था हफ्ते में एक दिन खाओ ही नहीं, व्रत रखो क्योंकि उस समय उतना होता ही नहीं था लेकिन पंजाब के जमींदारों को, किसान भाइयों और बहनों को मैं बारंबार प्रणाम करता हूं, जिन्होंने देश के अन्न के भंडार भर दिए. देश में, बाद में कृषि क्रांति हुई. सबसे पहले कृषि क्रांति करने वाला यह पंजाब, पंजाब के जमींदार दिन और रात मेहनत करने वाले खून-पसीना एक करने वाले, सचमुच में कृषि भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और किसान उसकी आत्मा और पंजाब देश की खेती के प्राण है.
महाराष्ट्र कैबिनेट ने मंगलवार को अपनी बांस उद्योग नीति को मंजूरी दे दी. इसका मकसद 50,000 करोड़ रुपये का निवेश आकर्षित करना और 5 लाख से ज्यादा नौकरियों के मौके पैदा करना है. महाराष्ट्र बांस उद्योग नीति 2025 के तहत, राज्य भर में 15 समर्पित बांस क्लस्टर विकसित किए जाएंगे, जिसमें कार्बन क्रेडिट बाजार का लाभ उठाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा. नीति में बांस की खेती और प्रोसेसिंग इंडस्ट्री को बढ़ावा देने की कोशिशें की गई हैं. इससे किसानों को नकदी फसलों के बराबर पर्यावरण के अनुकूल और टिकाऊ आय का विकल्प मिल सके. आधिकारिक बयान में कहा गया है कि नीति का मकसद 50,000 करोड़ रुपये का निवेश आकर्षित करना और 10 वर्षों की अवधि में 5 लाख से अधिक रोजगार के अवसर पैदा करना है.
भारतीय जनता पार्टी ने मंगलवार को आगामी बिहार विधानसभा चुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों की पहली सूची की घोषणा की. पहली लिस्ट में डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा को क्रमशः तारापुर और लखीसराय विधानसभा क्षेत्र से मैदान में उतारा गया है. इसके अलावा सिवान से मंगल पांडेय को, बांकीपुर से मंत्री नितिन नवीन को, दीघा से संजीव चौरसिया को, दरभंगा से संजय सरावगी को, जमुई से श्रेयसी सिंह को, कुमरहार से अरुण सिंह की जगह संजय गुप्ता को, पटना साहिब से रत्नेश कुशवाहा को, दानापुर से राम कृपाल यादव को, भागलपुर से रोहित पांडेय को और गया से प्रेम कुमार को टिकट मिला है. वहीं इस बार नंद किशोर यादव का टिकट कट गया है.
भारतीय जनता पार्टी ने मंगलवार को आगामी बिहार विधानसभा चुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों की पहली सूची की घोषणा की, जिसमें डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा को क्रमशः तारापुर और लखीसराय विधानसभा क्षेत्र से मैदान में उतारा गया है. 243 सीटों वाली बिहार विधानसभा के लिए 6 और 11 नवंबर को दो चरणों में मतदान होगा और चुनाव के नतीजे 14 नवंबर को घोषित किए जाएंगे.
आंध्र प्रदेश के नागरिक आपूर्ति मंत्री एन मनोहर ने मंगलवार को कहा कि नागरिक आपूर्ति विभाग में बड़े सुधार लागू किए जा रहे हैं, जिनमें राशन चावल के अवैध परिवहन पर अंकुश लगाने और निगरानी तंत्र को मजबूत करने के लिए रैपिड किट की शुरुआत शामिल है.मंत्री ने कहा कि सरकार ने तस्करी नेटवर्क को रोकने और इसमें शामिल लोगों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए एक नई रणनीति तैयार की है. मनोहर ने कहा, 'नागरिक आपूर्ति विभाग में चल रहे सुधारों के तहत, हमने राशन चावल के अवैध परिवहन का तुरंत पता लगाने और उसे रोकने के लिए रैपिड किट शुरू की हैं.' उन्होंने कहा कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के माध्यम से आपूर्ति किए जाने वाले चावल की पहचान के लिए 700 मोबाइल रैपिड किट वितरित की गई हैं. इन किटों में पोटेशियम थायोसाइनाइड और हाइड्रोक्लोरिक एसिड के घोल होते हैं, जो फोर्टिफाइड राशन चावल को इस्तेमाल करने पर लाल कर देते हैं, जबकि साधारण चावल का रंग अपरिवर्तित रहता है. मंत्री ने बताया कि पहले अधिकारियों को नमूनों को जाँच के लिए प्रयोगशालाओं में भेजना पड़ता था, जिससे देरी होती थी. उन्होंने कहा, 'इन रैपिड किटों की मदद से, अधिकारी अब मौके पर ही जाँच कर सकते हैं और अवैध परिवहन करने वालों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई कर सकते हैं.'
