पंजाब में बारिश और मानसा इलाके में ओलावृष्टि से धान किसानों की चिंता बढ़ गई है. संगरूर की भुल्लरहेड़ी मंडी में खुले आसमान के नीचे रखा धान बारिश में भीग गया. किसानों का कहना है कि खेतों और मंडियों में पानी भरने से कटाई, फसल की गुणवत्ता और सरकारी खरीद प्रभावित होने की आशंका है.
पंजाब के फरीदकोट जिले में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने भारी तबाही मचाई है. करीब 19 हजार एकड़ धान और बासमती की फसल प्रभावित हुई है. चक्क कल्याण गांव में शेड गिरने से एक किसान की मौत हो गई, जबकि दो राइस मिलों को करोड़ों रुपये का नुकसान पहुंचा है. किसान सरकार से जल्द गिरदावरी और मुआवजे की मांग कर रहे हैं.
पंजाब के फाजिल्का अनाज मंडी में बारिश के बाद करीब तीन फीट तक पानी भर गया, जिससे खुले में रखी धान की फसल को भारी नुकसान हुआ. किसान नाव के जरिए मंडी में फसल के नुकसान का जायजा लेने पहुंचे. आढ़ती यूनियन के अध्यक्ष गोल्डी सचदेवा ने कहा कि प्रशासन को 8-10 बार पानी की निकासी के लिए कहा गया था.
पंजाब के फाजिल्का की अनाज मंडी में लगातार बारिश से धान की फसल को भारी नुकसान हुआ है. मंडी में ढाई से तीन फीट तक पानी भरने से खुले में रखी धान की ढेरियां डूब गईं और दाने पानी में बहने लगे.
पंजाब में बिजली संकट और अघोषित कटौती को लेकर विपक्ष के हमले के बीच राज्य सरकार ने PSPCL के CMD बसंत गर्ग का तबादला कर दिया है. उनकी जगह प्रमुख सचिव गुरकीरत कृपाल सिंह को नया CMD नियुक्त किया गया है.
पंजाब में गन्ने का रकबा बढ़कर 1.16 लाख हेक्टेयर हो गया है. सरकार ने 2026-27 सीजन में 700 लाख क्विंटल उत्पादन का लक्ष्य रखा है. वहीं, राज्य के कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां ने गन्ने की खेती को लेकर मशीनीकरण और सब्सिडी योजना पर जानकारी दी है.
पंजाब में बिजली संकट के बीच मालवा क्षेत्र के धान किसानों को सिंचाई के लिए अनियमित बिजली आपूर्ति का सामना करना पड़ रहा है. किसान संगठनों ने बिजली कटौती और सप्लाई शेड्यूल की जानकारी नहीं मिलने पर नाराजगी जताई है.
पंजाब सरकार ने रूपनगर जिले के नूरपुर बेदी ब्लॉक में 650 करोड़ रुपये की लिफ्ट इरिगेशन परियोजना शुरू की है. इस योजना के तहत 102 गांवों तक चरणबद्ध तरीके से सतलुज का पानी पहुंचाया जाएगा. पहले चरण में 9 गांवों की 2,785 एकड़ कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा मिलेगी.
पंजाब सरकार ने धान सीजन से पहले नहरों में 21 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा है. मुख्यमंत्री भगवंत मान ने किसानों से ट्यूबवेल पर निर्भरता कम करने की अपील की है. सरकार का कहना है कि इस कदम से सिंचाई आसान होगी और भूजल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा.
पंजाब में गेहूं खरीद ने अचानक रफ्तार पकड़ ली है. गुणवत्ता मानकों में ढील मिलने के बाद सिर्फ पांच दिनों में खरीद कई गुना बढ़ गई. सांसद ने मंडियों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और किसानों से बातचीत कर मौजूदा हालात को समझा.
Punjab के Fazilka जिले में गेहूं खरीद में देरी को लेकर किसानों में नाराजगी बढ़ रही है. मंडियों में लाखों बोरियां नीलामी का इंतजार कर रही हैं, जबकि न्यूनतम समर्थन मूल्य (Minimum Support Price) पर खरीद धीमी गति से चल रही है. PUNSUP द्वारा अब तक बहुत कम मात्रा में खरीद की गई है, वहीं नमी और खराब क्वालिटी को लेकर भी समस्या बनी हुई है.
Copyright©2026 Living Media India Limited. For reprint rights: Syndications Today