दिवाली और छठ त्योहारों से पहले, पश्चिम रेलवे (डब्ल्यूआर) ने भीड़भाड़ से बचने के लिए अपने चार प्रमुख स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म टिकटों की बिक्री पर अस्थायी तौर पर रोक लगा दी है. पश्चिम रेलवे द्वारा सोमवार को जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि प्लेटफ़ॉर्म टिकटों की बिक्री पर यह प्रतिबंध 15 से 31 अक्टूबर तक मुंबई के बांद्रा टर्मिनस और गुजरात के वापी, उधना और सूरत स्टेशनों पर लागू रहेगा. गौरतलब है कि पिछले साल अक्टूबर में त्योहारी यात्रा सीज़न के दौरान, मुंबई के बांद्रा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन में चढ़ने की जल्दी में मची भगदड़ में नौ यात्री घायल हो गए थे. पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी विनीत अभिषेक ने बताया कि प्लेटफॉर्म टिकटों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने का उद्देश्य त्योहारों के दौरान होने वाली भीड़ के बीच स्टेशन परिसर में यात्रियों की सुचारू आवाजाही और सुरक्षा सुनिश्चित करना है. रिलीज में कहा गया है कि वरिष्ठ नागरिकों, महिला यात्रियों, दिव्यांगजनों, निरक्षर व्यक्तियों या विशेष देखभाल की आवश्यकता वाले व्यक्तियों की सहायता करने वाले व्यक्तियों जैसे वास्तविक मामलों में छूट दी जाएगी. पश्चिम रेलवे ने यात्रियों से अपनी यात्रा की योजना तदनुसार बनाने और सुरक्षित एवं व्यवस्थित भीड़ प्रबंधन के लिए रेलवे कर्मचारियों के साथ सहयोग करने की भी अपील की है.
पंजाब के मंत्री लाल चंद कटारूचक ने सोमवार को कहा कि केंद्रीय टीमें धान पर हाल की बारिश के प्रभाव का आकलन करने के लिए जल्द ही राज्य की मंडियों का दौरा करेंगी. खरड़ अनाज मंडी के अपने दौरे के दौरान, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री ने चल रहे खरीद कार्यों पर संतोष व्यक्त किया और चुनौतीपूर्ण मौसम के बावजूद सुचारू खरीद सुनिश्चित करने के लिए किसानों, एजेंसियों और अधिकारियों के प्रयासों की सराहना की. उन्होंने कहा कि पंजाब में अब तक 18 लाख मीट्रिक टन धान की आवक दर्ज की गई है, जिसमें से 17 लाख मीट्रिक टन की खरीद पहले ही हो चुकी है.एक बयान में, मंत्री ने आगे कहा कि खरीदे गए धान के बदले किसानों को 3,215 करोड़ रुपये का भुगतान जारी किया जा चुका है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के पास चालू खरीफ विपणन सत्र के लिए पहले से ही 27,000 करोड़ रुपये की नकद ऋण सीमा है. उन्होंने कहा, 'कुछ क्षेत्रों में फसलों को हुए खराब मौसम के नुकसान के बावजूद, पंजाब केंद्रीय पूल में 172 लाख मीट्रिक टन धान का योगदान करने का अपना लक्ष्य पूरा करेगा. पंजाब के किसान मौसम की चुनौतियों का बड़ी हिम्मत और दृढ़ता से सामना कर रहे हैं.'
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर उत्तर प्रदेश सरकार ने गोशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल शुरू की है. प्रदेश की सभी गोशालाओं को आर्थिक रूप से मजबूत करने के उद्देश्य से सरकार ने यह भी तय किया है कि प्रत्येक जनपद में एक आदर्श गोशाला स्थापित की जाएगी. इसे पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा. इसके तहत 'काऊ टूरिज्म' की संभावनाओं को भी तलाशा जाएगा, जिससे गोशालाएं न केवल आत्मनिर्भर बन सकें बल्कि स्थानीय लोगों को भी रोजगार और आय का साधन उपलब्ध हो सके. सरकार की मंशा है कि गाय से प्राप्त पदार्थों, गोबर, गोमूत्र, दूध, घी और मूत्रजनित उत्पादों के व्यावसायिक उपयोग को बढ़ावा देकर राज्य की गोशालाओं को आत्मनिर्भर बनाया जाए. इस दिशा में महिला स्वयं सहायता समूहों को भी जोड़ा जाएगा, ताकि स्थानीय स्तर पर गोबर से बने उत्पादों का उत्पादन और खरीद भी की जा सके. इसके तहत सरकार ने निर्देश दिए हैं कि दीपावली पर्व पर गाय के गोबर से बने दीपों, मूर्तियों और अन्य उत्पादों के उपयोग को बढ़ावा दिया जाए और इनके प्रचार-प्रसार के लिए जनमानस में जागरूकता अभियान चलाया जाए.
हरियाणा में बाढ़ से किसानों को हुए भारी नुकसान को लेकर आम आदमी पार्टी बीजेपी सरकार और मुख्यमंत्री नायब सैनी पर हमलावर है. अब AAP के मीडिया प्रभारी ने हरियाणा सरकार पर निशाना साधा है और कहा कि अगर पंजाब में किसानों को 30 दिन में ₹20,000 प्रति एकड़ मुआवजा दिया जा सकता है तो हरियाणा में ऐसा क्यों नहीं हो सकता?.AAP के मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने बताया कि हरियाणा में बाढ़ ने 5.30 लाख किसान, 6,395 गांवों और करीब 31 लाख एकड़ कृषि भूमि को प्रभावित किया. इसके बावजूद किसानों को आज तक एक रुपये मुआवजा नहीं मिला. उन्होंने खुलासा किया कि 8 जिलों में 15,834 एकड़ जमीन की गिरदावरी का काम अभी तक अधूरा है.
राष्ट्रीय राजधानी में मंगलवार सुबह एयर क्वालिटी खराब श्रेणी में दर्ज की गई जिसका एक्यूआई 201 दर्ज किया गया. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, न्यूनतम तापमान सामान्य से 0.6 डिग्री कम 19 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है, मौसम विभाग ने आसमान साफ रहने का अनुमान जताया है. आईएमडी ने बताया कि सुबह 8.30 बजे सापेक्षिक आर्द्रता 85 प्रतिशत रही. सीपीसीबी के अनुसार, शून्य से 50 के बीच एक्यूआई को 'अच्छा', 51 से 100 के बीच 'संतोषजनक', 101 से 200 के बीच 'मध्यम', 201 से 300 के बीच 'खराब', 301 से 400 के बीच 'बहुत खराब' और 401 से 500 के बीच 'गंभीर' माना जाता है.
पिछले दिनों पंजाब ने खतरनाक बाढ़ का सामना किया. सूबे में आई तबाही से लाखों एकड़ जमीन और फसलें बर्बाद हो गईं. पंजाब सरकार ने पीड़ितों की मदद करने के लिए जमीनी स्तर पर कई तरह का काम शुरू किया. मुख्यमंत्री भगवंत मान ने गिरदावरी शुरू करवाई और पीड़ित अवाम को मुआवज़ा मुहैया करवाया. 11 सितंबर को विशेष गिरदावरी की घोषणा हुई और 45 दिनों में पूरा करने का लक्ष्य तय किया गया. पंजाब में 2,508 गांवों में फसल का नुकसान हुआ, करीब 3.5 लाख एकड़ खेती योग्य जमीन बर्बाद हुई. राज्य सरकार ने किसानों को ₹20,000 प्रति एकड़ मुआवज़ा देना शुरू किया. खुद सीएम भगवंत मान ने सोशल मीडिया पर इस बात का ऐलान किया है.
महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को राज्य सड़क परिवहन निगम (एमएसआरटीसी) के करीब 85,000 कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए 6,000 रुपये दिवाली बोनस की घोषणा की. इसके बाद उनके संघ ने अपना प्रस्तावित आंदोलन स्थगित कर दिया.अधिकारियों ने बताया कि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और एमएसआरटीसी कर्मचारी संघों की कार्य समिति के प्रतिनिधियों के बीच हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया. शिंदे ने कहा कि योग्य कर्मचारियों को 12,500 रुपये दिवाली एडवांस दिया जाएगा, जबकि सरकार वेतन में बदलाव से पैदा बकाया राशि का भुगतान करने के लिए राज्य द्वारा संचालित निगम को हर महीने 65 करोड़ रुपये प्रदान करेगी. उन्होंने कहा, 'जिस तरह सरकार किसानों के साथ मजबूती से खड़ी है, उसी तरह हमने राज्य सड़क परिवहन निगम के कर्मचारियों के लिए भी दिवाली को और भी मधुर बनाने का फैसला किया है.' एमएसआरटीसी के अध्यक्ष और परिवहन मंत्री प्रताप सरनाइक ने कहा कि सरकार ने दिवाली बोनस के लिए लगभग 51 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं.बैठक में वरिष्ठ नौकरशाह और एमएसआरटीसी के प्रबंध निदेशक डॉ. माधव कुसेकर उपस्थित थे.
मौसम विभाग (IMD) ने पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में बंगाल, बिहार, झारखंड और ओडिशा में तेज बारिश की आशंका जताई है. आईएमडी के अनुसार 15 से 17 अक्टूबर को कोलकाता और पटना जैसे शहरों में 50-70 मिमी बारिश रिकॉर्ड हो सकती है जो बाढ़ की स्थिति पैदा कर सकती है. वहीं 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की भविष्यवाणी भी आईएमडी की तरफ से की गई है. असम और मेघालय में भारी वर्षा से नदियां उफान पर आ सकती हैं. यात्रा करने वालों को सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि हवाई और रेल सेवाओं पर असर पड़ सकता है.
भारतीय मौसम विभाग ने सोमवार को कहा कि मेघालय से दक्षिण-पश्चिम मानसून की 14 अक्टूबर तक पूरी तरह से वापसी होने की उम्मीद है. इसके अनुसार, राज्य में 2025 में हाल के वर्षों में सबसे कम बारिश वाला मानसून मौसम दर्ज किया गया. आईएमडी के आंकड़ों के अनुसार, मेघालय में देश में सबसे अधिक वर्षा की कमी दर्ज की गई, जो सामान्य से लगभग 56 प्रतिशत कम है.1 जून से 28 जुलाई के बीच, मेघालय में सामान्य 1,555.4 मिमी बारिश के मुकाबले केवल 690.7 मिमी बारिश हुई. पूरे जून-सितंबर की अवधि में, राज्य में लगभग 45 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई, जिसमें सामान्य 2,401.4 मिमी बारिश के मुकाबले 1,328.5 मिमी बारिश हुई.मौसम विज्ञानियों ने इस विसंगति के लिए मानसून की गतिशीलता में बदलाव और नमी के कमजोर प्रवाह को ज़िम्मेदार ठहराया है, जिससे कृषि, जल उपलब्धता और स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं. राज्य सरकार के अधिकारियों ने बताया कि सभी संबंधित कार्यालयों और विभागों को मानसून की वापसी पर ध्यान देने और शुष्क मौसम की स्थिति के लिए तैयार रहने के लिए सूचित कर दिया गया है.
उत्तर भारत के राज्यों में लगातार कम तापमान दर्ज हो रहा है. पंजाब से सटे हरियाणा में भी 13 अक्टूबर को जनता ने ठंड का अहसास किया. चंडीगढ़ स्थित मौसम केंद्र के अनुसार अंबाला में अधिकतम तापमान 32.5 डिग्री रिकॉर्ड किया गया. वहीं हिसार सबसे ठंड रहा जहां पर न्यूनतम तापमान 16.7 डिग्री रिकॉर्ड किया.
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